Muzaffarnagar और आसपास से प्रमुख खबरें

सीएए को लेकर हुए उपद्रव में प्रशासन ने 46 लोगों को चिन्हित कर किये नोटिस जारी

12 2 |मुजफ्फरनगर। नागरिकता संशोधन विधेयक के विरोध में विगत 20 दिसम्बर को नगर में हुई हिंसा व तोड़फोड़ के मामले में गिरफ्तार 40 आरोपियों की कोर्ट ने न्यायिक हिरासत बढ़ा दी है। इस मामले में जिला प्रशासन ने 46 लोगों को चिन्हित कर नोटिस जारी किये हैं, जबकि जिला प्रशासन के समक्ष 48 लोगों ने एक करोड़ रूपये के नुकसान का क्लेम प्रस्तुत किया है।

केन्द्र सरकार द्वारा देश में लागू किये गये नागरिकता संशोधन विधेयक के विरोध में विगत 20 दिसम्बर को नगर में जुमे की नमाज के बाद मुस्लिम समाज द्वारा हिंसक विरोध प्रदर्शन किया गया था, उत्तेजित भीड़ ने नगर में कई स्थानों पर तोड़फोड़ व पथराव व आगजनी कर दी थी। इस घटना के दौरान खालापार निवासी नूर मौहम्मद की गोली लगने से मौत हुई थी। पुलिस ने शहर कोतवाली व थाना सिविल लाइन में दर्जनों मुकदमे दर्ज किये और सैकडों लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेजा था।

नागरिकताः तोड़फोड़-हिंसा मामले में गिरफ्तार 40 आरोपियों की न्यायिक हिरासत बढ़ी

इस मामले में गिरफ्तार 40 आरोपियों की न्यायिक हिरासत कोर्ट ने बढ़ा दी है। जेल में बंद 40 आरोपियों की वीडियो कांफ्रेसिंग के जरिये न्यायिक हिरासत 20 आरोपियों की 17 जनवरी तक तथा 20 आरोपियों की 16 जनवरी तक न्यायिक हिरासत बढ़ा दी गई है, सीजेएम रविकांत यादव ने सभी 40 आरोपियों की न्यायिक हिरासत आगामी 16 व 17 जनवरी तक वीडियो कांफ्रेसिंग के जरिये बढाई है। इस बीच जिला जज की कोर्ट में नियत जमानत अर्जियों पर भी आज सुनवाई नहीं हो सकी और अग्रिम तिथि तक सुनवाई स्थगित हो गई है। इस मामले में जिला प्रशासन ने भी बेहद सख्त रवैया अपनाया है और दोषियों को कडी सजा दिलाने के प्रयास तेज कर दिये है।
सीएए हिंसा मामले में जिला प्रशासन ने 46 लोगों को चिन्हित कर नोटिस जारी किये है। नोटिस में क्षतिग्रस्त सम्पत्ति की क्षतिपूर्ति का जवाब मांगा गया है और जवाब के अनुसार ही क्षतिपूर्ति की कार्यवाही की जायेगी। इस मामले में डीएम द्वारा तय की गई कमैटी के समक्ष कुल 48 लोगों ने क्षतिग्रस्त सम्पत्ति का क्लेम किया है। 20 दिसम्बर को हुई हिंसा में लगभग 1 करोड़ रूपये की सरकारी व निजी सम्पत्ति का नुकसान होने का अनुमान है।

अपर जिलाधिकारी ई अमित कुमार सिंह ने बताया कि 46 लोगों को नोटिस जारी कर प्रशासन की ओर से आगजनी व उपद्रव में क्षतिपूर्ति की मांग की गई है और सात दिन में जवाब मांगा गया है। इस मामले में एडीएम के पास 48 लोगों ने उपद्रव में हुए नुकसान की क्षतिपूर्ति के लिये साक्ष्य समेत प्रत्यावेदन दिये है। सीएए कानून के विरोध की हिंसा में शहर कोतवाली व थाना सिविल लाइन में अभी तक 48 मुकदमे दर्ज हुए है, जिसमें 258 नामजद है और लगभग 6 हजार अज्ञात लोग भी शामिल है, सबसे अधिक नुकसान मीनाक्षी चौक, खालापार, मदीना कोलानी, हाजीपुरा, रूड़की रोड़ व कच्ची सड़क पर हुआ था।
नोटिस में कहा गया है कि पुलिस की आख्या के अनुसार आप उपद्रव में शामिल थे, क्यों न नुकसान की क्षतिपूर्ति आप से की जाये। इसके लिये सात दिनों में जवाब मांगा गया है। शहर कोतवाली में नामजद 19 और सिविल लाइन थाने में नामजद 27 समेत कुल 46 लोगों को नोटिस जारी किये गये है, जिसमें सिविल लाइन क्षेत्र के लोगों से 9 जनवरी तक तथा कोतवाली क्षेत्र के लोगों 10 जनवरी तक जवाब मांगा गया है।

News-Desk

News Desk एक समर्पित टीम है, जिसका उद्देश्य उन खबरों को सामने लाना है जो मुख्यधारा के मीडिया में अक्सर नजरअंदाज हो जाती हैं। हम निष्पक्षता, सटीकता, और पारदर्शिता के साथ समाचारों को प्रस्तुत करते हैं, ताकि पाठकों को हर महत्वपूर्ण विषय पर सटीक जानकारी मिल सके। आपके विश्वास के साथ, हम खबरों को बिना किसी पूर्वाग्रह के आप तक पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध हैं। किसी भी सवाल या जानकारी के लिए, हमें संपर्क करें: [email protected]

News-Desk has 21118 posts and counting. See all posts by News-Desk

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

eleven − two =