Lucknow: मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने आईटीआई से राष्ट्रीय अप्रेंटिसशिप मेले का शुभारंभ किया
Lucknow: मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने आईटीआई लखनऊ से राष्ट्रीय अप्रेंटिसशिप मेले का शुभारंभ कर प्रशिक्षुओं का उत्साहवर्धन किया और कहा कि अप्रेंटिशिप के दौरान ही वातावरण अनुकूलन, रोजगारपरक स्किल को सीखने व गढ़ने का अवसर मिलेगा तथा उद्योगों को अपने उद्योग / अधिष्ठान की आवश्यकता के अनुरूप युवाओं को प्रशिक्षित करने के अवसर प्राप्त होंगे।
प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के निर्देशानुसार देशभर के 700 संस्थानों में अप्रेंटिस शिप मेलो का आयोजन किया जा रहा है। इसी कड़ी में मुजफ्फरनगर शहर विधानसभा सीट से विधायक एवं प्रदेश सरकार में व्यावसायिक शिक्षा एवं कौशल विकास विभाग के स्वतंत्र प्रभार मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने आज राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान अलीगंज लखनऊ से राष्ट्रीय अप्रेंटिसशिप मेले का शुभारंभ किया व प्रशिक्षुओं को संबोधित करते हुए उनका उत्साह वर्धन किया।
उद्योगो एवं अधिष्ठानों तथा एमएसएमई के प्रोत्साहन हेतु भारत सरकार द्वारा वर्ष 2016 से राष्ट्रीय शिक्षुता प्रोत्साहन योजना एनएपीएस तथा प्रदेश सरकार द्वारा मुख्यमंत्री शिक्षुता प्रोत्साहन योजना (सीएमएपीएस) को प्रारम्भ किया गया है। राष्ट्रीय शिक्षुता प्रोत्साहन योजना के अन्तर्गत प्रदेश सरकार द्वारा ‘अप्रेंटसशिप करिए आत्मनिर्भर बनिए’ व्यावसायिक शिक्षा एवं कौशल विकास विभाग एवं सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम द्वारा अप्रेटसशिप मेले का आयोजन किया जा रहा है।
उक्त जानकारी देते हुए प्रदेश के व्यावसायिक शिक्षा एवं कौशल विकास राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कपिल देव अग्रवाल ने बताया कि यह अप्रेंटसशिप मेला प्रत्येक जनपद के नोडल आईटीआई में आयोजित किया जा रहा है। इस अप्रेंटसशिप मेले मे प्रतिभाग करने की न्यूनतम योग्यता 5वीं उत्तीर्ण तथा न्यूनतम आयु 14 वर्ष है। इस मेले में पूर्व प्रशिक्षण या अनुभव आवश्यक नही है।
मंत्री कपिल देव ने अप्रेंटिस करने के लाभ की जानकारी देते हुए बताया कि कि अप्रेंटिस को उद्योगों मे रोजगार एवं व्यावसायिक प्रशिक्षण गढ़ने, अप्रेंटिशिप के दौरान ही वातावरण अनुकूलन, रोजगारपरक स्किल को सीखने व गढ़ने का अवसर, अप्रेंटसशिप के दौरान अर्जित कौशल से ज्ञान व आत्मविश्वास में वृद्धि तथा सम्बन्धित उद्योग / अधिष्ठान मे अप्रेंटिसशिप के पश्चात रोजगार की बेहतर संभावनाये होती है। इसके साथ-साथ अप्रेंटसशिप ट्रेनिंग के दौरान प्रति माह कम से कम 7000 रूपये का भुगतान किया जाता है।
उन्होंने ने अप्रेंटिसशिप से उद्योगों को लाभ की जानकारी देते हुए बताया कि अप्रेंटिसशिप से उद्योगों को अपने उद्योग / अधिष्ठान की आवश्यकता के अनुरूप युवाओं को प्रशिक्षित करने का अवसर, अप्रेंटिसशिप के माध्यम से उत्पादन क्षमता में वृद्धि, अत्यंत ही कम व्यय पर कुशल जनशक्ति की उपलब्धता, अप्रेटिस को देय धनराशि के सापेक्ष अधिकतम 2500 रूपये प्रतिमाह की प्रतिपूर्ति, अप्रेटिस को किया जाने वाला भुगतान ईपीएफ व ईएसआई के प्राविधानों से अच्छादित नहीं तथा अप्रेटिसशिप का समस्त व्यय सीएसआर के अन्तर्गत सम्मिलित किया जा सकता है।
मंत्री कपिल देव ने इस अप्रेंटसशिप मेले के प्रमुख ट्रेड्स व सेक्टर की जानकारी देते हुए बताया कि इस अप्रेटसशिप मेले में प्रमुख ट्रेड्स व सेक्टर में फिटर, इलेक्ट्रीशियन, मशीनिस्ट, वेल्डर, मेसन, इलेक्ट्रानिक्स, रेफ्रिजरेशन व ए.सी. टेक्नीशियन, आटोमोबाइल टेक्नीशियन, कंप्यूटर व डाटा एंट्री ऑपरेटर, ट्रैवल व टूरिज्म ऑपरेटर, हॉस्पिटेलिटी सेक्टर्स है।
उन्होंने बताया कि ऑनलाईन पंजीकरण की सुविधा उद्योगों और लाभार्थी दोनो के लिए है। इसके लिए https://www.apprenticeshipindia.gov.in https://cmapsup.in/apps पर जाकर आनलाईन प्रोफाइल बनाये एवं अप्रेंटिसशिप के अवसर पा सकते है।

