Pawan Khera: सात घंटे की उठापटक के बाद रिहा हुए :CJI ने दे डाली नसीहत, 28 फरवरी तक गिरफ्तार से राहत
असम पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए वरिष्ठ कांग्रेस नेता Pawan Khera को सुप्रीम कोर्ट ने बड़ी राहत दे दी. शीर्ष अदालत ने गुरुवार को दिल्ली की अदालत को कांग्रेस नेता Pawan Khera को अंतरिम जमानत देने का निर्देश दिया. प्रधान न्यायाधीश डीवाई चंद्रचूड़ की अध्यक्षता वाली तीन जजों की सुप्रीम कोर्ट बेंच ने कहा कि ‘दिल्ली में सक्षम मजिस्ट्रेट के सामने पेश किए जाने पर खेड़ा को अंतरिम जमानत पर रिहा कर दिया जाएगा.’
सीजेआई डीवाई चंद्रचूड़ ने Pawan Khera को गिरफ्तारी से राहत देने के साथ ही एक बड़ी नसीहत भी दी. पवन खेड़ा के मामले में सुनवाई खत्म होने के बाद उनके वकील अभिषेक मनुसिंघवी ने मीडिया से बातचीत में कहा, ‘असम पुलिस ने तय नियमों के मुताबिक इसमें गिरफ्तारी नहीं की थी. सीजेआई ने कहा कि हमने आपको पर्याप्त राहत दे दी है, लेकिन आप भी यह ख्याल रखे कि चर्चा का एक स्तर होना चाहिए.’
सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को आदेश दिया कि कांग्रेस नेता पवन खेड़ा को 28 फरवरी तक अंतरिम जमानत पर रिहा किया जाए. जस्टिस चंद्रचूड़, जस्टिस एमआर शाह और जस्टिस पीएस नरसिम्हा की बेंच ने कहा, ‘उपरोक्त आदेश मंगलवार (28 फरवरी) तक प्रभावी रहेगा.’
कोर्ट ने इस मामले की अगली सुनवाई की तारीख 27 फरवरी तय की है. इसके साथ ही असम और उत्तर प्रदेश राज्यों को नोटिस जारी कर खेड़ा की उस याचिका पर जवाब मांगा है, जिसमें प्रधानमंत्री के खिलाफ उनकी कथित टिप्पणियों को लेकर दोनों राज्यों में उनके खिलाफ दर्ज कई प्राथमिकियों को एक साथ जोड़ने का अनुरोध किया गया है.
इससे पहले खेड़ा की तरफ से कोर्ट में दलीलें देते हुए वरिष्ठ अधिवक्ता अभिषेक मनुसिंघवी ने कहा कि ‘कांग्रेस नेता ने प्रधानमंत्री पर अपनी टिप्पणी के लिए उसी दिन माफी मांगी थी और उन पर लगाए गए आरोपों के सिलसिले में गिरफ्तारी की कोई आवश्यकता नहीं है.’ उन्होंने कहा कि टिप्पणी में इस्तेमाल किए गए शब्दों का चयन और लगाई गई धाराएं कथित अपराधों से मेल नहीं खाती. सिंघवी ने कहा, ‘इससे अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर सीधा प्रभाव पड़ेगा.’
वहीं असम पुलिस की ओर से पेश अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल (ASG) ऐश्वर्या भाटी ने कोर्ट रूम में खेड़ा की कथित टिप्पणी का वीडियो चलाया और कहा कि खेड़ा देश के लोकतांत्रिक रूप से चुने गए प्रधानमंत्री के खिलाफ इस तरह के ‘अपमानजनक शब्दों’ का इस्तेमाल नहीं कर सकते.
भाटी ने अदालत को बताया कि खेड़ा को गिरफ्तार कर लिया गया है और उन्हें ट्रांजिट रिमांड के लिए दिन में सक्षम मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया जाएगा. इसके सुप्रीम कोर्ट ने खेड़ा को अंतरिम राहत देते हुए सक्षम अदालत को खेड़ा को तत्काल अंतरिम जमानत देने का निर्देश दिया.
इससे पहले गुरुवार दिन में कांग्रेस के राष्ट्रीय महाधिवेशन में भाग लेने के लिए रायपुर जा रहे पार्टी के मीडिया विभाग के प्रमुख पवन खेड़ा को रायपुर जाने वाले विमान से नीचे उतार दिया गया. बीती 17 फरवरी को मुंबई में एक संवाददाता सम्मेलन में मोदी के खिलाफ उनकी कथित टिप्पणियों के सिलसिले में खेड़ा को दिल्ली हवाई अड्डे पर गिरफ्तार कर लिया गया.
दिल्ली पुलिस ने इस बीच बताया कि असम पुलिस के अनुरोध पर Pawan Khera को हिरासत में लिया गया. ऐसे में उनके साथ गए कांग्रेस नेता विरोध में एयरपोर्ट के टारमेक पर ही धरने पर बैठ गए और गिरफ्तारी वारंट के बिना उन्हें ले जाने के प्रयासों का विरोध किया.
दिल्ली पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने बाद में उन्हें असम पुलिस का एक दस्तावेज सौंपा, जिसमें Pawan Khera को गिरफ्तार करने में उनकी मदद मांगी गई थी. इसके बाद कांग्रेस नेता रणदीप सुरजेवाला, खेड़ा के साथ हवाईअड्डे पर एक पुलिस थाने गए जहां केन्द्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ) की भारी तैनाती थी. वहां बताया गया कि प्रधानमंत्री मोदी के खिलाफ खेड़ा की कथित आपमानजनक टिप्पणी के लिए असम के हाफलोंग पुलिस थाने में भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है.
वहीं फ्लाइट में मौजूद कांग्रेस प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत ने ट्विटर पर कहा, ‘हम सभी इंडिगो 6ई 204 उड़ान से रायपुर जा रहे हैं और अचानक मेरे साथी पवन खेड़ा को विमान से नीचे उतरने के लिए कहा गया.’ उन्होंने कहा, ‘यह किस तरह की मनमानी है? कोई कानून का शासन है या नहीं? यह किस आधार पर और किसके आदेश पर किया जा रहा है?’
This is outrageous. @Pawankhera has done nothing warranting deplaning, arrest or detention. If all they can accuse him of is a joke about the PM, this is flagrant overreach. We have no crime of “lese-majeste” in India. How can you arrest a political figure for a verbal barb? https://t.co/kZEF1ruyCx
— Shashi Tharoor (@ShashiTharoor) February 23, 2023

