बिजली बिल राहत योजना 2025-26 में धमाकेदार छूट: Muzaffarnagar में 1.12 अरब के बकायेदारों को मिल रहा सुनहरा मौका, चोरी मामलों पर भी बड़ी राहत
Muzaffarnagar—उत्तर प्रदेश सरकार ने 2025-26 के लिए बिजली बिल राहत योजना लागू करने की घोषणा करके लाखों उपभोक्ताओं को बड़ी राहत दी है। यह योजना खासतौर पर एलएमवी-1 (घरेलू) उपभोक्ताओं के 2 किलोवाट तक के भार और एलएमवी-2 (वाणिज्यिक) उपभोक्ताओं के 1 किलोवाट भार वाले never paid और long unpaid उपभोक्ताओं के लिए बनाई गई है। इसके साथ ही बिजली चोरी से जुड़े सभी प्रकरणों में भी अभूतपूर्व छूट दी जा रही है।
इस electricity bill relief scheme का सबसे बड़ा आकर्षण है कि उपभोक्ता पहली बार विलंबित अधिभार (late fee) में 100% छूट प्राप्त कर सकेंगे। इसके साथ मूल बकाया राशि पर भी अतिरिक्त छूट दी जा रही है।
प्रदेश सरकार ने इस योजना को तीन चरणों में लागू करने का फैसला किया है—
पहला चरण: 1 दिसंबर 2025 – 31 दिसंबर 2025
दूसरा चरण: 1 जनवरी 2026 – 31 जनवरी 2026
तीसरा चरण: 1 फरवरी 2026 – 28 फरवरी 2026
योजना का सिद्धांत बिल्कुल स्पष्ट है—
“जो जल्दी आएगा, वही सबसे अधिक फायदा पाएगा।”
पंजीकरण प्रक्रिया: 2000 रुपये देकर होगा रजिस्ट्रेशन अनिवार्य, OTP वेरिफिकेशन भी जरूरी
योजना का लाभ पाने के लिए हर पात्र उपभोक्ता को ₹2000 जमा करके पंजीकरण कराना अनिवार्य है।
पंजीकरण निम्न माध्यमों से किया जा सकता है—
ऑनलाइन पोर्टल
विभागीय खंड/उपखंड कार्यालय
कैश काउंटर
जनसेवा केंद्र
विद्युत सखी
फिनटेक प्रतिनिधि
मीटर रीडर / बिलिंग एजेंसी
उपभोक्ताओं के मोबाइल नंबर का OTP वेरिफिकेशन अनिवार्य है और एक मोबाइल नंबर से अधिकतम दो पंजीकरण ही संभव हैं।
सरकार ने यह सुनिश्चित किया है कि ग्रामीण या शहरी, सभी उपभोक्ताओं को पंजीकरण का सरल विकल्प उपलब्ध हो।
मुज़फ्फरनगर ज़ोन में 35,688 उपभोक्ताओं को राहत — 112.95 करोड़ की बकाया राशि पर मिलेगा लाभ
मुज़फ्फरनगर क्षेत्र में यह योजना बेहद प्रभावशाली रूप से लागू की जा रही है। आंकड़े बताते हैं कि—
35,688 उपभोक्ता बकाया में हैं
कुल बकाया राशि ₹112.95 करोड़
मूल बकाया: ₹65.27 करोड़
अधिभार: ₹47.68 करोड़
इतना ही नहीं—
बिजली चोरी के मामलों में भी मुज़फ्फरनगर ज़ोन के 16,385 उपभोक्ता इस योजना के तहत राहत पा सकते हैं।
इन पर कुल राजस्व निर्धारण ₹78.79 करोड़ है।
सरकार की यह घोषणा बताती है कि राज्य प्रशासन उपभोक्ताओं को आर्थिक राहत प्रदान करने की दिशा में बेहद गंभीर है और वर्षों से लंबित बिजली बकाया को समाप्त करने के लिए बड़े कदम उठा रहा है।
एकमुश्त भुगतान (One-Time Settlement) का विकल्प — सबसे बड़ा लाभ: 25% तक की छूट
एकमुश्त भुगतान चुनने वाले उपभोक्ताओं को योजना में सबसे बड़ा फायदा मिलेगा।
