Muzaffarnagar में बड़ी चोरी का खुलासा: 5.5 लाख की तांबे की प्लेटें बरामद, स्विफ्ट कार समेत चार शातिर चोर गिरफ्तार
Muzaffarnagar में चरथावल पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। नियमित चेकिंग अभियान के दौरान पुलिस ने तांबे की कीमती प्लेटों की चोरी में शामिल चार शातिर आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से करीब 5.5 लाख रुपये मूल्य की चोरी की गई तांबे की खंभेनुमा प्लेटें तथा घटना में प्रयुक्त एक स्विफ्ट कार बरामद की है। इस कार्रवाई को जिले में संपत्ति संबंधी अपराधों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान की महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार यह कार्रवाई अपर पुलिस महानिदेशक मेरठ जोन और पुलिस उपमहानिरीक्षक सहारनपुर परिक्षेत्र के निर्देशन में तथा वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय कुमार वर्मा के पर्यवेक्षण में की गई। अभियान का उद्देश्य चोरी, लूट और अन्य आपराधिक गतिविधियों में शामिल अपराधियों पर प्रभावी अंकुश लगाना है।
चेकिंग अभियान के दौरान पुलिस के हत्थे चढ़े आरोपी
चरथावल थाना पुलिस द्वारा थानाभवन-चरथावल मार्ग पर नियमित वाहन चेकिंग की जा रही थी। इसी दौरान पुलिस को संदिग्ध परिस्थितियों में एक वाहन दिखाई दिया। पूछताछ और तलाशी के दौरान पुलिस को महत्वपूर्ण सफलता मिली।
जांच में वाहन से बड़ी मात्रा में तांबे की खंभेनुमा प्लेटें बरामद हुईं। प्रारंभिक पूछताछ में चोरी से संबंधित तथ्य सामने आने पर पुलिस ने आरोपियों को हिरासत में लेकर विस्तृत पूछताछ शुरू की।
पुलिस का कहना है कि समय रहते की गई कार्रवाई के कारण चोरी का माल दूसरे स्थान पर पहुंचाए जाने से पहले ही बरामद कर लिया गया।
500 किलोग्राम तांबा बरामद, कीमत करीब साढ़े पांच लाख रुपये
पुलिस द्वारा बरामद किए गए सामान में तांबे की कुल 10 खंभेनुमा प्लेटें शामिल हैं। इनका कुल वजन लगभग 500 किलोग्राम बताया गया है। अधिकारियों के अनुसार बरामद तांबे की अनुमानित बाजार कीमत करीब 5.5 लाख रुपये है।
तांबा धातु की बढ़ती कीमतों के कारण पिछले कुछ वर्षों में इस प्रकार की चोरी की घटनाओं में कई क्षेत्रों में वृद्धि देखने को मिली है। औद्योगिक, विद्युत और निर्माण परियोजनाओं में तांबे का व्यापक उपयोग होने के कारण यह चोर गिरोहों के निशाने पर रहता है।
पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि बरामद तांबा किस स्थान से चोरी किया गया था तथा इसमें अन्य लोगों की संलिप्तता तो नहीं है।
घटना में प्रयुक्त स्विफ्ट कार भी पुलिस ने की बरामद
आरोपियों के कब्जे से चोरी की वारदात में इस्तेमाल की गई एक स्विफ्ट कार भी बरामद की गई है। पुलिस वाहन के दस्तावेजों की जांच कर रही है और यह पता लगाया जा रहा है कि वाहन आरोपियों का है या किसी अन्य व्यक्ति के नाम पर पंजीकृत है।
जांच एजेंसियां इस बात की भी पड़ताल कर रही हैं कि क्या इसी वाहन का उपयोग पूर्व में हुई अन्य चोरी की घटनाओं में भी किया गया था।
सहारनपुर और उत्तराखंड से जुड़े मिले आरोपी
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान शादाब पुत्र महफूश निवासी हबीबगढ़ रोड, थाना कुतुबशेर, सहारनपुर, उवेश पुत्र इकराम निवासी छुटमलपुर हरिजन कॉलोनी थाना फतेहपुर, आशिफ पुत्र इकराम निवासी छुटमलपुर हरिजन कॉलोनी थाना फतेहपुर, सहारनपुर तथा फरमान पुत्र हनीफ निवासी चोली सहाबुद्दीनपुर थाना भगवानपुर, उत्तराखंड के रूप में हुई है।
पुलिस अब आरोपियों के आपराधिक इतिहास की जांच कर रही है। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि वे किसी संगठित चोरी गिरोह का हिस्सा हैं या नहीं।
अन्य घटनाओं से भी जुड़ सकते हैं तार
जांच अधिकारियों का मानना है कि आरोपियों से पूछताछ के दौरान अन्य महत्वपूर्ण जानकारियां सामने आ सकती हैं। संभावना जताई जा रही है कि यह गिरोह विभिन्न जिलों में धातु और औद्योगिक सामग्री की चोरी की घटनाओं में भी शामिल रहा हो।
पुलिस आरोपियों के मोबाइल फोन, संपर्क सूत्रों और गतिविधियों की भी जांच कर रही है ताकि चोरी के पूरे नेटवर्क का खुलासा किया जा सके।
विशेषज्ञों का मानना है कि संगठित गिरोह अक्सर चोरी किए गए तांबे और अन्य धातुओं को कबाड़ी बाजारों या अवैध खरीददारों तक पहुंचाते हैं। इसी पहलू को भी जांच का हिस्सा बनाया गया है।
अपराध नियंत्रण अभियान में पुलिस को मिली अहम सफलता
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि जिले में लगातार चेकिंग अभियान, निगरानी और सूचना तंत्र को मजबूत किए जाने के कारण अपराधियों पर दबाव बढ़ा है। इसी रणनीति के तहत चरथावल पुलिस ने यह सफलता हासिल की।
वरिष्ठ अधिकारियों ने पुलिस टीम की सक्रियता और तत्परता की सराहना करते हुए कहा कि संपत्ति संबंधी अपराधों को रोकना पुलिस की प्राथमिकताओं में शामिल है। आने वाले समय में भी ऐसे अभियानों को और अधिक प्रभावी बनाया जाएगा।
गिरफ्तारी करने वाली पुलिस टीम की भूमिका रही महत्वपूर्ण
इस कार्रवाई को सफल बनाने में उपनिरीक्षक कुलदीप परिहार, हेड कांस्टेबल दिनेश कुमार, कांस्टेबल रोहित कुमार, आरक्षी जीवन, सिद्धांत, भानु प्रताप तथा राजा बाबू की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस टीम ने चेकिंग के दौरान सतर्कता दिखाते हुए संदिग्धों को पकड़ने में सफलता प्राप्त की।
थाना चरथावल पुलिस द्वारा आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में विधिक कार्रवाई की जा रही है और मामले की विस्तृत जांच जारी है।
चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाने की दिशा में महत्वपूर्ण कार्रवाई
जिले में लगातार बढ़ती निगरानी और चेकिंग व्यवस्था के कारण चोरी और संपत्ति अपराधों में शामिल गिरोहों के खिलाफ कार्रवाई तेज हुई है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि ऐसे मामलों में केवल गिरफ्तारी ही नहीं बल्कि चोरी के पूरे नेटवर्क को ध्वस्त करना भी प्राथमिकता है।
बरामद तांबे की बड़ी खेप यह संकेत देती है कि चोरी की वारदात सुनियोजित तरीके से की गई हो सकती है। जांच पूरी होने के बाद मामले से जुड़े और भी तथ्य सामने आने की संभावना जताई जा रही है।











