Muzaffarnagar जानसठ में बैंक चोरी का 24 घंटे में खुलासा: पुलिस मुठभेड़ में शातिर चोर गिरफ्तार, यूनियन बैंक से चोरी हुए ₹4.17 लाख बरामद
जानसठ बैंक चोरी मामले में Muzaffarnagar पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। थाना जानसठ पुलिस और एसओजी देहात टीम ने तिसंग स्थित यूनियन बैंक शाखा में हुई लाखों रुपये की चोरी की घटना का मात्र 24 घंटे के भीतर सफल अनावरण करते हुए एक शातिर चोर को पुलिस मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के अनुसार आरोपी के कब्जे से चोरी की गई पूरी रकम, अवैध हथियार, घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल और चोरी में इस्तेमाल की गई लोहे की रॉड बरामद की गई है।
यह कार्रवाई जनपद में अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत की गई, जिसकी जिलेभर में चर्चा हो रही है। पुलिस का दावा है कि इस मामले में शत-प्रतिशत बरामदगी कर ली गई है, जो जांच और कार्रवाई की प्रभावशीलता को दर्शाती है।
यूनियन बैंक की दीवार काटकर की गई थी लाखों की चोरी
जानकारी के अनुसार 15 जून को ग्राम तिसंग स्थित यूनियन बैंक शाखा के प्रबंधक अजय प्रताप सिंह ने थाना जानसठ में लिखित शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया कि रात के समय अज्ञात चोर बैंक की दीवार काटकर अंदर घुस गया और नकदी चोरी कर फरार हो गया।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। बैंक में चोरी जैसी गंभीर घटना को देखते हुए तत्काल मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई। थाना जानसठ पुलिस ने संबंधित धाराओं में मामला पंजीकृत कर विशेष टीमों का गठन किया।
घटना के बाद बैंक ग्राहकों और स्थानीय लोगों में भी सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई थी। ऐसे में पुलिस के सामने जल्द से जल्द घटना का खुलासा करने की चुनौती थी।
सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी जांच से पुलिस को मिली अहम सफलता
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने पारंपरिक जांच के साथ-साथ तकनीकी संसाधनों का भी उपयोग किया। बैंक परिसर और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई। इसके अलावा संदिग्ध गतिविधियों और संभावित मार्गों का विश्लेषण भी किया गया।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार विभिन्न साक्ष्यों और तकनीकी जानकारी के आधार पर संदिग्ध की पहचान की गई। इसके बाद थाना जानसठ और एसओजी देहात की संयुक्त टीम लगातार उसकी तलाश में जुटी हुई थी।
मन्तौडी पुलिया पर चेकिंग के दौरान हुआ सामना
घटना के खुलासे के लिए गठित टीम संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की जांच कर रही थी। इसी दौरान मन्तौडी पुलिया क्षेत्र में एक मोटरसाइकिल सवार संदिग्ध युवक दिखाई दिया।
पुलिस ने उसे रुकने का इशारा किया, लेकिन वह चेकिंग से बचने के लिए तेजी से मोटरसाइकिल मोड़कर भागने लगा। संदिग्ध गतिविधि को देखते हुए पुलिस टीम ने उसका पीछा शुरू कर दिया।
कुछ दूरी पर पहुंचने के बाद आरोपी की मोटरसाइकिल अनियंत्रित होकर फिसल गई। इसके बाद आरोपी वाहन छोड़कर खेतों की ओर भागने लगा।
पुलिस पर फायरिंग का आरोप, जवाबी कार्रवाई में आरोपी घायल
पुलिस के अनुसार भागते समय आरोपी ने पुलिस टीम पर जान से मारने की नीयत से फायरिंग कर दी। अचानक हुई फायरिंग से पुलिस कर्मी बाल-बाल बच गए।
इसके बाद पुलिस ने क्षेत्र की घेराबंदी की और आरोपी को आत्मसमर्पण करने के लिए चेतावनी दी। आरोप है कि आरोपी द्वारा फायरिंग जारी रखने पर पुलिस ने आत्मरक्षा में नियंत्रित जवाबी कार्रवाई की।
जवाबी कार्रवाई के दौरान आरोपी घायल हो गया, जिसके बाद उसे मौके से गिरफ्तार कर लिया गया। घायल अवस्था में उसे तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उसका उपचार कराया जा रहा है।
चोरी की पूरी रकम बरामद, पुलिस ने किया बड़ा दावा
गिरफ्तारी के बाद आरोपी की निशानदेही और तलाशी के दौरान पुलिस ने बैंक से चोरी किए गए कुल 4 लाख 17 हजार 500 रुपये बरामद कर लिए। पुलिस के अनुसार यह चोरी की गई पूरी रकम है और मामले में शत-प्रतिशत रिकवरी की गई है।
इसके अलावा आरोपी के कब्जे से एक अवैध तमंचा 315 बोर, एक जिंदा कारतूस, एक खोखा कारतूस, चोरी में प्रयुक्त लोहे की रॉड और घटना में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिल भी बरामद की गई।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इतनी कम अवधि में घटना का खुलासा और संपूर्ण बरामदगी पुलिस टीम की सतर्कता और समन्वित प्रयासों का परिणाम है।
कौन है गिरफ्तार आरोपी?
