आइएमए मुजफ्फरनगर ने कोविड टास्क फोर्स का गठन किया
मुजफ्फरनगर। आइएमए मुजफ्फरनगर के अध्यक्ष डा. एमएल गर्ग के नेतृत्व में कोविड टास्क फोर्स का गठन किया गया है। टास्क फोर्स का डा. अशोक शर्मा को अध्यक्ष और डा. सुनील सिघल को कोआर्डिनेटर नियुक्त किया गया।
आईएमए में मुजफ्फरनगर के मीडिया प्रभारी डा. सुनील सिघल ने बताया कि टास्क फोर्स में आइएमए अध्यक्ष व चेस्ट फीजिशियन डा. एमएल गर्ग, डा. अशोक शर्मा सर्जन, डा. सुनील सिघल डा. हेमंत शर्मा, डा. रवींद्र जैन बाल रोग विशेषज्ञ, डा. विनीता सिघल, डा. निशा मलिक, डा. रेखा सिंह स्त्री एवं प्रसूति रोग विशेषज्ञ, डा. रवींद्र सिंह, अनिल कुमार कक्कड़ फीजिशियन, डा. मुकेश जैन, डा. राजेश्वर सिंह हड्डी रोग विशेषज्ञ, डा. डीएस मलिक, डा. डीपी सिंह सर्जन, डा. एमके तनेजा नाक-कान, गला रोग विशेषज्ञ, डा. आरएन त्यागी, डा. रवि त्यागी नेत्र रोग विशेषज्ञ अपनी सेवाएं देंगे। उक्त सभी डाक्टरों के मोबाइल नंबर अपडेट किये जायेंगे।
इस दौरान आइएमए अध्यक्ष एमएल गर्ग ने कहा कि आक्सीजन जमा न करें। कोविड से बचाव के लिए मास्क का प्रयोग करें। नाक-मुंह ढंका हुआ हो। उन्होंने बताया कि टास्क फोर्स के गठन का उद्देश्य नागरिकों के अंदर कोविड-१९ से संबंधित भ्रांतियां दूर करना है। सबसे पहले भ्रांति यह है कि नागरिक पैनिक हो रहे हैं कि आक्सीजन की कमी होने पर मरीज की मृत्यु तक हो सकती है, जो गलत है।
यदि मरीज की आक्सीजन ९०-९४ के बीच में है तो कोविड-१९ का मरीज पेट के बल उल्टा लेटे और छाती के नीचे एक तकिया रखकर लंबी-लंबी सांस ले। इससे आक्सीजन अवश्य बढ़ जायेगी। यदि आक्सीजन ९० से नीचे है तो आक्सीजन लगाने की आवश्यकता होती है। डाक्टर के निर्देश पर ही आक्सीजन उपलब्ध करायी जायेगी।
अत आक्सीजन को अपने घर पर बेवजह स्टाक न करें, क्योंकि यह आक्सीजन जरूरतमंद मरीजों के लिए ही है। सभी व्यक्ति एवं मरीज मास्क अवश्य लगाएं और मास्क को लगाने के लिए नाक और मुंह दोनों सही प्रकार से ढंके हुए होने चाहिए। मास्क मोटे कपड़े का नहीं होना चाहिए। बाजार के अंदर जो थ्री-लेयर वाला मास्क मिलता है वो सबसे उत्तम होता है। उसी का उपयोग करें। इसके अलावा वाट्सएप पर आई खबरों पर ध्यान न दें, जो भी इलाज लेना है चिकित्सक की सलाह पर लें।
खाने में तली हुई चीजों का या बाजार से लाये हुए फास्ट फूड आदि का इस्तेमाल न करें। डाइट में ताजे फल, ताजी सब्जियां खूब खायें। लिक्विड डाइट का भी इस्तेमाल करें जिससे शरीर के अंदर पानी की मात्रा की कमी न होने पायें। नारियल पानी भी पी सकते हैं। हाथों को समय-समय पर सैनिटाइज करें।
दवाई भी, कड़ाई भी व दो गज की दूरी पर भी विशेष ध्यान रखें। भीड़भाड़ वाले इलाकों से बचें। घर पर रहें और किसी को भी अपने घर पर न बुलायें। बेवजह भीड़ इकट्ठा न करें। शादी-विवाह में कम से कम मेहमानों को आमंत्रित करें। हमेशा अपने चिकित्सक के संपर्क में बने रहें।

