Bareilly में इनामी पशु तस्कर कामिल उर्फ नक्ता पुलिस मुठभेड़ में गिरफ्तार, दोनों पैरों में लगी गोली—तीसरे दिन भी जारी सख्त अभियान
News-Desk
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Animal Smuggling Bareilly, bareilly, Bareilly news, Crime News Bareilly, Fatehganj West News, Gaukashee Case UP, Kamil Nakta Arrest, Pankaj Kumar Daroga Injury, police encounter Bareilly, Shivam Ashutosh CO Highway, UP Police ActionBareilly जिले में पशु तस्करों के खिलाफ चल रहे सख्त पुलिस अभियान के बीच बुधवार तड़के फतेहगंज पश्चिमी थाना क्षेत्र में हुई मुठभेड़ में 25 हजार रुपये का इनामी पशु तस्कर कामिल उर्फ नक्ता गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस और आरोपी के बीच हुई इस मुठभेड़ में जहां आरोपी के दोनों पैरों में गोली लगी, वहीं एक पुलिसकर्मी दरोगा पंकज कुमार भी घायल हो गए। दोनों को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया।
जिले में लगातार तीसरे दिन चल रही इस कार्रवाई ने पशु तस्करी के नेटवर्क में सक्रिय अपराधियों के बीच दहशत का माहौल पैदा कर दिया है। पुलिस की इस कार्रवाई को कानून व्यवस्था मजबूत करने की दिशा में बड़ी सफलता माना जा रहा है।
फतेहगंज पश्चिमी क्षेत्र में तड़के हुई घेराबंदी, पुलिस को मिली बड़ी सफलता
Smuggler उस समय सामने आया जब फतेहगंज पश्चिमी थाने की पुलिस टीम नियमित गश्त पर थी। इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि गोवध निवारण अधिनियम और पशु क्रूरता अधिनियम में वांछित आरोपी कामिल उर्फ नक्ता बंद पड़ी रबर फैक्टरी के पास जंगल क्षेत्र में छिपा हुआ है।
सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने तत्काल रणनीति बनाकर इलाके की घेराबंदी शुरू कर दी। पुलिस की सक्रियता और तत्परता के चलते आरोपी को भागने का मौका नहीं मिल सका। जैसे ही पुलिस टीम आरोपी के करीब पहुंची, उसने गिरफ्तारी से बचने के लिए पुलिस पर जानलेवा फायरिंग शुरू कर दी।
पुलिस पर जान से मारने की नीयत से की फायरिंग, दरोगा पंकज कुमार घायल
आरोपी कामिल ने पुलिस टीम को निशाना बनाते हुए गोली चलाई, जिसमें दरोगा पंकज कुमार घायल हो गए। अचानक हुई इस फायरिंग से मौके पर तनावपूर्ण स्थिति बन गई, लेकिन पुलिस टीम ने संयम और साहस का परिचय देते हुए जवाबी कार्रवाई की।
पुलिस की जवाबी फायरिंग में आरोपी कामिल के दोनों पैरों में गोली लग गई, जिससे वह घायल होकर मौके पर गिर पड़ा। इसके बाद पुलिस ने उसे तत्काल हिरासत में लेकर अस्पताल पहुंचाया।
बीसलपुर का रहने वाला है आरोपी कामिल उर्फ नक्ता, 25 हजार का था इनामी
गिरफ्तार आरोपी कामिल उर्फ नक्ता पीलीभीत जिले के बीसलपुर का निवासी बताया गया है। वह लंबे समय से पुलिस की गिरफ्त से बचता फिर रहा था और उस पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार आरोपी क्षेत्र में सक्रिय पशु तस्करी गिरोह से जुड़ा हुआ था और उसके खिलाफ कई गंभीर आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। उसकी गिरफ्तारी को जिले में चल रहे विशेष अभियान की बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है।
गौकशी और गैंगस्टर एक्ट सहित 15 से अधिक गंभीर मामले दर्ज
पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी कामिल उर्फ नक्ता के खिलाफ गौकशी, गैंगस्टर एक्ट सहित लगभग 15 गंभीर आपराधिक मुकदमे पहले से दर्ज हैं। वह लंबे समय से पुलिस की निगरानी सूची में शामिल था और लगातार फरार चल रहा था।
उसकी गिरफ्तारी से पुलिस को पशु तस्करी से जुड़े अन्य अपराधियों तक पहुंचने में भी मदद मिलने की उम्मीद जताई जा रही है। पुलिस अब आरोपी से पूछताछ कर उसके नेटवर्क और सहयोगियों की जानकारी जुटाने में लगी हुई है।
तमंचा, कारतूस और पशु काटने के उपकरण बरामद
मुठभेड़ स्थल से पुलिस ने आरोपी के पास से एक तमंचा, कारतूस और पशु काटने से संबंधित उपकरण बरामद किए हैं। बरामद सामान से यह स्पष्ट होता है कि आरोपी पशु तस्करी और अवैध गतिविधियों में सक्रिय रूप से शामिल था।
बरामद हथियार और उपकरण पुलिस जांच का महत्वपूर्ण हिस्सा बन चुके हैं और इनके आधार पर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
सीओ हाईवे शिवम आशुतोष ने दी पूरी कार्रवाई की जानकारी
सीओ हाईवे शिवम आशुतोष ने बताया कि पुलिस टीम को विश्वसनीय मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई थी, जिसके आधार पर तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपी की घेराबंदी की गई। उन्होंने कहा कि पुलिस टीम पर फायरिंग करने के बाद आरोपी को जवाबी कार्रवाई में घायल अवस्था में गिरफ्तार किया गया।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि जिले में पशु तस्करी के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा और ऐसे अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
तीसरे दिन भी जारी रहा पशु तस्करों के खिलाफ अभियान, अपराधियों में बढ़ी दहशत
जिले में चल रहे व्यापक पुलिस अभियान का हिस्सा है। लगातार तीसरे दिन की गई कार्रवाई ने स्पष्ट संकेत दिया है कि पुलिस पशु तस्करी के मामलों में किसी भी तरह की ढिलाई बरतने के मूड में नहीं है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस अभियान का उद्देश्य केवल अपराधियों की गिरफ्तारी ही नहीं, बल्कि पूरे नेटवर्क को ध्वस्त करना है। इसके लिए लगातार निगरानी, छापेमारी और गुप्त सूचना तंत्र को मजबूत किया जा रहा है।
क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था सख्त, संदिग्ध गतिविधियों पर नजर
मुठभेड़ के बाद फतेहगंज पश्चिमी क्षेत्र और आसपास के इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था और अधिक कड़ी कर दी गई है। पुलिस द्वारा संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की लगातार जांच की जा रही है।स्थानीय लोगों में भी सुरक्षा को लेकर विश्वास बढ़ा है और उन्होंने पुलिस कार्रवाई की सराहना की है।
पुलिस की सख्ती से पशु तस्करी गिरोहों पर बढ़ा दबाव
जिले में लगातार हो रही कार्रवाई से पशु तस्करी से जुड़े गिरोहों पर दबाव बढ़ता जा रहा है। पुलिस अधिकारियों का मानना है कि इस तरह की सख्त कार्रवाई से अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगाने में मदद मिलेगी।जैसी घटनाएं यह संकेत देती हैं कि पुलिस अब संगठित अपराध के खिलाफ निर्णायक रणनीति के साथ आगे बढ़ रही है।

