जन अधिकार पार्टी ने सरकार की जन विरोधी नीतियों विरूद्ध ज्ञापन सौपा
मुजफ्फरनगर। जन अधिकार पार्टी ने केन्द्र सरकार द्वारा पारित कृषि अध्यादेश नई शिक्षा नीति एवं श्रम नीति की खामियो व प्रदेश सरकार की जन विरोधी नीतियों,डीजल-पैट्रोल की कीमतों मे बढोत्तरी को वापस लेने एवं भाजापा सरकार द्वारा पिछडे वर्ग आरक्षण समाप्त किए जाने के विरूद्ध ज्ञापन सौपा।
जन अधिकार पार्टी के जिलाध्यक्ष मांगेराम सैनी के नेतृत्व मे कचहरी स्थित डीएम कार्यालय पंहुचे पदाधिकारियो ने राष्ट्रपति एवं राज्यपाल को सम्बोधित ज्ञापन मे प्रदेश की बिगडती कानून व्यवस्था,महगाई एवं आरक्षण मे छेडछाड को लेकर भागीदारी संकल्प मोर्चा द्वारा किये जा रहे प्रदर्शन की तरफ ले जाना चाहते हैं।
प्रदेश मे पिछडो,अल्पसंख्यको की समस्याओ की अनदेखी हो रही है। ज्ञापन मे बताया कि संविधान एवं विधि द्वारा प्रदत्त आरक्षण व्यवस्था तार-तार हो रही है।
मैडिकल प्रवेश मे आरक्षण समाप्त कर दिया गया है। पिछडे वर्ग के छात्रो की छात्रवृत्ति खत्म कर दी गई है, किन्तु सरकार कुछ भी सुनने समझने को तैयार नही है।
इस सम्बन्ध मे जन अधिकार पार्टी एवं भागीदारी संकल्प मोर्चा द्वारा पिछले 1 जून से 7 जून तक लगातार धरना-प्रदर्शन भी किया और उसके बाद भी लगातार प्रत्येक सोमवार को प्रदर्शन किया जा रहा है।
ज्ञापन मे नई कृषि नीति को किसान विरोधी बताया। केन्द्र सरकार द्वारा राष्ट्रीय संपत्ति को निजी क्षेत्रो की कंपनियो उद्योगपतियो को कौडियो के दाम बेचा जा रहा है
इससे राष्ट्र की अपूरणीय क्षति होगी, इसे तत्काल रोका जाए। पैट्रोलियम पदार्थो की कीमतों को तत्काल रोका जाए।इस दौरान 11 दौरान सूत्रीय मांग पत्र सौपा गया।
ज्ञापन सौपने वालो मे जिलाध्यक्ष मांगेराम सैनी, हरेन्द्र पाल, ब्रहमदत्त सैनी, मोहनलाल कश्यप, रवि कश्यप आदि अनेक पदाधिकारी व कार्यकर्ता मौजूद रहे।
