धूमधाम से मना गोवर्धन
नगर के विभिन्न मंदिरों में धूमधाम से मना गोवर्धन 
मुजफ्फरनगर। पंचमहोत्सव दीपावली के चौथे दिन गुरुवार को सभी घरों में गोबर के कूट बनाकर उनकी पूजा अर्चना हुई। मंदिरों में अन्नकूट के प्रसाद का वितरण हुआ। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने अन्नकूट के प्रसाद को ग्रहण किया। विद्वानों का मानना है कि अन्नकूट जैसे कार्यक्रम जात-पात, छोटा-बड़ा, ऊंच-नीच, छूआछूत का भेदभाव मिटाते हैं। ऐसे कार्यक्रमों से आपसी प्यार मोहब्बत, भाईचारा, शांति, एकता को बढ़ावा मिलता है।
नई मंडी स्थित गऊशाला में बृहस्पतिवार को गोवर्धन पूजा हुई। पूजा-अर्चना के लिए श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लगी रहीं। गोवर्धन को फूल-मालाओं से सजाया गया। इस दौरान गोवर्धन पर्वत, शेषनाग, रुकमणि आदि की झांकियां निकली गईं।
गोवर्धन की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। इससे पूर्व गोवर्धन पूजा के लिए विधि-विधान से हवन हुआ। गोवर्धन पर्वत और शेषनाग की झांकियों ने सबका मन मोह लिया। रुकमणि और सत्य बाबा पर आधारित नृत्य नाटिकाओं को देखने के लिए श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा।
गऊशाला प्रांगण में एक दिवसीय मेला लगाया गया, जिसे देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे। गऊशाला सभा में गोवर्धन पूजा पर वार्षिक अधिवेशन भी हुआ। नई मंडी रामलीला भवन में गोवर्धन के अवसर पर अन्नकूट के प्रसाद का वितरण हुआ। श्रीरामलीला कमैटी के अध्यक्ष संजय मित्तल, मंत्री व पदाधिकारियों की मौजूदगी में अन्नकूट का प्रसाद वितरित किया गया। इस दौरान अनेक श्रद्धालुओं ने श्रद्धाभाव के साथ प्रसाद ग्रहण किया। वहीं नई मंडी बिंदल बाजार स्थित माता वाले मंदिर में अन्नकूट का भंडारा हुआ। मंदिर समिति के अध्यक्ष विनोद सिंघल, वरिष्ठ पदाधिकारी मनमोहन सिंघल, सुशील सिंघल आदि की उपस्थिति में प्रसाद का वितरण हुआ।
विश्वकर्मा एकता समिति उत्तर प्रदेश ने विश्वकर्मा चौक पर गोवर्धन और विश्वकर्मा की विशेष पूजा अर्चना की। इस दौरान अनेकों श्रद्धालु मौजूद रहे।
बीएसएनएल कर्मचारियों ने शिव चौक स्थित गौरी शंकर मंदिर में विशेष पूजा-अर्चना की। पूजन एसडीओ वाईपी सिंह ने किया। इसके बाद कर्मचारियों ने अन्नकूट का वितरण किया। इसमें सैकड़ों लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया। दैनिक रेल यात्री संघ ने सिद्धपीठ प्राचीन पिपलेश्वर महादेव मंदिर में अन्नकूट का वितरण किया। इस दौरान अनेकों श्रद्धालु मौजूद रहे।
गुरुवार की शाम सभी घरों में गोबर से भगवान गोवर्धन की प्रतिमाएं बनाई गई। प्रतिमा के समक्ष शस्त्र-शास्त्र, गन्ना, किसानों ने अपने कृषि यंत्र रखकर पूजा की। इससे पूर्व दिन में मंदिरों में भगवान श्रीकृष्ण समेत इन्द्र, वरुण, अग्नि आदि देवताओं की पूजा अर्चना हुई। भगवान को भोग लगाने के बाद प्रसाद का वितरण हुआ। मंदिरों में अन्नकूट के कार्यक्रम हुए। अन्नकूट के रूप में कढ़ी चावल, मिश्रित सब्जियां, पूरी आदि बनाकर उनका वितरण हुआ। रेशू विहार, लक्ष्मण विहार, एसडी न्यू मार्केट स्थित शिव मंदिर, नवीन मंडी स्थल स्थित शिव मंदिर, भरतिया कालोनी स्थित माता राजरानी मंदिर, गणेश धाम मंदिर, बालाजी धाम मंदिर, शिवचौक, आदर्श कालोनी स्थित मंदिर, डल्लू देवता मंदिर समेत, ब्रह्मपुरी, कृष्णापुरी, गांधीनगर स्थित हनुमान दक्षिणामुखी मंदिर, श्यामाश्याम मंदिर, गांधी कालोनी स्थित गोलोक धाम मंदिर समेत शहर के अधिकांश मंदिरों में अन्नकूट के प्रसाद का वितरण हुआ। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने पंक्तियों में बैठकर प्रसाद को ग्रहण किया।
श्री राम दरबार मंदिर दक्षिणी रामपुरी में गोवर्धन व विश्वकर्मा पूजा के उपलक्ष्य में विशाल भंडारे का आयोजन हुआ। भंडारे का शुभारंभ भगवान गोवर्धन व विश्वकर्मा को भोग लगाकर किया। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। इस दौरान पवन पांचाल, अशोक धीमान, देशपाल पांचाल, रमेश पांचाल, रामपाल धीमान, जगदीश पांचाल, नरेश पांचाल, मयंक पांचाल, ब्रजपाल, हर्षित, हंसपाल, हरबपाल, सुमित, नरेश प्रजापति, राजकुमार, शेरपाल, ओमप्रकाश आदि का सहयोग रहा।
