प्रशासन की बड़ी लापरवाही : स्टेशन पर यात्रियों की नहीं हो रही थर्मल स्क्रेनिंग
मुजफ्फरनगर। जहां एक तरफ जनपद में कोविड-19 केसों में लगातर बढ़ोतरी शासन और प्रशासन दोनों के लिए चिंता का सबब बनी हुई है। वही दूसरी तरफ रेलवे स्टेशन पर कोरोना संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए कोई इंतजाम नहीं दिखाई दिए।
यहां पर सेनेटाईजर मशिन भी नहीं है। इससे अलावा यहां पर आने जाने वाले यात्रियों की थर्मल स्क्रेनिंग भी नहीं हो रही है। साथ ही सोसल डिस्टेंसिग की तो खुले आम धज्जियां उड़ाई जा रही है।
वही जब इस बारे में स्टेशन अधिक्षक ने बताया करने की कोशिश की तो उन्होंने गोलमोल जवाब देकर पल्ला झाड़ दिया। वही प्रशासन की तरफ से भी अभी तक रेलवे स्टेशन पर कोई व्यावस्था नहीं की गई।
सुबह 11 बजे बंद्रा ऐक्सप्रेस ट्रेन जब मुजफ्फरनगर पहुंची तो रेलवे स्टेशन पर यात्रियों की भारी भीड जमा हो गई। इस दौरान आने जाने वाले लोगों के पास मास्क भी नहीं थे। वही रेलवे स्टेशन पर कोई भी सेनेटाईजर मशीन नहीं है। यहां पर स्वास्थाय विभाग ने कोई टीम भी नहीं लगा रखी। इस दौरान यहां पर यात्रियों का कोविड-19 टैस्ट भी नहीं कराया जा रहा है। रेलवे स्टेशन पर सोशल डिस्टेंशिग की तो धज्जियां उड़ाई जा रही है।
यात्री टिकट खिड़की के पास बिना सोशलडिस्टेंशिग के लम्बी लम्बी लाइन में खड़े होकर घंटों लाईन में खड़े होकर अपनी बारी का इंतजार करते दिखाई दिए। बता दे कि इस दौरान रेलवे स्टेशन पर मुंबई और दिल्ली आदि स्थानों से आने जाने वाले यात्री जनपद में प्रवेश कर रहे है।
पहले ही जनपद में कोरोना संक्रमण रोगियों की संख्या में लगातार बढ़ोतरी हो रही है। बता दे कि इससे पहले लॉकडाऊन के समय रेलवे स्टेशन पर डीएम सेल्वा कुमारी जे और एसएसपी अभिषेक यादव ने अपनी टीम के साथ मिलकर निरीक्षण किया था।
और रेलवे स्टेशन पर सेनेटाईजर मशीन आदि की व्यावस्था कराई थी। लेकिन जनपद कोविड-19 फ्री होने के बाद के रेलवे स्टेशन पर प्रशासन की लापरवाही साफ दिखाई दी।
यहां पर अब कोई भी सेनेटाईजर मशीन नहीं है। स्वास्थ्य विभाग की टीम भी यहां पर यात्रियों की थर्मलस्क्रेनिंग नहीं कर रही है। वही इस बारे में जब रेलवे स्टेशन अधिक्षक विपिन कुमार त्यागी ने इस बारे में कुछ भी बताने से इनकार कर दिया।

