Muzaffarnagar News: महापंचायत Update: पंडाल में उमडा किसानों का सैलाब, खाप चौधरियों ने भरी हुंकार
Muzaffarnagar News: मुज़फ्फरनगर। करीब 22 राज्यों के तीन सौ से ज्यादा संगठन और खाप चौधरी एक मंच पर एकत्र हो चुके है। जो आज से एक जन आंदोलन शुरू करेंगे। किसान आंदोलन की दिशा तय करने और सत्ता परिवर्तन का बिगुल फूंकने को लेकर यूपी की सबसे बड़ी महापंचायत आज मुजफ्फरनगर में शुरू हो चुकी है।
रविवार को सुबह से ही सड़कों पर किसानों के काफिले गाड़ियों और बसों से पहुंचना शुरू हो गए। सुबह दस बजे तक महापंचायत स्थल पर काफी भीड़ नजर आ रही है। पंडाल किसानों से पूरी तरह भर चुका है।
बता दें कि महापंचायत के मंच से संयुक्त किसान मोर्चा मिशन यूपी का बिगुल बजाएगा। करीब 22 राज्यों के तीन सौ से ज्यादा संगठन और खाप चौधरी एक मंच पर एकत्र होकर जन आंदोलन शुरू करेंगे। पुलिस, पीएसी और मोर्चा के वालंटियरों ने कमान संभाल ली है।
तीन कृषि कानूनों को वापस लेने, एमएसपी और अन्य मुद्दों पर किसान मोर्चा ने भाजपा सरकार की घेराबंदी के लिए महापंचायत बुलाई है।
शनिवार को कर्नाटक, तमिलनाडु, हरियाणा, पंजाब, आंध्र प्रदेश समेत विभिन्न राज्यों के किसान पहुंच गए। पंजाबी बरातघर, राधा स्वामी सत्संग भवन, छोटूराम इंटर कॉलेज, रालोद कार्यालय और जीआईसी ग्राउंड में किसानों को ठहराया गया है।सुबह से ही किसान महापंचायत के लिए निकलना शुरू हो गए। वहीं पंचायत स्थल पर किसानों की अभी से भारी भीड़ नजर आ रही है।
अंदाजा लगाया जा रहा है कि शाम तक भारी संख्या में किसान महापंचायत में शामिल होंगे। उधर, प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था के चाक चौबंद इंतजाम किए हैं। मुजफ्फरनगर किसान महापंचायत में पहुंचने वाले किसानों को शहर में अनेक स्थानों पर भंडारा लगाकर नाश्ता दिया जा रहा है।
लालूखेड़ी से मुजफ्फरनगर तक काफिले के रूप में गठवाला के लोग पहुंचें। खाप के अधिकतर किसान और खाप चौधरी लालूखेड़ी में एकत्र हुए और वहां से एक साथ काफिला रवाना हुए हैं। महापंचायत में पहुंचे भाकियू नेता अनिल मलिक ने बताया कि पुरा महादेव से खाप चौधरी आजाद मलिक के अलावा थांबेदार श्याम सिंह बहावड़ी, रविंद्र सिंह, रविंद्र सिंह सोंहजनी, अजब सिंह खरड़ समेत अन्य खाप चौधरी की अगुवाई में खाप के लोग महापंचायत में शामिल हो रहे हैं।
भाकियू नेता ओमपाल मलिक ने कहा कि गठवाला हमेशा की तरह सबसे खास भूमिका निभाएगा, सबसे बड़ी भागीदारी गठवाला की रही हैं । कुछ किसान लालूखेड़ी के रास्ते पहुंचे, जबकि खाप के कुछ किसान बुढ़ाना से मुजफ्फरनगर पहुंच रहे हैं । महापंचायत में लाटियान खाप के चौधरी वीरेंद्र लाटियान ने कहा कि किसानों के लिए संघर्ष जारी रहेगा।
गठवाला खाप के थांबेदार श्याम सिंह बहावड़ी ने कहा कि किसानों के लिए निर्णायक फैसले की घड़ी है। किसान के भविष्य का सवाल है। वर्तमान की जरूरत एकता की है। खाप किसानों के साथ खड़ी है। भैंसवाल की बत्तीसा खाप के चौधरी सूरजमल ने कहा कि खाप महापंचायत के लिए पूरी ताकत झोंक रखी है । किसान अगर नहीं जागे, तो पीढ़ियां बर्बाद हो जाएंगी। इसलिए किसानों को एकजुट होना पड़ेगा।
किसान पंचायतों में गठवाला खाप की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण रही है। करमूखेड़ी आंदोलन से लेकर दिल्ली के बॉर्डर पर चल रहे आंदोलन में भी खाप के लोगों ने योगदान दिया है।
