ट्रेनें शुरू: किराया ज़्यादा, छूट भी वापस
कोरोना के बीच केंद्र ने कुछ वक्त पहले रेल किराए में इजाफा कर दिया था। कहा था कि अधिक लोग ट्रेन में सफर न करें, इसलिए किराया बढ़ाया गया है। इतना ही नहीं, रेलवे ने अधिकांश सेवाओं को प्राइवेट हाथों में भी सौंपा, जिसके बाद बिहार के भागलपुर में वह रेल यात्रियों को सस्ता पानी भी नहीं मुहैया करा पा रहा है। दो साल पहले भागलपुर स्टेशन पर एक रुपए में 300 एमएल और पांच रुपए में एक लीटर मिनरल वॉटर मिल जाता था, पर अब ऐसा नहीं है।
जानकारी के मुताबिक, कोरोना के चलते लगाए गए लॉकडाउन के पहले ही उक्त एजेंसी मशीनें बंद करके पश्चिम बंगाल के कोलकाता शहर निकल गई। वजह- पर्याप्त रिटर्न न हासिल होना था। वैसे, शुरू-शुरू में पांच मशीनों से खासा सेल होती थी, पर 2019 में तीन मशीनें बंद हो गईं। लॉकडाउन लगा और गाड़ियां बंद हुईं, तो एजेंसी में काम करने वाले भी चले गए।
नतीजतन यात्रियों को 15 रुपए प्रति बोतल के हिसाब से पानी खरीदना पड़ता है। लगभग चार साल पहले वॉटर एटीएम भी लगवाए गए थे, जो लॉकडाउन के वक्त से बंद थे…वे भी अब तक नहीं खुले।
स्थानीय मीडिया को आईआरसीटीसी की ओर से जानकारी दी गई कि एटीएम चलाने वाली एजेंसी भाग गई। नया टेंडर होने तक यात्रियों को 15 रुपए वाली बोतल से काम चलाना पड़ेगा।
