त्यौहारों पर ट्रेनों व बसों में रही भारी भीड़
मुजफ्फरनगर। दीपावली पर्व को लेकर ट्रेनों और बसों में भारी भीड़ रही। सभी ट्रेन जहां भरी हुई चलीं, वहीं रोडवेज ने बसों के फेरे बढ़ा दिए गए। कुछ मार्गों पर डेढ़ गुना बसें चली। स्टेशन और बस अड्डों पर यात्रियों की भीड़ भी काफी रही। यात्रियों को गंतव्य स्थानों पर जाने के लिए बसों में चढ़ने के लिए ही काफी मारामारी करनी पड़ी।
दीपावली पर्व पर आवागमन बढ़ने से परिवहन विभाग की व्यवस्था चरमरा गई।
जो लोग बाहर नौकरी या अपना रोजगार करते हैं वह दीपावली पर घर जरूर आते हैं। त्योहार पूरा परिवार एक साथ ही मनाता है। इस कारण यात्रियों की भारी भीड़ रहती है। बस अड्डों और रेलवे स्टेशन पर यात्रियों की काफी भीड़ रही। ट्रेन भी दीपावली को लेकर फुल रही।
वहीं, रोडवेज ने यात्रियों की सुविधा को देखते हुए डिमांड के हिसाब से फेरे बढ़ा दिए। रोडवेज के एआरएम बीपी अग्रवाल ने बताया कि सबसे ज्यादा फेरे मेरठ-मुजफ्फरनगर, बिजनौर और हरिद्वार के लिए बढ़ाए गए। डेढ़ गुना तक बसें चली। जिस रूट पर १०० राउंड लगते थे उस पर १५० राउंड तक लगे। यह प्रयास किया गया कि यात्री किसी भी हालत में परेशान न हो। दीपावली से लेकर भैयादूज के अगले दिन तक यही स्थिति रहती है। रोडवेज ने इसके लिए पूरी तैयारी की है।
जाम से नागरिक हुए परेशान
मुजफ्फरनगर। दीपावली पर दिन के समय शहर जाम के झाम में फंस गया। सुबह से शाम तक हर सड़क पर जाम की स्थिति बनी रही और वाहन रेंगते रहे। पुलिस के भी यातायात व्यवस्था संभालने में खूब पसीने छूटे। एक जगह जाम खुलता तो दूसरी जगह लग जाता।
जाम में फंसे लोगों को परेशानी का सामना भी करना पड़ा। दीपावली पर सुबह से ही शहर में अन्य दिनों के मुकाबले काफी भीड़ थी। दिन चढ़ने के साथ भीड़ बढ़ती गई। ग्रामीण क्षेत्रों से भी लोग ट्रैक्टर-ट्रॉली, कार आदि से खरीददारी करने पहुंचे थे।
वहीं, दुकानदारों ने दुकानें सड़क पर सजाई हुई हैं। ऐसे में सड़क छोटी पड़ गई और वाहनों का भार अधिक रहा। अस्पताल चैक, रूड़की रोड, महावीर चैक, जानसठ फ्लाईओवर आदि जगहों पर दिनभर जाम लगा रहा। दोपहिया के साथ छोटे चैपहिया वाहनों ने गलियों से निकलने की कोशिश की तो वहां भी जाम लगा। ई-रिक्शाओं की भी बाजारों में पहले की तरह ही एंट्री रही।
