Agra में नशे के नेटवर्क पर बड़ा प्रहार: एंटी नारकोटिक्स टीम ने पकड़ा 50 लाख का कोडीन सिरप, गोदाम से 47 पेटियां बरामद
Agra narcotics action ने रविवार की रात जिले में नशे के कारोबार से जुड़े लोगों में हड़कंप मचा दिया। आगरा की एंटी नारकोटिक्स टीम और अलीगंज थाना पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए करीब 50 लाख रुपये कीमत का कोडीन सिरप बरामद किया है। यह बड़ी खेप अलीगंज थाना क्षेत्र के नगला बनी इलाके में स्थित एक तंबाकू गोदाम से पकड़ी गई, जहां से कुल 47 पेटियां कोडीन सिरप बरामद होने से नशे के संगठित नेटवर्क की परतें खुलती नजर आ रही हैं।
रात में हुई सुनियोजित छापेमारी, गोदाम से पकड़ी गई भारी खेप
पुलिस सूत्रों के अनुसार, रविवार रात को पुख्ता सूचना के आधार पर एंटी नारकोटिक्स टीम और अलीगंज पुलिस ने संयुक्त रूप से छापा मारा।
जैसे ही टीम ने नगला बनी स्थित तंबाकू गोदाम को घेरा, वहां मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई। तलाशी के दौरान गोदाम के अंदर रखी 47 पेटी कोडीन युक्त कफ सिरप बरामद की गई, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत लगभग पचास लाख रुपये आंकी जा रही है।
बद्दी की कंपनी का बताया जा रहा सिरप, बैच नंबर खरोंचे हुए
सूत्रों के हवाले से बताया गया है कि बरामद किया गया कोडीन सिरप हिमाचल प्रदेश के बद्दी क्षेत्र की एक कंपनी ‘विंग्स’ का निर्मित बताया जा रहा है।
हालांकि, जांच के दौरान यह तथ्य सामने आया कि सिरप की बोतलों पर लगे रैपर से बैच नंबर को खरोंच कर मिटाया गया है, जिससे यह आशंका और मजबूत हो गई है कि यह सिरप अवैध तरीके से बाजार में सप्लाई किए जाने के लिए रखा गया था।
बैच नंबर हटाया जाना आमतौर पर नकली या गैरकानूनी सप्लाई चेन का संकेत माना जाता है, जिस पर नारकोटिक्स विभाग विशेष नजर रखता है।
चार आरोपी मौके से गिरफ्तार, नशे के नेटवर्क की जांच तेज
इस बड़ी Agra narcotics action के दौरान पुलिस और नारकोटिक्स टीम ने चार आरोपियों को मौके से गिरफ्तार किया है।
गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ की जा रही है कि—
कोडीन सिरप कहां से लाया गया
इसे किन इलाकों में सप्लाई किया जाना था
इसके पीछे कौन-सा बड़ा नेटवर्क काम कर रहा है
क्या इसका संबंध अंतरराज्यीय या अंतरराष्ट्रीय तस्करी से है
पुलिस अधिकारियों का मानना है कि यह सिर्फ एक गोदाम की बरामदगी नहीं, बल्कि एक बड़े नशा तस्करी गिरोह का हिस्सा हो सकता है।
वरिष्ठ अधिकारियों के नेतृत्व में हुई कार्रवाई
यह पूरी कार्रवाई नारकोटिक्स के पुलिस उपाधीक्षक उमेश पवार,
अलीगंज क्षेत्राधिकारी नीतीश गर्ग,
और नारकोटिक्स पुलिस इंस्पेक्टर हरविंद्र मिश्रा के नेतृत्व में अंजाम दी गई।
अधिकारियों ने मौके पर ही बरामद सिरप को सील कर सुरक्षित कब्जे में लिया और आवश्यक कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी।
नारकोटिक्स विभाग की टीम अब इस बात की भी जांच कर रही है कि यह सिरप असली है या नकली, और इसके निर्माण व वितरण से जुड़े दस्तावेज कितने वैध हैं।
युवाओं को नशे में धकेलने की साजिश पर बड़ा वार
कोडीन सिरप का इस्तेमाल अक्सर नशे के तौर पर किया जाता है, खासकर युवाओं के बीच।
पुलिस का कहना है कि इस तरह की खेप बाजार में पहुंचती, तो इससे युवाओं को नशे की लत में धकेलने का खतरा काफी बढ़ जाता।
इसी वजह से Agra narcotics action को न केवल कानून व्यवस्था की दृष्टि से, बल्कि सामाजिक सुरक्षा के लिहाज से भी बेहद अहम माना जा रहा है।
आगरा में लगातार बढ़ रही हैं नारकोटिक्स की कार्रवाई
पिछले कुछ महीनों में आगरा और आसपास के जिलों में नकली कफ सिरप, गांजा, स्मैक और अन्य नशीले पदार्थों की तस्करी के मामलों में इजाफा देखा गया है।
नारकोटिक्स टीम और स्थानीय पुलिस लगातार संयुक्त ऑपरेशन चलाकर ऐसे गिरोहों पर शिकंजा कस रही है।
अधिकारियों का कहना है कि आने वाले दिनों में और भी बड़े खुलासे हो सकते हैं, क्योंकि गिरफ्तार आरोपियों से कई अहम जानकारियां मिलने की उम्मीद है।
कानूनी कार्रवाई जारी, अन्य ठिकानों पर छापे की संभावना
फिलहाल पुलिस ने बरामद सिरप को मालखाने में सुरक्षित रख लिया है और संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज करने की प्रक्रिया चल रही है।
साथ ही, आरोपियों के मोबाइल, संपर्क सूत्र और आर्थिक लेन-देन की भी जांच की जा रही है, ताकि पूरे नेटवर्क को उजागर किया जा सके।

