Rampur Murder Case: पत्नी लता और मासूम बेटे लड्डू की हत्या की खौफनाक साजिश का खुलासा, पति दान सिंह की रची थी मौत की पूरी पटकथा
News-Desk
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Dan Singh Crime Case, Double Murder Rampur, Laddu Murder Case, Lata Constable Murder, Rampur Crime News, Rampur murder case, rampur police investigation, Uttar Pradesh Crime Newsउत्तर प्रदेश के Rampur जिले से सामने आया Murder Case Dan Singh देशभर में सनसनी का कारण बन गया है। महिला सिपाही लता और उनके दो वर्षीय बेटे लड्डू की मौत को पहले सड़क हादसे और कार में आग लगने की घटना बताया गया था, लेकिन जांच आगे बढ़ने पर जो सच सामने आया, उसने पुलिस अधिकारियों तक को चौंका दिया।
पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि यह कोई हादसा नहीं बल्कि एक सोची-समझी साजिश थी, जिसे आरोपी पति दान सिंह ने बेहद शातिर तरीके से अंजाम दिया। नैनीताल से रामपुर तक लौटते समय उसने कई चरणों में अपनी योजना को लागू किया, ताकि घटना दुर्घटना जैसी प्रतीत हो।
नई कार और नैनीताल घूमने का बहाना बना हत्या की साजिश का पहला कदम
पुलिस जांच के अनुसार, इस पूरी साजिश की शुरुआत नई कार खरीदने और परिवार को नैनीताल घुमाने की योजना से हुई। यह योजना बाहर से सामान्य पारिवारिक यात्रा जैसी दिख रही थी, लेकिन भीतर ही भीतर हत्या की तैयारी चल रही थी।
आरोपी ने यात्रा के दौरान ही ऐसी परिस्थितियां बनाने की कोशिश की जिससे बाद में घटना को सड़क दुर्घटना और आग लगने की घटना साबित किया जा सके। इसी योजना के तहत वापसी के दौरान रास्ते में कई जगहों पर रुककर उसने साजिश के अलग-अलग चरण पूरे किए।
बाजपुर में कोल्ड ड्रिंक में मिलाई नशे की गोलियां
जांच में सामने आया कि वापसी के दौरान बाजपुर क्षेत्र में आरोपी ने कार रोककर पत्नी लता और बेटे लड्डू को कोल्ड ड्रिंक में नशे की गोलियां मिलाकर पिलाई। इसके बाद दोनों बेहोशी की हालत में आ गए।
यह कदम इसलिए उठाया गया ताकि आगे होने वाली घटना के दौरान दोनों प्रतिरोध न कर सकें और पूरी घटना को दुर्घटना जैसा दिखाया जा सके।
डंपर से कार टकराने का बनाया गया नकली हादसा
नशे के असर में आने के बाद आरोपी ने कार को पास से गुजर रहे डंपर से हल्का टकराकर दुर्घटना जैसा दृश्य तैयार किया। पुलिस के अनुसार यह पूरी तरह योजनाबद्ध कदम था, जिससे घटना को प्राकृतिक सड़क हादसा साबित किया जा सके।
इसके बाद साजिश के अगले चरण में पहले से तैयार साथियों की भूमिका शुरू हुई।
साथियों की मदद से कार पर डाला गया पेट्रोल और लगाई गई आग
जांच में सामने आया कि आरोपी के दो साथी प्रदीप और सलमान पहले से एक अन्य वाहन में पेट्रोल लेकर तैयार खड़े थे। डंपर से टक्कर का दृश्य तैयार करने के बाद आरोपी ने कार पर पेट्रोल डालकर आग लगवा दी।
कार में आग लगते ही पूरा दृश्य दुर्घटना जैसा प्रतीत होने लगा। इसी दौरान मासूम लड्डू आग की लपटों में घिर गया और उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
आग की तपिश से होश में आई लता, लेकिन बच नहीं सकीं
कार में आग लगने के बाद तपिश के कारण महिला सिपाही लता को होश आ गया। वे किसी तरह कार से बाहर निकलने में सफल रहीं और सड़क किनारे भागने की कोशिश की।