पुलिस द्वारा गिरफ्तार आरोपी की पहचान नीरज उर्फ भट्टड़ पुत्र सुभाष निवासी ग्राम बुआड़ा कला, थाना खतौली, जनपद मुजफ्फरनगर के रूप में हुई है।
पुलिस अब आरोपी के आपराधिक इतिहास की भी जांच कर रही है। साथ ही यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि क्या वह पहले भी इसी प्रकार की घटनाओं में शामिल रहा है या किसी बड़े गिरोह से उसका संबंध रहा है।
वरिष्ठ अधिकारियों की निगरानी में चली पूरी कार्रवाई
यह कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय कुमार वर्मा के निर्देशन में चलाए जा रहे विशेष अभियान के अंतर्गत की गई। पुलिस अधीक्षक ग्रामीण अक्षय संजय महाडीक के निकट पर्यवेक्षण में क्षेत्राधिकारी जानसठ ऋषिका सिंह, थाना प्रभारी विनोद कुमार और एसओजी देहात प्रभारी मोहित चौधरी के नेतृत्व में संयुक्त टीम ने अभियान को अंजाम दिया।
अधिकारियों का कहना है कि जनपद में चोरी, लूट और संगठित अपराधों के विरुद्ध विशेष अभियान लगातार जारी रहेगा तथा अपराधियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस टीम की भूमिका रही अहम
घटना के सफल अनावरण में थाना जानसठ और एसओजी देहात की संयुक्त टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। अभियान में प्रभारी निरीक्षक विनोद कुमार, उपनिरीक्षक दीपक शर्मा, उपनिरीक्षक विनोद कुमार, उपनिरीक्षक अक्षय कुमार, एसओजी प्रभारी मोहित चौधरी, हेड कांस्टेबल रोहताश कुमार, दीपक कुमार, कांस्टेबल प्रशांत सिरोही, ललित मोरल, अशफाक, अनुज कुमार, रोहित कुमार विधूड़ी और रवि चौहान शामिल रहे।
पुलिस विभाग के अनुसार टीम की सतर्कता और त्वरित कार्रवाई के कारण न केवल आरोपी की गिरफ्तारी संभव हुई, बल्कि चोरी की गई पूरी राशि भी बरामद कर ली गई।
जनपद में अपराधियों के खिलाफ लगातार जारी है अभियान
मुजफ्फरनगर पुलिस इन दिनों वांछित अपराधियों, चोरों और लुटेरों के विरुद्ध विशेष अभियान चला रही है। अधिकारियों का मानना है कि त्वरित कार्रवाई और अपराधियों की शीघ्र गिरफ्तारी से जनता का विश्वास मजबूत होता है और अपराधियों में कानून का भय पैदा होता है।
बैंक चोरी जैसी घटनाओं का जल्द खुलासा न केवल वित्तीय संस्थानों के लिए राहत का विषय है बल्कि आम नागरिकों को भी सुरक्षा का भरोसा देता है। पुलिस का कहना है कि जिले में कानून व्यवस्था को मजबूत बनाए रखने के लिए तकनीकी जांच, गश्त और निगरानी को और अधिक प्रभावी बनाया जा रहा है।

