कांवड़ यात्रा से पहले Muzaffarnagar खाद्य सुरक्षा विभाग की ‘अचानक’ जागी सक्रियता! अब छह टीमें करेंगी होटल-ढाबों की निगरानी, मिलावट और ओवररेटिंग पर होगी कार्रवाई
News-Desk
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उत्तर प्रदेश समाचार, एफएसडीए, ओवररेटिंग, कांवड़ यात्रा, खाद्य सुरक्षा विभाग, ढाबा निरीक्षण, फूड सेफ्टी कनेक्ट ऐप, मिलावट, मुजफ्फरनगर, शिवभक्त, होटल जांचकांवड़ यात्रा शुरू होते ही खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (एफएसडीए) Muzaffarnagar एक बार फिर पूरी तरह ‘अलर्ट मोड’ में नजर आने लगा है। विभाग ने सोमवार से पूरे कांवड़ मार्ग को छह सेक्टरों में विभाजित कर प्रत्येक रूट पर एक-एक विशेष टीम तैनात कर दी है। इन टीमों को होटल, ढाबों, रेस्टोरेंट, मिठाई की दुकानों और अन्य खाद्य प्रतिष्ठानों की नियमित जांच का जिम्मा सौंपा गया है।
हालांकि, इस कार्रवाई के बीच स्थानीय लोगों में यह चर्चा भी सुनाई दे रही है कि यदि ऐसी ही सख्ती पूरे वर्ष बनी रहे, तो मिलावट, गंदगी और मनमानी वसूली जैसी शिकायतों पर पहले ही काफी हद तक अंकुश लगाया जा सकता है। हर बड़े धार्मिक आयोजन के दौरान विभाग की सक्रियता बढ़ना आम लोगों के बीच सवाल भी खड़े करता है कि क्या नियमित निगरानी व्यवस्था को और प्रभावी बनाने की जरूरत नहीं है? वहीं विभाग का कहना है कि कांवड़ यात्रा के दौरान करोड़ों श्रद्धालुओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसी उद्देश्य से विशेष अभियान चलाया जा रहा है।
छह रूट, छह विशेष टीमें, पूरे कांवड़ मार्ग पर रहेगी कड़ी निगरानी
खाद्य सुरक्षा विभाग ने कांवड़ यात्रा को देखते हुए पूरे यात्रा मार्ग को छह अलग-अलग रूटों में विभाजित किया है। प्रत्येक रूट पर एक विशेष निरीक्षण टीम तैनात की गई है, जो प्रतिदिन होटल, ढाबों, रेस्टोरेंट, चाय की दुकानों, मिठाई प्रतिष्ठानों और अन्य खाद्य व्यवसायियों का निरीक्षण करेगी।
टीमें खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता, साफ-सफाई, लाइसेंस, खाद्य सामग्री के भंडारण और निर्धारित मानकों के पालन की जांच करेंगी। इसके साथ ही खाद्य पदार्थों के नमूने भी आवश्यकता पड़ने पर जांच के लिए लिए जा सकते हैं।
सिर्फ मिलावट नहीं, ओवररेटिंग पर भी रहेगी नजर
खाद्य सुरक्षा अधिकारी अर्चना धीरान ने बताया कि इस बार विभाग का अभियान केवल मिलावटी खाद्य पदार्थों तक सीमित नहीं रहेगा।
निरीक्षण के दौरान विशेष रूप से इन बिंदुओं पर ध्यान दिया जाएगा—
- खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता
- स्वच्छता व्यवस्था
- निर्धारित रेट पर बिक्री
- लाइसेंस एवं पंजीकरण
- खाद्य सुरक्षा मानकों का पालन
- ताजा भोजन की उपलब्धता
उन्होंने बताया कि श्रद्धालुओं से मनमाने दाम वसूलने की शिकायतों को रोकने के लिए सभी प्रतिष्ठानों पर रेट लिस्ट प्रदर्शित करना अनिवार्य किया गया है।
QR कोड स्कैन कर जान सकेंगे होटल की पूरी जानकारी
इस बार विभाग ने डिजिटल निगरानी व्यवस्था को भी अभियान का हिस्सा बनाया है।
कांवड़ मार्ग पर स्थित खाद्य प्रतिष्ठानों पर Food Safety Connect App का QR कोड लगाया जा रहा है।
श्रद्धालु इस QR कोड को स्कैन कर—
- प्रतिष्ठान का पंजीकरण विवरण,
- लाइसेंस संबंधी जानकारी,
- और अन्य आवश्यक सूचनाएं
देख सकेंगे।
यदि किसी होटल या दुकान पर भोजन की गुणवत्ता, मिलावट, ओवररेटिंग या अन्य अनियमितता की शिकायत हो, तो उसी माध्यम से ऑनलाइन शिकायत भी दर्ज कराई जा सकेगी।
दुकानदारों को दिए गए सख्त निर्देश
खाद्य सुरक्षा विभाग ने सभी होटल और खाद्य प्रतिष्ठान संचालकों को कई महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए हैं।
इनमें प्रमुख रूप से—
- लाइसेंस एवं पंजीकरण प्रमाणपत्र प्रमुख स्थान पर प्रदर्शित करना।
- साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखना।
- केवल ताजा भोजन परोसना।
- बासी खाद्य सामग्री की बिक्री नहीं करना।
- प्रतिबंधित रंगों का प्रयोग नहीं करना।
- स्वच्छ बर्तनों का उपयोग करना।
- खाद्य सामग्री को निर्धारित तापमान पर सुरक्षित रखना।
अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि इन निर्देशों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित प्रतिष्ठानों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
नियम तोड़े तो होगी कानूनी कार्रवाई
खाद्य सुरक्षा अधिकारी ने कहा कि यदि निरीक्षण के दौरान कोई प्रतिष्ठान—
- मिलावटी खाद्य पदार्थ बेचता मिला,
- निर्धारित दरों से अधिक कीमत वसूलता पाया गया,
- या खाद्य सुरक्षा नियमों का उल्लंघन करता मिला,
तो उसके विरुद्ध खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
होटल संचालकों ने भी शुरू की तैयारियां
कांवड़ मार्ग पर स्थित एक होटल संचालक रोहित कुमार ने बताया कि खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम उनके प्रतिष्ठान का निरीक्षण कर चुकी है।
उन्होंने कहा कि विभाग के निर्देशों के अनुसार—
- रेट लिस्ट प्रदर्शित कर दी गई है।
- साफ-सफाई की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है।
- निर्धारित दरों पर ही खाद्य सामग्री उपलब्ध कराई जा रही है।
उनका कहना है कि कांवड़ यात्रा के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु आते हैं, इसलिए गुणवत्ता और सेवा दोनों का विशेष ध्यान रखा जा रहा है।
करोड़ों शिवभक्तों की सेवा के लिए प्रशासन की तैयारियां
हर वर्ष हरिद्वार से गंगाजल लेकर दिल्ली, हरियाणा, राजस्थान, मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों की ओर जाने वाले करोड़ों शिवभक्त मुजफ्फरनगर से होकर गुजरते हैं।
इसी कारण यह जिला कांवड़ यात्रा का सबसे महत्वपूर्ण पड़ाव माना जाता है। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के आगमन को देखते हुए जिला प्रशासन, पुलिस और विभिन्न विभागों के साथ खाद्य सुरक्षा विभाग भी विशेष अभियान चला रहा है, ताकि यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं को सुरक्षित, स्वच्छ और गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध कराया जा सके।