हालांकि नशे के प्रभाव के कारण उनका संतुलन बिगड़ गया और वे सड़क किनारे बने पानी से भरे गड्ढे में गिर गईं।
गड्ढे में डुबोकर हत्या की कोशिश का खुलासा
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी ने गड्ढे में गिरी लता को वहीं डुबोकर मारने का प्रयास किया। यह साजिश का अगला चरण था, जिससे यह सुनिश्चित किया जा सके कि वे जीवित न बच सकें।
लेकिन इसी दौरान सड़क पर गुजर रहे कुछ राहगीरों ने जलती कार देख रुकना शुरू कर दिया, जिससे आरोपी को अपनी योजना बदलनी पड़ी।
इलाज के बहाने ले जाकर हथौड़े से किया हमला
राहगीरों की मौजूदगी बढ़ते देख आरोपी ने तुरंत नया प्लान बनाया। उसने घायल लता को इलाज के बहाने अपने साथियों की कार में बैठाया और वहां पहले से रखा हथौड़ा निकालकर उनके सिर पर हमला कर दिया।
इस हमले के बाद उनकी मौत हो गई। पुलिस के अनुसार यह हत्या बेहद योजनाबद्ध तरीके से की गई थी और आरोपी ने हर चरण पहले से तय कर रखा था।
पुलिस जांच में सामने आया पेशेवर अपराध जैसा व्यवहार
जांच अधिकारियों का कहना है कि आरोपी का व्यवहार पूरी घटना के दौरान पेशेवर अपराधियों जैसा रहा। उसने हर परिस्थिति के लिए वैकल्पिक योजना तैयार कर रखी थी।
पहले दुर्घटना का नाटक, फिर आग लगाना, फिर पानी में डुबोने का प्रयास और अंत में हथौड़े से हमला—इन सभी चरणों से यह स्पष्ट होता है कि पूरी घटना पूर्व नियोजित थी।
कुबूलनामे के बाद पुलिस ने साजिश की परतें खोलीं
पुलिस के सामने आरोपी के कबूलनामे के बाद पूरे घटनाक्रम की परतें खुलनी शुरू हुईं। जांच में यह भी सामने आया कि साजिश के दौरान आरोपी ने अपने साथियों की मदद से कई बार योजना में बदलाव किया ताकि किसी भी स्थिति में घटना दुर्घटना जैसी लगे।
अधिकारियों के अनुसार यह मामला साधारण पारिवारिक विवाद से कहीं अधिक गंभीर आपराधिक साजिश का रूप ले चुका है।
साथियों की भूमिका भी जांच के घेरे में
प्रदीप और सलमान की भूमिका भी इस मामले में महत्वपूर्ण मानी जा रही है। दोनों आरोपियों के खिलाफ साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं और पुलिस उनकी संलिप्तता की गहराई से जांच कर रही है।
संभावना जताई जा रही है कि पूरी साजिश कई दिनों पहले से तैयार की जा रही थी।
घटना ने पूरे क्षेत्र में पैदा की सनसनी
महिला सिपाही और मासूम बच्चे की हत्या की इस घटना ने पूरे क्षेत्र में सनसनी फैला दी है। स्थानीय लोगों के बीच घटना को लेकर आक्रोश और चिंता का माहौल है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच तेजी से आगे बढ़ाई जा रही है और सभी आरोपियों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
घरेलू रिश्तों में छिपी हिंसा पर उठे गंभीर सवाल
इस घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा किया है कि पारिवारिक संबंधों के भीतर छिपी हिंसा किस हद तक खतरनाक रूप ले सकती है। विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे मामलों में शुरुआती संकेतों को गंभीरता से लेना बेहद आवश्यक होता है।
समाज के विभिन्न वर्गों ने इस घटना पर गहरी चिंता व्यक्त की है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।

