Ludhiana में सनसनी: उज्बेकिस्तान की महिला को दोस्तों ने मारी छाती में गोली, लॉन्ग ड्राइव से इनकार बना खूनखराबे की वजह
पंजाब के Ludhiana से एक बेहद चौंकाने वाली और सनसनीखेज घटना सामने आई है, जिसने शहर की सुरक्षा व्यवस्था और सामाजिक ताने-बाने पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। यहां उज्बेकिस्तान से भारत आई एक महिला को उसके ही दो दोस्तों ने छाती में गोली मार दी। वजह इतनी सी थी कि महिला ने उनके साथ लॉन्ग ड्राइव पर जाने से इनकार कर दिया।
यह Ludhiana firing case न केवल अपराध की क्रूरता को उजागर करता है, बल्कि यह भी दिखाता है कि किस तरह आपसी जान-पहचान हिंसा में बदल सकती है।
होटल में ठहरी थी विदेशी महिला, जानकारों ने रची खौफनाक साजिश
पुलिस जांच में सामने आया है कि उज्बेकिस्तान की रहने वाली असलिगुन स्पारोवा पिछले साल भारत आई थी।
पहले वह दिल्ली में रही
इसके बाद वह लुधियाना आ गई
बीते करीब 6 महीनों से दाद गांव स्थित एक होटल में ठहरी हुई थी
11 दिसंबर को जब यह वारदात हुई, उस समय महिला पक्खोवाल रोड स्थित होटल में मौजूद थी। यहीं पर उसका जानकार बलविंदर सिंह, अपने दोस्त हरजिंदर सिंह के साथ कार में होटल पहुंचा।
शुरुआत में बातचीत सामान्य थी, लेकिन कुछ ही देर में हालात खतरनाक मोड़ पर पहुंच गए। Ludhiana firing case की कहानी यहीं से भयावह बनती है।
लॉन्ग ड्राइव का प्रस्ताव, इनकार पर भड़की हिंसा
महिला के बयान के अनुसार, बातचीत के दौरान दोनों आरोपियों ने उसे लॉन्ग ड्राइव पर चलने का प्रस्ताव दिया।
स्पारोवा ने साफ शब्दों में इसके लिए मना कर दिया।
इसी बात को लेकर दोनों पक्षों के बीच बहस शुरू हो गई, जो धीरे-धीरे झगड़े में बदल गई।
आरोप है कि दोनों आरोपी महिला को जबरन साथ ले जाने की जिद करने लगे। जब महिला ने फिर से इनकार किया, तो हालात पूरी तरह बिगड़ गए।
कार से रिवॉल्वर निकालकर दी जान से मारने की धमकी
महिला ने पुलिस को बताया कि बहस के दौरान बलविंदर सिंह ने कार का दरवाजा खोला और उसके डैशबोर्ड से एक रिवॉल्वर निकाल ली।
आरोपी ने महिला को धमकाते हुए कहा कि अगर उसने उनकी बात नहीं मानी, तो वह उसे जान से मार देगा।
इसके बावजूद स्पारोवा अपने फैसले पर अडिग रही।
इसी पल आरोपी ने गोली चला दी, जो सीधे महिला की छाती में जा लगी।
यह पल Ludhiana firing case का सबसे खौफनाक और निर्णायक क्षण बन गया।
गोली लगते ही सड़क पर गिरी महिला, आरोपी फरार
गोली लगते ही स्पारोवा सड़क पर गिर पड़ी।
आसपास अफरा-तफरी मच गई, लेकिन दोनों आरोपी—
बलविंदर सिंह, निवासी न्यू हरिंदर नगर, फरीदकोट
हरजिंदर सिंह, निवासी रघुबीर पार्क, जस्सियां रोड, लुधियाना
मौके से कार लेकर फरार हो गए।
इसी दौरान वहां से गुजर रहे एक राहगीर ने घायल महिला को सड़क पर पड़ा देखा और बिना देर किए उसे नजदीकी प्राइवेट अस्पताल पहुंचाया।
यह त्वरित मदद उसकी जान बचाने में निर्णायक साबित हुई।
अस्पताल में जिंदगी और मौत से जूझती रही महिला
पुलिस के अनुसार, जब उन्हें Ludhiana firing case की सूचना मिली और वे अस्पताल पहुंचे, उस समय महिला की हालत बेहद नाजुक थी।
डॉक्टरों ने उसे तत्काल आईसीयू में भर्ती किया और गहन इलाज शुरू किया।
शुरुआत में महिला बयान देने की स्थिति में नहीं थी, इसलिए पुलिस को इंतजार करना पड़ा।
कुछ दिनों बाद जब डॉक्टरों ने उसे फिट घोषित किया, तब जाकर पुलिस ने उसके विस्तृत बयान दर्ज किए।
शिकायत मिलते ही एक्शन, दोनों आरोपी गिरफ्तार
महिला के बयान के आधार पर लुधियाना के थाना सदर में मामला दर्ज किया गया।
थाना सदर के SHO इंस्पेक्टर जगदेव सिंह ने मीडिया को बताया कि पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की—
धारा 109 (हत्या का प्रयास)
धारा 3(5) (सामान्य इरादे को आगे बढ़ाने में कई लोगों द्वारा किया गया अपराध)
धारा 351(3) (आपराधिक धमकी, विशेष रूप से मौत या गंभीर चोट की धमकी)
के तहत केस दर्ज किया है।
मामला दर्ज होते ही पुलिस टीम ने तेजी से कार्रवाई करते हुए दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया और उन्हें कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया गया।
विदेशी नागरिकों की सुरक्षा पर फिर सवाल
यह Ludhiana firing case केवल एक आपराधिक घटना नहीं है, बल्कि यह विदेशी नागरिकों की सुरक्षा को लेकर भी गंभीर चिंता पैदा करता है।
एक होटल में रह रही विदेशी महिला के साथ इस तरह की हिंसा यह दिखाती है कि व्यक्तिगत संबंधों में उत्पन्न विवाद किस तरह जानलेवा रूप ले सकता है।
पुलिस अब मामले से जुड़े हर पहलू की जांच कर रही है—
हथियार की वैधता
आरोपियों और पीड़िता के बीच पुराने संबंध
घटना से पहले की गतिविधियां
ताकि पूरे घटनाक्रम की परत-दर-परत सच्चाई सामने आ सके।