गठवाला खाप के चौधरी राजेंद्र मलिक ने कहा कि वह खुद महापंचायत में शामिल नहीं होंगे। यह उनका निजी फैसला है, लेकिन खाप के लोग स्वतंत्र हैं और महापंचायत में शामिल हो सकते हैं। उनकी तरफ से किसी को भी मनाही नहीं है। महापंचायत में बोलते हुए
युवा भाकियू नेता गौरव टिकैत ने कहा कि लड़ाई फसल और नस्ल बचाने की है। नौ महीने से किसान बॉर्डर पर पड़े हैं, लेकिन सरकार ने सुध नहीं ली। पूंजीपतियों के हाथ की कठपुतली बन चुकी सरकार को किसानों की चिंता नहीं है।
बड़ौत देशखाप के चौधरी सुरेंद्र सिंह ने कहा कि किसान बिरादरी के स्वाभिमान का सवाल है। किसानों को एकजुट होकर आगे बढ़ना होगा। किसान मोर्चा का फैसला मान्य होगा। देशवाल खाप के चौधरी शरणवीर सिंह ने कहा कि आंदोलन किसान के सम्मान की लड़ाई बन गया है। किसान हितों के लिए सबको एकजुट होकर संघर्ष करना होगा। किसान ही अगर परेशान होगा तो कोई कौम खुश नहीं रह सकती। कालखंडे खाप के चौधरी संजय सिंह ने कहा कि किसान बेहद लाचार है। खेती करना महंगा हो गया है। डीजल के दाम बढ़ गए हैं। किसान की आय बढ़ानी है तो फसलों का रेट बढ़ाना होगा।
मुजफ्फरनगर में आज एक महिला पत्रकार के साथ बदसलूकी हुई pic.twitter.com/sM2TKCuZYB
— News & Features Network (@mzn_news) September 5, 2021
मंच पर पहुंचे भारतीय किसान यूनियन अध्यक्ष नरेश टिकैत का बड़ा बयान भी सामने आय़ा उन्होंने कहा कि -अगर राजनाथ सिंह किसानों और सरकार के बीच में मध्यस्थता करें तो जल्द ही मामले का हल निकल सकता है।
किसानों ने हवा में लहराए तिरंगे गमछे, लगाए नारे
महापंचायत शुरू होने से पहले आयोजकों ने राकेश टिकैत का हरे, नारंगी और सफेद गमछे हवा में लहराकर स्वागत किया और महापंचायत को शुरू कराने की हामी भरी। पंचायत स्थल पर भारी संख्या में युवा किसान नजर आए। किसानों का उत्साह किसी उत्सव से कम नहीं लग रहा है।
वालिंटियर देख रहे पंचायत की हर व्यवस्था
महापंचायत की पार्किंग से लेकर जीआईसी मैदान के मंच तक की व्यवस्था भाकियू और संयुक्त किसान मोर्चा के वालिंटियर ही संभाल रहे हैं। पुलिस फोर्स किसानों की जिले और शहर में सुरक्षित एंट्री और उनका सकुशल प्रस्थान तक ही व्यवस्था देख रही है, जबकि भोजन शिविर, भंडारे, पार्किंग, पानी, शौचालय, मीडिया, एंट्री और एग्जिट सभी व्यवस्थाएं वालिंटियर्स के हवाले हैं।सभी वालिंटियर्स को आईकार्ड दिए गए हैं, ताकि उनकी पहचान आसान हो सके।
महिलाओं ने भी बढ़चढ़कर दिखाई भागीदारी
किसान महापंचायत में महिलाओं की बढ़चढ़कर भागीदारी नजर आ रही है। हरियाणा राज्य से काफी संख्या में महिलाएं किसान दलों के साथ पंचायत स्थल पर पहुंची है। बता दें कि कर्नाटक के भी कई किसान दल महापंचायत में शामिल होने पहुंचे हैं।
किसान नेता गुरनाम सिंह चढूनी और योगेंद्र यादव मंच पर पहुंचे
मुजफ्फरनगर में हो रही महापंचायत के मंच पर किसान नेता गुरनाम सिंह चढूनी, योगेंद्र यादव पहुंचे चुके हैं। इसके अलावा मेधा पाटेकर भी मंच पर मौजूद है।
गठवाला खाप के थांबेदार बाबा श्याम सिंह को बनाया गया है महापंचायत का अध्यक्ष
भाकियू के राष्ट्रीय अध्यक्ष नरेश टिकैत भी महापंचायत के मंच पर पहुंच चुके हैं। बता दें कि आज महापंचायत के मंच से टिकैत परिवार एकसाथ हुंकार भर रहा है। महापंचायत का अध्यक्ष गठवाला खाप के थांबेदार बाबा श्याम सिंह को बनाया गया है। किसान आंदोलनों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने वाली गठवाला खाप एक बार फिर ताकत दिखाने जा रही है। भाकियू नेता ओमपाल मलिक ने कहा कि गठवाला हमेशा की तरह सबसे खास भूमिका निभाएगा, सबसे बड़ी भागीदारी गठवाला की होगी।

