बरसात के मौसम में बीमारियों से बचने के उपाय बताये
मुजफ्फनगर। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र चरथावल में आगंनबाड़ी एवं आशा कार्यकर्ताओं के माध्यम से एक कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें ग्रामीणों को बरसात के दिनों में होने बीमारियों के बारे में अवगत कराया गया, साथ ही परिवार नियोजन से संबंधित जानकारी दी गई। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र चरथावल के प्रभारी अधीक्षक डॉक्टर अशोक कटारिया ने ग्रामीणों से कहा कि बदलते मौसम में वह अपने घरों के आस-पास साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखें। उन्होंने कहा कि खाना बनाने और खाने से पहले साबुन से हाथ धोएं। किसी भी सामान्य बीमारी जैसे बुखार, खांसी, घुटनों में दर्द और हाथों में दर्द आदि में तुरंत योग्य चिकित्सक से सलाह लें और उपचार कराएं। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग द्वारा आयोजित कार्यक्रम में मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. अमिता गर्ग ने कहा कि हमारे समाज के लिए जनसंख्या वृद्धि की समस्या अत्यंत गंभीर है। इसके लिए सभी वर्गों के बुद्धिजीवी लोगों को आगे आने की जरूरत है।
जनसंख्या नियंत्रण के प्रति सभी एकजुट एवं एकमत होकर सामाजिक मुहिम चलाएं। उन्होंने कहा कि सामाजिक जीवन में अक्सर जो समस्या आगे आती हैं, उनका मूल कारण जनसंख्या वृद्धि ही है। उन्होंने कहा कि परिवार नियोजन एक जिम्मेदारी है। ये जिम्मेदारी अपने स्वास्थ्य और परिवार के प्रति होती है। दंपति को सरकार कई प्रकार के साधन उपलब्ध कराती है। ताकि वह अपनी स्थितियों और मर्जी के हिसाब से चुनाव कर सकें। इसमें स्थाई और अस्थाई दोनों साधन उपलब्ध हैं। वहीं सीएचसी पर आयोजित कैंप में पुरुष नसबंदी और गर्भनिरोधक साधनों के बारे में जानकारी दी गई। उन्हें अपने एवं परिवार के स्वास्थ्य के प्रति जागरूक किया गया। सीएमएस ने कहा कि अब तक जनसंख्या नियोजन अभियान के तहत मात्र १४० महिला एवं ३ पुरुषों की नसबंदी हुई है। महिलाओं की अपेक्षा पुरुषों की संख्या काफी कम है। ये आकंड़ा कहीं न कहीं ये दर्शाता है कि आज भी पुरुषों में जागरूकता का अभाव है। उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा चलाए गए इस अभियन का उद्देश्य लोगों को जागरूक करना है। इसको सफल बनाने में सभी अपना योगदान दें। उन्होंने आगंनबाड़ी एवं आशा कार्यकर्ताओं से अपील की कि वह घर-घर जाकर दंपति को जागरूक करें और परिवार नियोजन के साधनों के बारे में बताएं।
