Muzaffarnagar की पंचशील कॉलोनी में रिश्तों पर चली गोलियां: पारिवारिक विवाद में दामाद ने सास समेत तीन महिलाओं को मारी गोली
News-Desk
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घटना की सूचना मिलते ही वरिष्ठ पुलिस अधिकारी भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के अनुसार आरोपी की पहचान अनंत विजय मित्तल निवासी डोईवाला, देहरादून के रूप में हुई है।
पंचशील कॉलोनी में चली गोलियों से दहला इलाका
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक रविवार को पंचशील कॉलोनी में अचानक गोलियों की आवाज गूंजने लगी। पहले लोगों को लगा कि शायद पटाखे चलाए जा रहे हैं, लेकिन कुछ ही क्षणों में चीख-पुकार मच गई और लोग अपने घरों से बाहर निकल आए।
स्थानीय लोगों ने देखा कि घर के भीतर हुए विवाद के दौरान एक व्यक्ति ने फायरिंग कर दी, जिससे तीन महिलाएं घायल हो गईं। घटना के बाद पूरे इलाके में दहशत का माहौल बन गया।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार घायल महिलाओं में आरोपी की सास, चचिया सास और पत्नी की भाभी शामिल हैं।
पारिवारिक विवाद और बच्चे की कस्टडी बना विवाद की वजह
जांच के दौरान सामने आया कि आरोपी अनंत विजय मित्तल की शादी वर्ष 2012 में राधिका मित्तल से हुई थी। दोनों के बीच लंबे समय से वैवाहिक विवाद चल रहा था और बच्चे की कस्टडी को लेकर इलाहाबाद हाईकोर्ट में मामला विचाराधीन है।
पुलिस के अनुसार 25 मई को आरोपी अपने बेटे का जन्मदिन मनाने के उद्देश्य से देहरादून से मुजफ्फरनगर स्थित अपनी ससुराल पहुंचा था। इसी दौरान किसी बात को लेकर विवाद बढ़ गया और कहासुनी ने हिंसक रूप ले लिया।
बताया जा रहा है कि विवाद के दौरान आरोपी ने गुस्से में अपनी लाइसेंसी रिवॉल्वर निकाल ली और फायरिंग कर दी। गोली लगने से तीन महिलाएं घायल होकर गिर पड़ीं।
फायरिंग की सूचना मिलते ही हरकत में आई पुलिस
घटना की सूचना मिलते ही थाना सिविल लाइन पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय कुमार वर्मा और पुलिस अधीक्षक नगर अमृत जैन ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया।
पुलिस ने बिना देर किए घायल महिलाओं को अस्पताल पहुंचाया, जहां उनका उपचार चल रहा है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सभी घायलों की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।
घटना की गंभीरता को देखते हुए फॉरेंसिक टीम को भी मौके पर बुलाया गया, जिसने घटनास्थल से साक्ष्य एकत्र किए।
लाइसेंसी रिवॉल्वर, कारतूस और खोखे बरामद
पुलिस ने आरोपी अनंत विजय मित्तल को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से एक लाइसेंसी रिवॉल्वर, दो जिंदा कारतूस और चार खोखा कारतूस बरामद किए हैं।
थाना सिविल लाइन पुलिस ने आरोपी के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस अब मामले की विस्तृत जांच कर रही है और यह पता लगाया जा रहा है कि फायरिंग पूरी तरह आवेश में की गई या इसके पीछे कोई पूर्व योजना भी थी।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई से आरोपी तुरंत दबोचा गया
घटना के बाद पुलिस ने तेजी दिखाते हुए आरोपी को मौके से ही गिरफ्तार कर लिया। अधिकारियों का कहना है कि अगर समय रहते कार्रवाई नहीं होती तो स्थिति और गंभीर हो सकती थी।
इस कार्रवाई में थाना प्रभारी महावीर सिंह चौहान, उपनिरीक्षक अरुण चाहर, कांस्टेबल सत्यवीर और हेड कांस्टेबल सौरभ कुमार की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
पुलिस अधिकारियों ने कहा कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
घरेलू विवादों में बढ़ती हिंसा चिंता का विषय
विशेषज्ञों का मानना है कि पिछले कुछ वर्षों में पारिवारिक विवादों के हिंसक घटनाओं में बदलने के मामले तेजी से बढ़े हैं। वैवाहिक तनाव, संपत्ति विवाद और बच्चों की कस्टडी जैसे मामलों में मानसिक दबाव कई बार गंभीर अपराध का कारण बन जाता है।
मनोवैज्ञानिकों का कहना है कि ऐसे मामलों में कानूनी प्रक्रिया के साथ-साथ पारिवारिक संवाद और काउंसलिंग की भी अहम भूमिका होती है। समय रहते विवादों का समाधान न होने पर स्थितियां खतरनाक मोड़ ले सकती हैं।
पंचशील कॉलोनी में दिनभर चर्चा का विषय बनी घटना
घटना के बाद पंचशील कॉलोनी और आसपास के क्षेत्रों में दिनभर इसी मामले की चर्चा होती रही। स्थानीय लोग घटना को लेकर स्तब्ध नजर आए।
कई लोगों का कहना था कि शांत माने जाने वाले इलाके में इस तरह की फायरिंग की घटना ने लोगों को झकझोर कर रख दिया है। लोगों ने पुलिस की त्वरित कार्रवाई की सराहना भी की।
लाइसेंसी हथियारों के इस्तेमाल पर फिर उठे सवाल
इस घटना के बाद एक बार फिर लाइसेंसी हथियारों के दुरुपयोग को लेकर सवाल उठने लगे हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि हथियार रखने वाले लोगों की मानसिक स्थिति और व्यवहार की समय-समय पर समीक्षा जरूरी है।
कानून व्यवस्था से जुड़े जानकारों का मानना है कि व्यक्तिगत विवादों में हथियारों का इस्तेमाल समाज के लिए गंभीर खतरा बन सकता है। ऐसे मामलों में सख्त कानूनी कार्रवाई और निगरानी आवश्यक है।

