बच्चों के स्कूली वाहनों का इन्डीपेन्डेन्ट स्कूल एसोसिएशन बंद करेगी संचालन
मुजफ्फरनगर। इन्डीपेन्डेन्ट स्कूल एसोसिएशन ने अपने स्कूल की परिवहन व्यवस्था को नये नियमों के तहत संचालित न करने का निर्णय लेते हुए उसे बंद करने का निर्णय लिया है साथ ही कहा है कि वे अभिभावकों को 31 अगस्त के बाद वाहन सुविधा उपलब्ध नहीं करा पायेंगे। महावीर चौक स्थित एक रेस्टोरेंट में आयोजित पत्रकार वर्ता में इन्डीपेन्डेन्ट एसोसिएशन के अध्यक्ष ओपी चौहान ने कहा कि सरकार द्वारा स्कूली वाहनों पर इतने नियम लागू कर दिये है कि अब स्कूल द्वारा परिवहन व्यवस्था संचालित करना उनके बस से बाहर है।
परिवहन शुल्क में किसी भी प्रकार की वृद्धि न करने के बावजूद खर्च इतना अधिक आयेगा जो स्कूलों की वहन करने की क्षमता से बाहर है। उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा निर्देशित किया गया है कि वाहन में केवल 32 बच्चे ही ले जाये जा सकते है साथ में एक शिक्षक की ड्यूटी भी जरूरी है यदि वाहन में कोई बालिका भी सफर करती है तो उसके लिए महिला शिक्षिका भी जरूरी है। ऐसी स्थिति में ज्यादा खर्च होने के कारण स्कूल इसे वहन नहीं कर सकते। अनिल आर्य सचिव ने कहा कि अब मजबूरीवश हमे यह निर्णय लेना पडा है कि भविष्य में विद्यालय अपने वाहनों का संचालन बदं करे और बच्चों को लाने व ले जाने की तमाम व्यवस्थाएं सरकार अपने स्तर से करे। उन्होंने यह भी कहा कि इस संबंध में सभी अभिभावकों को पत्र द्वारा सूचित कर दिया गया है कि या तो वे अपने बच्चों को किसी निकटवर्ती स्कूल में दाखिला दिलाये जिससे उनके आने व जाने का खर्च बच सके अन्यथा की स्थिति में उन्हे भी परेशानी उठानी पडेगी। उन्होंने कहा कि अभिभावकों से कहा गया है कि वे 31 अगस्त तक विद्यालय की वाहन संचालन व्यवस्था का लाभ उठा सकते है इसके बाद विद्यालय वाहन संचालन व्यवस्था बंद कर देगा। उन्होंने यह भी कहा कि यदि सरकार उनके वाहनों को अधिगृहित करके चलाती है तो वे अपने वाहन सरकार को देने के लिए तैयार है। इस दौरान शिवकुमार, सतवीर सिंह आर्य, सहसचिव शिवकुमार के अलावा इन्डीपेन्डेन्ट स्कूल एसोसिएशन के काफी सदस्य मौजूद रहे।
