🔥 Uttarakhand बना खेलों की नई राजधानी! 38वें राष्ट्रीय खेलों का भव्य समापन, अमित शाह बोले- ‘अब यह देवभूमि ही नहीं, खेलभूमि भी बनेगी’
Haldwani Uttarakhand में पहली बार आयोजित किए गए 38वें राष्ट्रीय खेलों (National Games 2024) का आज भव्य समापन हो गया। हल्द्वानी के गौलापार स्थित अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में समापन समारोह हुआ, जिसमें केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। इस दौरान कार्यक्रम में भारी भीड़ उमड़ी और उत्तराखंड ने एक नई खेल पहचान स्थापित कर दी।
समापन समारोह में उमड़ा जनसैलाब, रंगारंग प्रस्तुतियों ने बांधा समां
समापन समारोह को यादगार बनाने के लिए कई भव्य सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए गए। कार्यक्रम में पंजाबी सिंगर सुखविंदर सिंह, कुमाऊंनी अभिनेत्री श्वेता महारा, और प्रसिद्ध दिगारी ग्रुप ने अपनी बेहतरीन प्रस्तुतियां दीं। स्टेडियम में हजारों की संख्या में दर्शकों की मौजूदगी इस बात का प्रमाण थी कि खेलों का रोमांच और उत्तराखंड की मेहमाननवाज़ी का जादू पूरे देश पर छा गया है।
38वें राष्ट्रीय खेलों में कौन बना चैंपियन? जानिए कौन सा राज्य रहा आगे
इस प्रतिष्ठित प्रतियोगिता में स्पोर्ट्स सर्विस कंट्रोल बोर्ड (SSCB) ने सबसे ज्यादा पदक जीतकर पहला स्थान हासिल किया। महाराष्ट्र दूसरे नंबर पर रहा, जबकि हरियाणा ने तीसरे स्थान पर कब्जा जमाया। उत्तराखंड ने भी जबरदस्त प्रदर्शन करते हुए 21वें स्थान से छलांग लगाकर सातवें स्थान पर अपनी जगह बनाई, जो राज्य के खिलाड़ियों के लिए एक बड़ी उपलब्धि है।
अमित शाह का ऐलान- अब देवभूमि ‘खेलभूमि’ के नाम से भी जानी जाएगी
अपने संबोधन में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने उत्तराखंड सरकार की जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा-
“उत्तराखंड सरकार ने खेलों के लिए बेहतरीन इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार किया है, जिससे प्रदेश के खिलाड़ियों को आगे बढ़ने का शानदार मौका मिलेगा। अब यह देवभूमि सिर्फ आध्यात्म और पर्यटन के लिए ही नहीं, बल्कि खेलों के लिए भी पहचानी जाएगी।”
शाह ने इस दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को ‘खेलभूमि’ बनाने के लिए बधाई दी और कहा कि यह राज्य अब भारतीय खेलों का हब बन सकता है।
मुख्यमंत्री धामी बोले- पहली बार उत्तराखंड बना राष्ट्रीय खेलों का मेजबान, गर्व का पल
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अपने संबोधन में कहा कि यह उत्तराखंड के लिए गर्व की बात है कि पहली बार राष्ट्रीय खेलों की मेजबानी का अवसर मिला। उन्होंने कहा-
“हमने सफल और भव्य आयोजन किया है। यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय सरकार के सहयोग के बिना संभव नहीं था।”
अमित शाह ने किया पुलवामा शहीदों को याद, एयर स्ट्राइक का किया जिक्र
अमित शाह ने अपने संबोधन में पुलवामा शहीदों को भी याद किया और कहा कि भारत ने एयर स्ट्राइक कर पाकिस्तान को करारा जवाब दिया था। उन्होंने कहा-
“हम अपने वीर जवानों के बलिदान को कभी नहीं भूल सकते। भारत अब किसी को बर्दाश्त नहीं करेगा।”
39वें राष्ट्रीय खेलों की मेजबानी कौन करेगा? मिला नया होस्ट
भारतीय ओलंपिक संघ (IOA) की अध्यक्ष पीटी उषा ने घोषणा की कि अगले 39वें राष्ट्रीय खेलों की मेजबानी मेघालय करेगा। समापन समारोह के दौरान राष्ट्रीय खेलों का ध्वज औपचारिक रूप से मेघालय के मुख्यमंत्री को सौंपा गया।
उत्तराखंड में खेलों का सुनहरा भविष्य, UCC का भी किया जिक्र
मुख्यमंत्री धामी ने यह भी बताया कि उत्तराखंड में पहली बार योग और मलखंभ जैसे पारंपरिक खेलों को राष्ट्रीय खेलों में शामिल किया गया। उन्होंने यूसीसी (UCC – समान नागरिक संहिता) का भी जिक्र करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री मोदी और अमित शाह के मार्गदर्शन से उत्तराखंड देश का पहला राज्य बना, जहां UCC लागू हुआ।
क्या यह संकेत है कि उत्तराखंड भविष्य में ओलंपिक खेलों की मेजबानी करेगा?
उत्तराखंड में खेलों के बढ़ते स्तर और बेहतर बुनियादी ढांचे को देखते हुए सवाल उठ रहा है कि क्या यह राज्य भविष्य में किसी अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजन, यहां तक कि ओलंपिक खेलों की मेजबानी करने के लिए तैयार हो सकता है? हल्द्वानी और देहरादून जैसे शहरों में आधुनिक स्पोर्ट्स सुविधाओं के निर्माण से यह संभव हो सकता है।
उत्तराखंड ने 38वें राष्ट्रीय खेलों के सफल आयोजन से देश को एक बड़ा संदेश दिया है—यह राज्य सिर्फ देवभूमि नहीं, बल्कि खेलभूमि भी है। आने वाले सालों में उत्तराखंड भारतीय खेल मानचित्र पर और मजबूत स्थिति में दिख सकता है।

