Kanpur में अवैध ड्राइविंग स्कूलों पर RTO का बड़ा एक्शन: 4 मोटर ड्राइविंग ट्रेनिंग सेंटरों पर छापा, बिना पंजीकरण संचालन पर नोटिस जारी
Kanpur Illegal Driving Schools के खिलाफ परिवहन विभाग ने बड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है। कानपुर में वर्षों से कथित रूप से बिना वैध पंजीकरण संचालित हो रहे मोटर ड्राइविंग ट्रेनिंग स्कूलों पर गुरुवार को क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय (RTO) की टीम ने छापेमारी की। जांच के दौरान कैनाल रोड स्थित केडीए मार्केट में संचालित चार ड्राइविंग स्कूल बिना वैध पंजीकरण के संचालित होते पाए गए। विभाग ने संबंधित संचालकों को नोटिस जारी करते हुए संचालन बंद करने के निर्देश दिए हैं और उनसे निर्धारित समय के भीतर स्पष्टीकरण मांगा है।
अधिकारियों का कहना है कि अभियान आगे भी जारी रहेगा और बिना पंजीकरण संचालित होने वाले अन्य ड्राइविंग ट्रेनिंग सेंटरों के खिलाफ भी नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
कैनाल रोड स्थित केडीए मार्केट में हुई छापेमारी
गुरुवार को आरटीओ विभाग की टीम ने कैनाल रोड स्थित केडीए मार्केट में पहुंचकर कई मोटर ड्राइविंग ट्रेनिंग सेंटरों का निरीक्षण किया।
जांच के दौरान निम्नलिखित संस्थान बिना वैध पंजीकरण के संचालित होते पाए गए—
- परफेक्ट मोटर ड्राइविंग ट्रेनिंग स्कूल
- राष्ट्रीय मोटर ड्राइविंग ट्रेनिंग स्कूल
- हिंदुस्तान मोटर ड्राइविंग ट्रेनिंग स्कूल
- सहारा मोटर ड्राइविंग ट्रेनिंग स्कूल
अधिकारियों के अनुसार निरीक्षण के दौरान इन संस्थानों के पास आवश्यक वैध पंजीकरण से संबंधित दस्तावेज उपलब्ध नहीं पाए गए।
संचालकों को जारी किए गए नोटिस
जांच पूरी होने के बाद परिवहन विभाग ने चारों संस्थानों के संचालकों को नोटिस जारी किए।
विभाग ने उनसे पूछा है कि बिना वैध पंजीकरण प्रशिक्षण गतिविधियां क्यों संचालित की जा रही थीं। साथ ही उन्हें आवश्यक जवाब प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।
अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि नियमानुसार कार्रवाई पूरी होने तक ऐसे केंद्रों का संचालन बंद रखा जाए।
कानपुर में कई क्षेत्रों में चल रहे हैं ड्राइविंग स्कूल
जानकारी के अनुसार कानपुर शहर के कई क्षेत्रों में मोटर ड्राइविंग ट्रेनिंग स्कूल संचालित किए जा रहे हैं।
इनमें प्रमुख रूप से—
- कल्याणपुर
- मालरोड
- रावतपुर
- काकादेव
- नौबस्ता
- फूलबाग
- कैनाल रोड
जैसे इलाके शामिल हैं।
इनमें से कई केंद्र छोटी दुकानों या व्यावसायिक परिसरों से संचालित हो रहे हैं।
रिकॉर्ड में केवल 11 पंजीकृत, जबकि 50 से अधिक केंद्र संचालित
परिवहन विभाग के उपलब्ध अभिलेखों के अनुसार जिले में केवल 11 मोटर ड्राइविंग ट्रेनिंग स्कूल ही विधिवत पंजीकृत हैं।
वहीं, विभागीय जानकारी के अनुसार 50 से अधिक केंद्र बिना पंजीकरण संचालित होने की आशंका है।
इसी आधार पर विभाग अब व्यापक सत्यापन अभियान चला रहा है ताकि सभी संचालित केंद्रों की वैधानिक स्थिति की जांच की जा सके।
निरीक्षण के दौरान सामने आई अनियमितताएं
जांच के दौरान अधिकारियों ने संबंधित दस्तावेजों, पंजीकरण संबंधी अभिलेखों तथा संचालन की वैधानिक स्थिति की समीक्षा की।
प्रारंभिक जांच में जिन चार संस्थानों की जांच की गई, वे आवश्यक पंजीकरण के अभाव में संचालित पाए गए।
विभाग ने स्पष्ट किया कि ड्राइविंग प्रशिक्षण से जुड़े संस्थानों का संचालन निर्धारित नियमों और वैधानिक स्वीकृतियों के अनुसार होना आवश्यक है।
आरटीओ टीम ने मौके पर की कार्रवाई
कार्रवाई के दौरान आरआई संतोष कुमार अपनी विभागीय टीम के साथ मौके पर पहुंचे।
टीम ने विभिन्न प्रशिक्षण केंद्रों का निरीक्षण किया, उपलब्ध अभिलेखों की जांच की और आवश्यक दस्तावेज प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।
जिन संस्थानों के पास वैध पंजीकरण उपलब्ध नहीं था, उनके विरुद्ध नोटिस जारी किए गए।
सड़क सुरक्षा से भी जुड़ा है मामला
मोटर ड्राइविंग ट्रेनिंग स्कूल केवल वाहन चलाना सिखाने तक सीमित नहीं होते, बल्कि सड़क सुरक्षा, यातायात नियमों और जिम्मेदार ड्राइविंग व्यवहार का प्रशिक्षण देने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
इसी कारण इनके संचालन के लिए निर्धारित मानकों, प्रशिक्षकों की योग्यता, प्रशिक्षण व्यवस्था और विभागीय पंजीकरण को आवश्यक माना जाता है।
विशेषज्ञों का मानना है कि वैधानिक नियमों के अनुरूप संचालित प्रशिक्षण संस्थान सड़क सुरक्षा को बेहतर बनाने में महत्वपूर्ण योगदान देते हैं।
आगे भी जारी रहेगा जांच अभियान
परिवहन विभाग के अधिकारियों ने संकेत दिए हैं कि यह कार्रवाई केवल एक स्थान तक सीमित नहीं रहेगी।
शहर के अन्य क्षेत्रों में संचालित ड्राइविंग ट्रेनिंग स्कूलों का भी सत्यापन किया जाएगा। यदि किसी संस्थान के विरुद्ध नियमों के उल्लंघन की पुष्टि होती है, तो उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
विभाग का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि मोटर ड्राइविंग प्रशिक्षण केवल निर्धारित मानकों और वैध पंजीकरण के साथ ही संचालित हो।

