सुरक्षा गार्डों से मुलाकात के बाद, Akhilesh Yadav ने किया ट्वीट-सैफई मेडिकल यूनिवर्सिटी को यूपी सरकार बंद करने की साजिश रच रही है
Akhilesh Yadav ने उत्तर प्रदेश सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि ग्रामीण क्षेत्र मे स्थापित देश के इकलौते मेडिकल संस्थान सैफई मेडिकल यूनिवर्सिटी को यूपी सरकार बंद करने की साजिश रच रही है. शनिवार को सैफई स्थित आवास पर सुरक्षा गार्डों की समस्या सुनकर उन्होंने ट्वीट के जरिये यह आरोप लगाया है.
सैफई मेडिकल यूनिवर्सिटी में सुरक्षा की कमान संभाले पूर्व सैनिकों ने शनिवार की सुबह सैकड़ों की संख्या में पूर्व मुख्यमंत्री Akhilesh Yadav के आवास पर पहुंचकर मुलाकात की. इस दौरान उन्होंने विश्वविद्यालय प्रशासन पर कई गंभीर आरोप लगाते हुए अखिलेश यादव से शिकायत की. जिसके बाद अखिलेश यादव ने ट्वीट किया.
Akhilesh Yadav से मुलाकात करने गए पूर्व सैनिकों ने कहा कि जिस यूनिवर्सिटी में नेता जी मुलायम यादव ने गरीबों को बहतर इलाज देने का सपना देखा था, उसको अब कुलपति एवं वित्त निदेशक बर्बाद करने पर तुले हैं. हम सैनिक देश की सेवा करने के बाद यहां पिछले 15 सालों से सेवा दे रहे हैं, लेकिन अब हम लोगों को निकालकर अपनी चहेती प्राइवेट कंपनी को ठेका दे दिया है. विश्वविद्यालय में सिक्योरिटी सम्भालने वाले पूर्व सैनिकों ने कहा कि हम लोगों को दबाव से कार्य करने के लिए कहा जा रहा है, नहीं तो बाहर निकालने की धमकी दी गई है.
योगीराज में उत्तर प्रदेश अपराध प्रदेश में तब्दील हो गया है ,
दिव्यांग छात्र की मौत/हत्या दुखद है ,शोक संतृप्त परिजनों के प्रति संवेदनाएं ,
निष्पक्ष जांच हो और मृतक के परिजनों को कम से कम 1 करोड़ रुपए का मुआवजा मिले ! pic.twitter.com/k9LP7Ot7Vm
— SamajwadiPartyMedia (@MediaCellSP) August 21, 2022
पूर्व सैनिकों ने कहा कि पिछले 15 साल से हम लोग जिस वेतन पर काम कर रहे थे, उसको अब प्राइवेट कंपनी के माध्यम से घटाकर देने की बात की जा रही है. पूर्व सैनिकों ने विश्वविद्यालय के वित्त निदेशक के खिलाफ भी शिकायत की. पूर्व सैनिकों ने कहा कि वित्त निदेशक ने अपने चहेते ठेकेदार को ठेका दिया है, जिससे हम लोगों की नौकरी को खतरा उत्पन्न हो गया है.
सैफई मेडिकल यूनिवर्सिटी में पिछले 15 वर्षों से सुरक्षा की जिम्मेदारी संभाले, पूर्व सैनिक कल्याण निगम एजेंसी का ठेका 31 अगस्त को समाप्त हो जाएगा. अभी यूनिवर्सिटी में पूर्व सैनिक कल्याण निगम के माध्यम से 384 पूर्व सैनिक सुरक्षा की कमान संभाले हैं. लेकिन बताया जा रहा कि अब 200 प्राइवेट गार्ड लगाए जाएंगे. बाकी जगह पर कैमरे लगाए जाएंगे.
यूनिवर्सिटी में अभी पूर्व सैनिक कल्याण निगम सुरक्षा की एजेंसी है, जिसको सालाना साढ़े 12 करोड रुपए भुगतान किया जाता है. अब नया टेंडर जेम पोर्टल के माध्यम निश्चल सुविधा सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड कंपनी प्रयागराज को मिला है. जिसको साढे 16 करोड़ रुपए सालाना भुगतान किया जाएगा. ऐसे में यह सवाल जरूर उठ रहा है कि जो टेंडर साढ़े 12 करोड़ में काम कर रहा था, वही टेंडर अब 16 करोड़ में दिया जा रहा है. जबकि अब सुरक्षा कर्मी भी घटा दिए गए हैं.
पूर्व मुख्यमंत्री ने सुरक्षा गार्डों से मुलाकात करके सदन में समस्या उठाने की बात कही और यह भी कहा कि आप लोगों के साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा. अखिलेश यादव से मुलाकात करने के बाद सभी सुरक्षा गार्डों ने प्रशासनिक भवन का घेराव कर धरने पर बैठे गए. इस बीच कुलपति ने समझाया जिसके बाद सभी सुरक्षा गार्ड काम पर लौट गए।. सुरक्षा गार्डों ने कहा कि अगर उनकी मांगे नहीं मानी गई तो सोमवार से वो पूर्णतया हड़ताल पर चले जाएंगे.
पूरे मामले को लेकर सैफई मेडिकल यूनिवर्सिटी के कुलपति प्रोफेसर डा.प्रभात कुमार ने भी अपनी बात रखी है. उनका कहना है कि पिछले 15 सालों से एक ही फर्म के पास टेंडर था. अब नियम के तहत टेंडर किया गया है, जो सुरक्षा गार्ड रहना चाह रहे हैं उनको निकाला नहीं जाएगा. कुलपति ने कहा कि जो वेतन नियमानुसार है वही सभी को मिलेगा, उसमें कोई कटौती नहीं की जाएगी.

