Muzaffarnagar News: अवैध शराब का कारोबार करने वाले अन्तर्राज्यीय गैंग का खुलासा, १८ पेटी नकली शराब बरामद
मुजफ्फरनगर। (Muzaffarnagar News) पुलिस ने अवैध शराब का कारोबार करने वाले अन्तर्राज्यीय गैंग का खुलासा किया जिनके कब्जे से हजारों की संख्या में रैपर, ढक्कन, होलोग्राम सहित नकली शराब बरामद की। अवैध शराब तैयार होने पर उत्तर प्रदेश सरकार को लगभग ४५ लाख रुपये की राजस्व हानि होती।
#Muzaffarnagar थाना सिविल लाइन प्रभारी संतोष त्यागी @muzafarnagarpol टीम ने 05 शराब तस्करों को किया गिरफ्तार।
02 गाड़ियों सहित भारी मात्रा अंग्रेजी देशी शराब की खेप व उपकरण किये गए बरामद। #WATCH #UPPolice pic.twitter.com/E2nSyBeG9O
— News & Features Network (@mzn_news) May 14, 2022
थाना सिविल लाइन पुलिस व SWOT टीम द्वारा ०५ अन्तर्राज्यीय शराब तस्कर अभियुक्तों को एम०डी०ए० ऑफिस के पीछे खाली पडी पुरानी खण्डरनुमा बिल्डिंग से गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार अभियुक्तगणों में राजीव गोयल पुत्र कृष्ण गोयल निवासी माधवपुरम थाना ब्रहमपुरी जनपद मेरठ, उज्जवल शर्मा पुत्र सत्यप्रकाश निवासी ग्राम बक्सर थाना सिंभावली जनपद हापुड हाल निवासी जयभीम नगर थाना भावनपुर जनपद मेरठ, तरुण कुमार पुत्र बाबू सिंह निवासी ग्राम काजीपुर थाना खरखौदा जनपद मेरठ, विक्रांत दुग्गल पुत्र ललित कुमार निवासी नहरुनगर थाना सिहानी गेट जनपद गाजियाबाद, मनमोहन सिंह पुत्र कदम सिंह निवासी वसुंधरा थाना इंदरापुरम जनपद गाजियाबाद।
जिनके कब्जे से १८ पेटी नकली शराब (मेकडॉवल नम्बर १ व ब्लेक एंड ब्लू व्हिस्की), २०० लीटर अपमिश्रित शराब, ४९ हजार ढक्कन भिन्न-भिन्न मार्का, १७ हजार होलोग्राम, ०४ हजार प्लास्टिक के खाली पव्वे, ६०५० भिन्न-भिन्न ब्रॉन्ड के रैपर, २०० लीटर ईएनए, ०५ किलोग्राम यूरिया, ०२ कार स्विफ्ट व आल्टो (स्विफ्ट कार पर फर्जी नम्बर प्लेट लगी है
०१ एलकोहल मीटर, ०१ छोटी टंकी टोंटी लगी हुई, ०१ मशीन ढक्कन सील करने वाली, ०२ प्लास्टिक छलनी, ०२ टब, ०१ टेपकटर मशीन, ०२ टेपरोल, ०१ पेट्रोमेक्स, ०१ बैट्री टार्च, २० गत्ते आदि। अभियुक्तगण शराब की डिमांड मिलने पर अलग-अलग राज्यों के शहरों में अवैध/नकली शराब की सप्लाई करते थे तथा उन्ही शहरों में जाकर सुनसान व खण्डर पडी बिल्डिंग में नकली शराब तैयार कर सप्लाई करते थे।
बरामद १८ पेटी शराब पर अंकित बार कोड को स्केन करने पर कोई डिटेल प्राप्त नही हो रही है, गिरफ्तार अभियुक्तगण के आपराधिक इतिहास की जानकारी स्थानीय पुलिस द्वारा की जा रही है।

