Muzaffarnagar News: कॉमनवेल्थ गेम्स में सिल्वर मेडल जीतने के बाद प्रियंका गोस्वामी का गांव में स्वागत
मुजफ्फरनगर। (Muzaffarnagar News)हाल ही में कॉमनवेल्थ गेम्स में सिल्वर मेडल जीतने के बाद अपने पैतृक गांव गढ़मलपुर सागड़ी पहुंची प्रियंका गोस्वामी का ग्रामीणों द्वारा पलक पांवडे बिछा कर भव्य स्वागत किया गया। प्रियंका गोस्वामी ने भावुक होते हुए कहा कि काफी अच्छा लग रहा है कि मेरा पूरा गांव इकठ्ठा होकर इतनी गर्मी में इतनी दूर से मुझे लेकर आया है।
ग्रामीणों से मुझे इतना प्यार व सम्मान मिला है। उन्होंने कहा कि मेडल जीतने पर जो भी मुझसे प्रभावित हुए होंगे। वह अपने-अपने फील्ड में मेहनत करें। हार-जीत तो लगी रहती है। हम जीत के लिए ओर ज्यादा मेहनत करें। मुझे अच्छा लग रहा है कि मेरे गांव का नाम पूरे वर्ल्ड में जा रहा है। मेरे इस गांव को लोग जानने लगे हैं
इस गांव में मैंने जन्म लिया और १०ध्१२ साल इसी गांव की गलियों में मेरा बचपन बीता है। रजत पदक विजेता खिलाड़ी प्रियंका गोस्वामी खुली कार में सवार होकर गांव गढ़ी सखावत पुर पहुंची। जहां ग्रामीणों के साथ भाजपा के पूर्व विधायक उमेश मलिक, पूर्व जिला पंचायत सदस्य ठाकुर रामनाथ सिंह, पूर्व मंत्री व रालोद नेता योगराज सिंह ने फूल मालाएं पहनकर स्वागत किया।
प्रियंका गोस्वामी का स्वागत करने के लिए गांव गढ़मल पुर सागड़ी से दर्जनों ट्रैक्टर ट्राली, कार व बाइकों पर सवार होकर ग्रामीण ढोल नगाड़ों के साथ मेरठ-करनाल हाईवे पर गांव गढ़ी सखावत पुर में जमा हो गए थे। जहां ग्रामीणों ने फूल मालाएं पहनाकर व पुष्प वर्षा कर प्रियंका का स्वागत किया। उत्साहित युवक भारत माता की जय ओर वन्देमातरम के नारे लगा रहे थे।
प्रियंका गोस्वामी ने अपने पैतृक गांव में पहुंच कर कार से उतरकर मकान के पास स्थित शिव मंदिर में जाकर पूजा-अर्चना की। प्रियंका गोस्वामी अपने माता, पिता व भाई आदि के साथ मेरठ रह रही है, जबकि गांव गढ़मल पुर सागड़ी में उनके ताऊ रामपाल, सेवाराम, सोमपाल व बाबा रामफल आदि परिवार सहित रहते हैं।
गांव के परिजन प्रियंका के स्वागत व सम्मान में ओर भी भव्य कार्यक्रम का आयोजन करना चाहते थे। जिसके लिए २ध्३ दिन बाद का समय मांग रहे थे। लेकिन बाद में व्यस्तता के चलते प्रियंका के पास समय नही था। आनन-फानन में प्रियंका के स्वागत के लिए परिवार की महिलाएं व पुरुष सुबह से ही कार्य मे लगे हुए थे।

