Delhi के फ्लोरिश स्टे होटल में भीषण आग: 21 लोगों की मौत, 17 विदेशी नागरिक प्रभावित, वर्ल्ड मीडिया ने रिपोर्ट किया हादसा
Delhi के मालवीय नगर स्थित फ्लोरिश स्टे होटल में बुधवार सुबह लगी भीषण आग ने पूरे देश और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ध्यान खींचा है। इस हादसे में 21 लोगों की मौत हुई, जिनमें 17 विदेशी नागरिक बताए जा रहे हैं।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने घटना पर गहरा दुःख व्यक्त करते हुए मृतकों के परिजनों के लिए 2 लाख रुपये और घायलों के लिए 50 हजार रुपये की सहायता राशि की घोषणा की है।
इस हादसे की गंभीरता और विदेशी नागरिकों की उच्च संख्या के कारण दुनिया के कई प्रमुख मीडिया संस्थानों ने इसे प्रमुखता से कवर किया।
अंतरराष्ट्रीय मीडिया ने हादसे पर क्या रिपोर्ट किया
कतर – अल जजीरा
अल जजीरा ने लिखा कि भारत में आग की घटनाएं अक्सर होती रहती हैं। मालवीय नगर में लगी आग की इमारत के निचले हिस्से में रेस्तरां था और ऊपर होटल चल रहा था। आग फैलते ही इमारत में धुआं भर गया और कई लोग फंस गए।
दमकल की आठ गाड़ियों ने मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाया। पुलिस के अनुसार 40 से अधिक लोगों को सुरक्षित बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया गया।
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि कुछ लोग खिड़कियों से बाहर कूदकर अपनी जान बचा रहे थे। आसपास के लोग भी राहत कार्य में जुट गए और कई घायलों को एम्बुलेंस आने से पहले सुरक्षित जगह पर पहुंचाया।
BBC
BBC ने कहा कि मरने वाले कई विदेशी नागरिक थे, जो इलाज के लिए भारत आए थे। इमारत एक गेस्ट हाउस के रूप में इस्तेमाल हो रही थी, जहां पास के प्राइवेट अस्पताल में इलाज करा रहे मरीज और उनके परिवार रुकते थे।
दिल्ली सरकार के मंत्री आशीष सूद ने कहा कि जांच की जा रही है कि क्या इमारत को गेस्ट हाउस के तौर पर इस्तेमाल करने की अनुमति थी। अगर नियमों का उल्लंघन पाया जाता है तो जिम्मेदारों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार आग इतनी तेजी से फैली कि ऊपरी मंजिलों के लोग फंस गए। कई लोग जान बचाने के लिए दूसरी और तीसरी मंजिल से कूदने को मजबूर हुए। स्थानीय लोगों ने सड़क पर गद्दे बिछाकर मदद की और कई को सुरक्षित बाहर निकाला।
स्पेन – एल पाइस
एल पाइस ने रिपोर्ट किया कि दमकल विभाग को आग की सूचना देर से मिली। आग होटल की निचली मंजिल पर चल रहे रेस्तरां से शुरू हुई बताई जा रही है। मृतकों में सेंट्रल एशिया और अफ्रीका के नागरिक भी शामिल हैं।
दिल्ली में घनी आबादी, संकरी गलियां और कई पुरानी इमारतों में सुरक्षा मानकों की कमी के कारण आग जैसी घटनाएं गंभीर रूप ले लेती हैं।
जर्मनी – DW न्यूज
DW न्यूज ने भी आग के फैलने की वजह रेस्तरां को बताया। आग लगते ही पूरे होटल में धुआं भर गया और कई लोग अंदर फंस गए। प्रशासन ने कहा कि शुरुआती जांच में यही आशंका जताई जा रही है कि आग रेस्तरां से शुरू हुई।
लोकल मीडिया के अनुसार मरने वालों में कई विदेशी नागरिक शामिल हैं। ये लोग इलाज के लिए भारत आए थे और होटल में ठहरे हुए थे।
ब्रिटेन – द सन
द सन ने बताया कि ऊपरी मंजिलों के लोग जान बचाने के लिए खिड़कियों और बालकनियों से कूदने को मजबूर हुए। आसपास के लोगों ने सड़क पर गद्दे बिछाए, जिससे कई लोगों की जान बची।
दमकल की कई गाड़ियों ने आग पर काबू पाया। अधिकारियों के अनुसार आग होटल की निचली मंजिल पर चल रहे रेस्तरां से शुरू हुई थी। सोशल मीडिया पर आग की लपटें और धुआं दिखाते कई वीडियो वायरल हुए।
बांग्लादेश – डेली स्टार
डेली स्टार ने बताया कि 40 से अधिक लोगों को रेस्क्यू करके अस्पताल पहुंचाया गया। बचाव अभियान कई घंटों तक चला। मृतकों में विदेशी नागरिक भी शामिल थे।
आग किस वजह से लगी, इसकी पुष्टि अभी नहीं हुई है। पुलिस और संबंधित एजेंसियां मामले की जांच कर रही हैं।
हादसे से जुड़े प्रमुख तथ्य
- 21 लोगों की मौत, 17 विदेशी नागरिक शामिल
- दमकल की 8 गाड़ियां मौके पर मौजूद, 40+ लोग सुरक्षित निकाले गए
- आग की शुरुआती आशंका होटल के निचले हिस्से में चल रहे रेस्तरां से
- सोशल मीडिया पर बचाव कार्य के वीडियो वायरल
- प्रधानमंत्री ने मृतकों के परिजनों के लिए 2 लाख और घायलों के लिए 50 हजार रुपये की सहायता की घोषणा


