Khatauli News: पिकेट इंटर कालेज के मैदान में मुशायरा व कवि सम्मेलन आयोजित
Khatauli News:मुजफ्फरनगर। दशक भीतर सिनेमा हाल एवं छोटे मोटे वीडियो, जहां समाप्त हो गए वहीं दंगल कुश्ती कबड्डी मुशायरा, कवि सम्मेलन जैसे मनोरंजन के संसाधन लुप्त प्राय हैं। स्टेडियम में इक्का दुक्का आयोजन मात्र हो रहे है।
खतौली में पिकेट इंटर कालेज के मैदान में शासन द्वारा जो दीपोत्सव मेले व दिवाली मेले का आयोजन किया जा रहा है उसमें कुछ चुनिदा प्रोग्राम भी हो रहे है जिसमे बाल सांस्कृतिक कार्यक्रम, मुशायरा व कवि सम्मेलन व यादे रफ़ी नाईट प्रस्तावित हैं।
जिसमें बाल सांस्कृतिक कार्यक्रम बहुत ही सराहनीय रहा। बहुत ही अल्प समय की तैयारी में बहुत ही अच्छा कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न हुआ जिसने जनता के दिलों पर अपनी गहरी छाप छोड़ी लेकिन 29 का कवि सम्मेलन व मुशायरा मात्र दर्जनभर लोगो की मौजूदगी मात्र 2 या तीन शायरों व बिना कवियों के केवल 2 घण्टो में ही सिमट कर रह गया।
उधर जब खतौली के कुछ मशहूर व अंतराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त शायरों व कवियों से आज के दौर में मुशायरों व कवि सम्मेलनों के लुप्त होने की वजह जाननी चाही तो उस पर इन साहित्यकारों के जवाब एकदम अलग थे उनका कहना था कि शायरी व कविता किसी भीड़ व मंच के मोहताज नही है बल्कि ये डिपेंड करता है
कार्यक्रम का आयोजक कौन है, और किन शायरों व कवियों को बुलाया गया है? कौन कौन से शायर कहा से ताल्लुक रखते है? या क्या दर्शक व श्रोता उनसे वाकिफ भी हैं।अगर केवल स्थानीय प्रतिभाओं को भी सम्मान के साथ आमंत्रित किया गया होता। तब भी यह कार्यक्रम सफलता के ऊंचाइयों को छू सकता था।

