KisanMahaPanchayat: सिर्फ संयुक्त मोर्चे की पंचायत में आया हूं, मुजफ्फरनगर की धरती पर नहीं रखूंगा कदमः राकेश टिकैत
KisanMahaPanchayat:मुजफ्फरनगर। किसान महापंचायत में लाखों किसानों की भीड़ को संबोधित करते हुए भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय प्रवक्ता चौधरी राकेश टिकैत ने कहा कि मैं मुजफ्फरनगर में सिर्फ संयुक्त मोर्चे की पंचायत में आया हूं, मुजफ्फरनगर की धरती पर कदम नहीं रखूंगा। जब तीनों कृषि कानून वापस नहीं होंगे, तब तक वापस नहीं आऊंगा, चाहे किसानों के लिए शहीद होना पडे।
उन्होंने कहा कि देश में बाबा भीमराव अंबेडकर का संविधान खतरे में है, इसलिए सभी को एकजुट होना होगा। चौधरी राकेश टिकैत ने कहा कि बिजली, पानी, बंदरगाह, रेल सब कुछ सरकार बेचना चाहती है व काफी कुछ बेच दिया है। उन्होंने कहा कि किसान अपने ट्रैक्टर तैयार रखें, कभी भी जरूरत पड़ सकती है।
राकेश टिकैत ने कहा कि बीजेपी तोड़ने का काम करती है और हम जोड़ने का काम करते हैं। इसी धरती से अल्लाहु अकबर और हर-हर महादेव के नारे लगते रहे हैं और लगते रहेंगे। इस सरकार का कैमरा और कलम पर नियंत्रण है।
उन्होंने मांग रखी कि किसानों को 450 रुपये कुंतल गन्ने का भाव चाहिए और एमएसपी पर बात की जानी चाहिए। किसान महापंचायत में भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय अध्यक्ष नरेश टिकैत और भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत के संबोधन के बाद समापन हो गया है और किसानों ने अपने घरों को वापस लौटना शुरू कर दिया है।
सिर्फ मिशन यूपी नहीं अब देश को बचाना है, किसानों के ही नहीं अन्य मुद्दे भी उठाने हैंः टिकैत
मुजफ्फरनगर। भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने किसान महापंचायत में हुंकार भरते हुए कहा कि सिर्फ मिशन यूपी ही नहीं हमें पूरे देश को बचाना है और किसानों की ही नहीं अब अन्य मुद्दों को भी उठाना है।
संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर रविवार को यहां जीआईसी मैदान पर आयोजित विशाल किसान महापंचायत को सम्बोधित करते हुए टिकैत ने कहा कि जब तक केन्द्र सरकार तीनों कृषि कानूनों को वापस नहीं लेगी किसान आन्दोलन जारी रहेगा। हम तब तक घर नहीं जायेंगे और वहां जमीन पर पैर भी नहीं रखेंगे। हमारा आन्दोलन फतह होगा और यह देश के जवान और किसान की जीत होगी, तभी घर वापस आयेंगे। उन्होंने कहा कि सरकार किसानों से बात ही करना नहीं चाहती है। जब तक सरकार किसानों की मांग नहीं मानेगी तब तक आन्दोलन जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि सरकार हम से बात करने को तैयार नहीं है।
सरकार ने किसानों से बात करना बंद कर दिया है। उन्होंने कहा कि अब किसानों के मुद्दे ही नहीं उठाने हैं देश के सभी मुद्दो को उठायेंगे। अब यूपी नहीं देश को बचाना है। उन्होंने कहा कि देश का किसान और नौजवान कमजोर नहीं है। उन्होंने केन्द्र सरकार पर निशाना साधते हुए मनमानी करने का आरोप लगाते हुए कहा कि अब देश की संस्थाएं बेची जा रही है। हम चुप नहीं रहेंगे। उन्होंने कहा कि वे तोड़ने का काम करते हैं तो हम लोगों को जोड़ते हैं।
टिकैत ने कहा कि बड़े-बड़े लोग बैंकों का हजारों करोड़ रुपया लेकर भाग जाते हैं उनका कोई कुछ नहीं कर पाता। उन्होंने कहा कि फसलों का दाम नहीं तो वोट भी नहीं। उन्होंने प्रधानमंत्री और गृहमंत्री को भी नहीं बख्शा और कहा जनता बाहरी लोगों को अब बर्दास्त नहीं करेगी। उन्होंने कहा कि केन्द्र सरकार को हर हालत में तीनों कृषि कानूनों को वापस लेना ही होगा।
उन्होंने कहा कि सरकार बताये कि इन कानूनों से किसान को क्या फायदा है, लेकिन सरकार नहीं बता रही है। यह कानून किसान के साथ-साथ व्यापारियों और लोगों के हित में नहीं है। किसानों को कर्जा नहीं फसलों का लाभकारी भाव चाहिए। उन्होंने किसान हित में एमएसपी पर कानून की उनकी मांग रहेगी लेकिन सरकार उनकी इस मांग पर कोई विचार नहीं कर रही है।
मंच से लगे अल्लाहु अकबर और हर हर महादेव के नारे
महापंचायत नहीं मेलाः सैलाब बनकर उमड़ा किसानों का रेला, मुजफ्फरनगर में दिखा लघु भारत
मुजफ्फरनगर। मुजफ्फरनगर के जीआईसी ग्राउंड में संयुक्त किसान मोर्चा की किसान महापंचायत में रविवार सुबह से ही भीड़ के सभी रिकॉर्ड ध्वस्त हो गए। आज महापंचायत में किसान ऐसे उमड़े जैसे किसी मेले में जा रहे हों। प्रशासन की ओर से जो व्यवस्थाएं लागू की गईं, वे दस बजने के साथ ही चरमरा गई।
किसानों के लगातार उमड़ते सैलाब के आगे पुलिस-प्रशासन बेबस एक ओर खड़ा हो गया, जिसके बाद किसानों ने जहां से चाहा, वहां से वाहन निकाले। कई स्थानों पर व्यवस्था बनाने में पुलिस के पसीने छूट गए। वहीं पंचायत में कहीं हुक्के की चौपाल लगी, तो कहीं किसान नाचते-गाते नजर आए। महिलाओं ने भी खूब बढ़कर हिस्सेदारी निभाई।
आज मुजफ्फरनगर के जीआईसी ग्राउंड पर लघु भारत की झलक देखने को मिली। कृषि कानूनों के विरोध में शहर के जीआईसी मैदान में हो रही महापंचायत में शामिल होने के लिए सुबह से ही शहर में किसानों के वाहन पहुंचने शुरू हो गए। दिन निकलने के साथ ही पूरा शहर हरे-सफेद व पीले रंग के झंडों से पटना शुरू हो गया। सुबह दस बजते-बजते शहर में लागू की गई यातायात की सभी व्यवस्थाएं पूरी तरह ध्वस्त हो गईं और हर ओर सड़कों पर केवल किसानों के ही वाहन दौड़ते नजर आए।
मंच से लगे अल्लाहु अकबर और हर हर महादेव के नारे
महापंचायत के मंच से टिकैत ने कहा कि यूपी की योगी सरकार सांप्रदायिक दंगा कराने वाली सरकार है। भाजपा तोड़ने का काम करती है और हम जोड़ने का काम करते हैं। इसी धरती से अल्लाहु अकबर और हर हर महादेव के नारे लगते रहे हैं और लगते रहेंगे। इसी के साथ टिकैत ने वहां मौजूद लोगों से नारे भी लगवाए।

