निजामुद्दीन में धार्मिक जलसे में जुटे 2000 लोग, 24 संक्रमित 350 भर्ती
दिल्ली में धारा-144 लागू होने के बावजूद निजामुद्दीन इलाके में हुए धार्मिक जलसे में शामिल 2000 लोगों में से 24 लोगों को कोरोना संक्रमण की पुष्टि के बाद हड़कंप मच गया। 350 लोगों में महामारी के लक्षण मिलने पर उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। जलसे से तेलंगाना लौटे छह लोगों की मौत हुई है।
Delhi: People from Markaz building,Nizamuddin continue to be shifted to hospitals&quarantine centers. Around 1034 people shifted till now-334 to hospitals & 700 to quarantine centers, in at least 34 trips made by buses. 24 people, gathered here,tested positive for #COVID19 so far pic.twitter.com/zJCg7p8r1w
— ANI (@ANI) March 31, 2020
तेलंगाना मुख्यमंत्री कार्यालय ने ट्वीट कर बताया कि ये सभी संक्रमित थे। वहीं, दिल्ली के अस्पतालों में भर्ती संदिग्धों की जांच रिपोर्ट का अभी इंतजार है।
दिल्ली सरकार ने इसे आपराधिक कृत्य बताते हुए तब्लीगी जमात के मरकज संचालकाें पर एफआईआर दर्ज करने के आदेश दिए हैं। मरकज में एक से 15 मार्च के बीच जलसे में सऊदी अरब, दुबई, उजबेकिस्तान, इंडोनेशिया और मलयेशिया के अलावा देश के कई राज्यों से लोग आए थे। इनमें 600 भारतीयों सहित करीब 2000 लोग थे। लॉकडाउन से पहले बड़ी संख्या में लोग चले गए थे, लेकिन सोमवार को मरकज में 24 लोगों के पॉजिटिव आने से हड़कंप मच गया।
#Coronavirus crisis has adversely affected the economy of Telangana State. Hon’ble CM on Monday held a high level meeting to review the economic impact of #Coronalockdown and consequent lack of inflow of resources and decided to effect cut on salaries across various categories. pic.twitter.com/tJcDuESzQq
— Telangana CMO (@TelanganaCMO) March 31, 2020
शाम तक 350 लोगों को अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती कराया गया। कुछ राज्यों में यहां से वापस गए लोग भी पॉजिटिव मिले हैं। तेलंगाना, तमिलनाडु, जम्मू-कश्मीर, पुडुचेरी लौटे लोगों में से कुछ संक्रमित मिले हैं। रविवार को छह यमन नागरिकों में संक्रमण की पुष्टि के बाद लोगों को अस्पतालों में भर्ती कराना शुरू किया।
Home Ministry has found violation of visa rules by foreigners who attended Tablighi Jamaat event in Nizamuddin, Delhi: Government sources pic.twitter.com/CAb29qewt4
— ANI (@ANI) March 31, 2020
दिल्ली के अलावा यूपी, जम्मू-कश्मीर, तमिलनाडु व तेलंगाना सरकार आयोजन में शामिल लोगों की तलाश कर रही है। गुंटूर विधायक मुस्तफा शेख के भाई भी तब्लीगी जमात में आए थे, जो संक्रमित मिले हैं। इसके बाद शेख परिवार के 14 सदस्य क्वारंटीन हैं। जलसे से लौटे 60 वर्षीय व्यक्ति की बीते हफ्ते कश्मीर में मौत के बाद खतरे की घंटी बज गई थी।
आयोजकों ने पुलिस को बताया, जलसा पहले से चल रहा था। 22 मार्च को जनता कर्फ्यू के कारण लोग मरकज में रुक गए। फिर लॉकडाउन के चलते लोग यहीं रुके रहे। पुलिस ने गृह मंत्रालय को रिपोर्ट भेज दी। बताया जा रहा है कि निजामुद्दीन थाने के कई पुलिसकर्मी भी कोरोना संदिग्ध के दायरे में हैं।
मरकज के कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के 100 लोग शामिल हुए थे, जिनकी पहचान हो चुकी है। यूपी पुलिस के मुताबिक, इन सभी को दिल्ली के ही अलग-अलग अस्पतालों में क्वारंटीन किया गया है। इन लोगों के परिजनों से भी संपर्क किया है। ज्यादातर लोग पश्चिमी यूपी और तीन वाराणसी के थे। पुलिस का दावा है कि आयोजन के बाद यूपी का कोई भी व्यक्ति लौटा नहीं है।
