त्योहारों में ‘गोल्डन सीजन’: Moradabad मंडल की ट्रेनों में रिकॉर्ड भीड़, टिकट बिक्री से रेलवे की कमाई 49.34 करोड़ पहुंची🔥
दिवाली और छठ पूजा के दौरान रेलवे की बोगियों में यात्रियों की जबरदस्त भीड़ ने इस बार मुरादाबाद मंडल की कमाई में लाखों नहीं, करोड़ों की बरसात कर दी।
सिर्फ 15 दिनों में मंडल की 2250 ट्रेनों (जनरल + स्पेशल एक्सप्रेस) से रेलवे को ₹49.34 करोड़ की भारी-भरकम आय हुई है।
यह आंकड़ा पिछले साल की तुलना में ₹1.6 करोड़ अधिक है, जब मंडल ने टिकट बिक्री से ₹48.28 करोड़ कमाए थे।
त्योहारों के इस पीक सीजन में रेलवे को जिस तरह यात्रियों की भारी भीड़ मिली, उसने साफ कर दिया है कि Moradabad मंडल उत्तर भारत के सबसे व्यस्त और सबसे अधिक राजस्व देने वाले रेल नेटवर्क में शुमार हो चुका है।
📊पिछले साल बनाम इस साल—यात्रियों की संख्या में बड़ी छलांग
त्योहारों के दौरान यात्रियों की संख्या हर साल बढ़ती है, लेकिन इस बार रिकॉर्ड तोड़ बढ़ोतरी देखने को मिली।
➡ पिछले साल (26 अक्टूबर – 10 नवंबर):
कुल यात्री: 26.25 लाख
अवधि: 15 दिन
➡ इस साल (18 अक्टूबर – 2 नवंबर):
कुल यात्री: 28.02 लाख
अवधि: 15 दिन
अर्थात यात्रियों में 1.77 लाख की बढ़ोतरी
यह बढ़ोतरी मुख्यतः जनरल टिकट वाले यात्रियों की वजह से रही, जिन्होंने त्योहार पर घर पहुंचने के लिए भारी संख्या में ट्रेनों का रुख किया।
🌟सबसे ज्यादा यात्रियों वाले प्रमुख स्टेशन
त्योहारी उमड़ान के दौरान इन स्टेशनों पर सबसे ज्यादा भीड़ देखने को मिली—
मुरादाबाद
बरेली
हरिद्वार
देहरादून
हापुड़
शाहजहांपुर
नजीबाबाद
अमरोहा
इन स्टेशनों पर ट्रेनों की लगातार आवाजाही, प्लेटफॉर्म पर लंबी कतारें और टिकट विंडोज़ पर गहमागहमी आम दृश्य बने रहे।
🚆स्पेशल ट्रेनें अब भी दौड़ रही हैं—डिमांड बहुत ज्यादा
सीनियर डीसीएम आदित्य गुप्ता ने बताया कि—
“त्योहारों में जिन रूटों पर डिमांड सबसे ज्यादा रही, उन पर चलाई गई स्पेशल ट्रेनें अभी भी जारी हैं। यात्रियों की जरूरत देखते हुए कुछ स्पेशल ट्रेनों को ‘नियमित’ करने की योजना भी तैयार की जा रही है।”
इसका मतलब है कि मुरादाबाद मंडल में आने वाले महीनों में ट्रेन सुविधाओं में और बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है।
🛑मुरादाबाद जंक्शन पर भारी किलेबंदी—बिना टिकट वालों पर बड़ी कार्रवाई
भीड़ बढ़ने के साथ ही रेलवे ने टिकट चेकिंग अभियान और सख्ती बढ़ा दी।
गुरुवार को मुरादाबाद जंक्शन पर रेलवे ने किलेबंदी अभियान चलाया, जिसमें—
26 ट्रेनों की चेकिंग
21 टिकट चेकिंग स्टाफ + RPF की टीम शामिल
कामाख्या एक्सप्रेस, आला हजरत एक्सप्रेस, दुर्गियाना एक्सप्रेस और सरयू–यमुना एक्सप्रेस जैसे बड़े रूटों की जांच
कार्रवाई के आंकड़े:
88 बिना टिकट यात्री → जुर्माना: ₹47,000
282 अनियमित यात्री (जनरल टिकट लेकर रिज़र्व बोगी में बैठे) → जुर्माना: ₹1.25 लाख
3 लोग ट्रेन/स्टेशन में गंदगी फैलाते पकड़े गए → जुर्माना: ₹500
कुल वसूली: ₹1.72 लाख
रेलवे ने साफ संदेश दिया है कि त्योहारों के दौरान अनधिकृत यात्रा किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
📝यात्रियों से अपील—“टिकट लेकर ही यात्रा करें”
सीनियर डीसीएम आदित्य गुप्ता ने यात्रियों से कहा—
“कृपया टिकट लेकर ही यात्रा करें। जिस श्रेणी के टिकट पर यात्रा कर रहे हैं, उसी कोच में बैठें। त्योहारों के दौरान सुरक्षा और व्यवस्था बनाए रखना जरूरी है।” इस अपील का उद्देश्य भीड़भाड़ में यात्रियों की सुरक्षा और व्यवस्था सुनिश्चित करना है।
🌟त्योहारों में रेल का ‘रिकॉर्ड सीजन’
मुरादाबाद मंडल का यह रेवेन्यू रिकॉर्ड यह दिखाता है कि—
भारतीय रेलवे त्योहारों के दौरान यात्रियों की जरूरत को बखूबी पूरा कर रहा है
स्पेशल ट्रेनों का चलना बेहद प्रभावी साबित हुआ
मुरादाबाद जैसे बड़े मंडल रेलवे के लिए आर्थिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण हो चुके हैं
त्योहारों पर घर जाने वालों की भावनाएं, भीड़भाड़, ट्रेनों की रफ्तार और रेलवे की कमाई—सब मिलकर एक ऐतिहासिक सीजन का निर्माण करती हैं।

