Varanasi में दिनदहाड़े फायरिंग: पूर्व प्रधान के बेटे पर जानलेवा हमला, पुलिस की जांच में चौंकाने वाले खुलासे की उम्मीद
Varanasi में अपराधियों का दुस्साहस एक बार फिर सामने आया है। बुधवार देर शाम जिले के जंसा थाना क्षेत्र के हाथी बाजार में स्थित पूर्व प्रधान मनीष सिंह के कार्यालय पर बाइक सवार बदमाशों ने ताबड़तोड़ पांच राउंड फायरिंग कर दी। इस हमले का निशाना बने पूर्व प्रधान के बेटे मनोज सिंह समेत कार्यालय में बैठे अन्य दो लोग, दिनेश पांडेय और लव दुबे, किसी तरह बाल-बाल बच गए। यह वारदात उस समय हुई जब मनोज सिंह अपने कार्यालय में साथियों के साथ चर्चा कर रहे थे। घटना ने पूरे क्षेत्र में हड़कंप मचा दिया और स्थानीय लोगों में दहशत का माहौल है।
बाइक सवार बदमाशों की दुस्साहसी फायरिंग से सहमे लोग
वारदात के दौरान अचानक अपाचे बाइक पर आए दो युवकों ने कार्यालय के बाहर पहुंचते ही फायरिंग शुरू कर दी। फायरिंग की आवाज सुनते ही आसपास के लोग डर के मारे अपने घरों और दुकानों में छिप गए। किसी को समझ नहीं आ रहा था कि आखिर किस वजह से यह हमला हुआ और हमला करने वाले कौन थे। मनोज सिंह ने तत्काल इसकी सूचना जंसा पुलिस को दी, जिसके बाद पुलिस की टीम सक्रिय हुई और घटनास्थल पर पहुंचकर जांच-पड़ताल शुरू कर दी।
पुलिस की जांच और फॉरेंसिक टीम की पड़ताल
घटना के बाद पुलिस ने हाथी बाजार क्षेत्र के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू कर दी। जंसा पुलिस को उम्मीद है कि सीसीटीवी फुटेज से बदमाशों की पहचान में मदद मिल सकती है। पुलिस टीम के साथ फॉरेंसिक विशेषज्ञ भी मौके पर पहुंचे और हर संभव सुराग की तलाश में जुट गए। पुलिस ने प्रॉपर्टी डीलिंग के क्षेत्र में काम करने वालों से भी पूछताछ शुरू की है, क्योंकि मनोज सिंह प्रॉपर्टी डीलिंग का काम करते हैं और वाराणसी में प्रॉपर्टी विवादों में अक्सर आपराधिक घटनाएं सामने आती हैं।
संदिग्धों की तलाश में पुलिस का शिकंजा
वाराणसी के एडीसीपी गोमती जोन आकाश पटेल और एसीपी राजातालाब अजय श्रीवास्तव ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और मामले की गहन जांच की। एसीपी राजातालाब ने बताया कि प्रारंभिक पूछताछ में मनोज सिंह ने दावा किया है कि उनका किसी के साथ कोई व्यक्तिगत या व्यावसायिक विवाद नहीं है। पुलिस अब यह जानने की कोशिश कर रही है कि कहीं कोई अज्ञात दुश्मनी या किसी तरह की रंजिश तो इस घटना का कारण नहीं है। साथ ही, इलाके के कुछ अपराधियों और संदिग्धों से भी पूछताछ जारी है।
वारदात के पीछे प्रॉपर्टी विवाद का एंगल?
पुलिस ने मामले की जांच में प्रॉपर्टी डीलिंग से जुड़े संभावित विवाद को भी ध्यान में रखा है। मनोज सिंह प्रॉपर्टी डीलिंग के व्यवसाय से जुड़े हुए हैं, और इस क्षेत्र में ऐसे विवाद नए नहीं हैं। उत्तर प्रदेश के वाराणसी जैसे शहरों में जमीन-जायदाद के मामलों में अक्सर विवाद और हिंसक घटनाएं देखी जाती हैं। पुलिस की एक विशेष टीम यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि क्या यह हमला प्रॉपर्टी विवाद का नतीजा है या इसके पीछे कोई अन्य साजिश है। फिलहाल, पुलिस जांच में कोई पुख्ता सुराग नहीं मिला है, पर कई सवाल उठ रहे हैं।
जनता में दहशत, अपराधियों की बढ़ती हिम्मत
घटना के बाद हाथी बाजार और आसपास के क्षेत्रों में दहशत का माहौल है। इस तरह दिनदहाड़े हुई फायरिंग से लोग सहमे हुए हैं। पिछले कुछ समय में वाराणसी में अपराध की घटनाओं में वृद्धि ने लोगों को चिंतित कर दिया है। पुलिस की सक्रियता के बावजूद अपराधियों की बेखौफ हरकतें यह सवाल उठाती हैं कि क्या कानून व्यवस्था को लेकर स्थानीय लोग सुरक्षित महसूस कर सकते हैं। इस घटना ने शहर के प्रशासन पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं, क्योंकि दिनदहाड़े हुई इस फायरिंग से ऐसा प्रतीत होता है कि अपराधी कानून व्यवस्था को चुनौती दे रहे हैं।
पुलिस की आगे की रणनीति और जनता की उम्मीदें
पुलिस अधिकारियों ने जनता को भरोसा दिलाया है कि अपराधियों को जल्द ही पकड़ लिया जाएगा। स्थानीय पुलिस सीसीटीवी फुटेज और विभिन्न स्रोतों से मिली जानकारी के आधार पर अपनी जांच को आगे बढ़ा रही है। फिलहाल पुलिस ने कुछ संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है, और पुलिस का मानना है कि जल्द ही इस मामले में बड़ी कामयाबी मिल सकती है।