उन्हें—
31 मार्च 2025 या इससे पहले के अधिभार पर 100% छूट
मूल बकाया पर अतिरिक्त छूट चरणों के अनुसार—
पहला चरण: 25% अतिरिक्त छूट
दूसरा चरण: 20% अतिरिक्त छूट
तीसरा चरण: 15% अतिरिक्त छूट
यानी जो उपभोक्ता पहले चरण में पूरा भुगतान कर देगा, वह सबसे अधिक लाभ ले सकेगा।
यदि कोई उपभोक्ता पहले या दूसरे चरण में रजिस्ट्रेशन करा लेता है, लेकिन तीसरे चरण के अंत तक भुगतान नहीं करता, तो—
उसे डिफॉल्टर घोषित कर दिया जाएगा
योजना के सभी लाभ समाप्त हो जाएंगे
सरकार का आदेश बिल्कुल स्पष्ट है—
एकमुश्त भुगतान सबसे बड़ा लाभ देता है, और देरी करने पर छूट कम होती जाती है।
₹750 मासिक किश्त विकल्प — 10% अतिरिक्त छूट, लेकिन सख्त शर्तें
जो उपभोक्ता एकमुश्त भुगतान नहीं कर सकते, वे ₹750 मासिक किश्त का विकल्प चुन सकते हैं।
इसमें—
पंजीकरण की तिथि तक का विलंबित अधिभार 100% माफ
31 मार्च 2025 तक के मूल बकाये पर 10% अतिरिक्त छूट
शर्तें—
हर महीने की 25 तारीख तक किश्त + चालू बिल जमा करना होगा
बिल न मिलने पर प्रोविजनल बिल से भुगतान अनिवार्य
डिफॉल्ट चार्ज—
1 बार डिफॉल्ट = ₹50
2 बार डिफॉल्ट = ₹150
3 बार डिफॉल्ट = ₹300
यदि लगातार चार महीने तक डिफॉल्ट किया, तो—
उपभोक्ता पूरी तरह डिफॉल्टर
कोई राहत नहीं
योजना का लक्ष्य साफ है—
नियमित भुगतान की आदत को बढ़ावा देना और उपभोक्ताओं को स्थायी राहत प्रदान करना।
₹500 मासिक किश्त विकल्प — कम किश्त, 5% अतिरिक्त छूट
यह विकल्प आर्थिक रूप से कमजोर उपभोक्ताओं के लिए बनाया गया है।
इसमें—
विलंबित अधिभार पर 100% छूट
31 मार्च 2025 तक के मूल बकाये पर 5% अतिरिक्त छूट
बाकी शर्तें ₹750 योजना जैसी ही हैं।
सरकार का प्रयास है कि हर बजट वर्ग का उपभोक्ता बिजली के बकाये से मुक्त हो सके।
बिजली चोरी के मामलों पर सरकार का कड़ा परंतु राहतपूर्ण कदम — 60% तक राहत
पहली बार सरकार ने बिजली चोरी के मामलों में भी राहत व्यवस्था की घोषणा की है।
इसमें पंजीकरण के लिए—
₹2000 या राजस्व निर्धारण का 10% (जो अधिक हो) देना अनिवार्य है।
छूट चरणानुसार:
पहला चरण: 50% देय
दूसरा चरण: 55% देय
तीसरा चरण: 60% देय
इसमें कुछ विशेष लाभ भी दिए गए हैं—
जिन उपभोक्ताओं पर बिजली चोरी का मामला अदालतों में लंबित है
जिनके कनेक्शन स्थायी रूप से कट चुके हैं
जिनके विरुद्ध R.C. जारी है
सभी इस योजना का लाभ उठाकर भारी भरकम खर्च और लंबी कानूनी प्रक्रिया से बच सकते हैं।
पंजीकरण आसान बनाने के लिए पूरी मशीनरी तैनात — विद्युत सखी, फिनटेक एजेंसियां, ई-रिक्शा प्रचार सक्रिय
पश्चिमांचल डिस्कॉम ने क्षेत्र के प्रत्येक उपखंड के लिए विस्तृत पंजीकरण व्यवस्था बनाई है।
पंजीकरण और भुगतान के लिए निम्न सेवाएं सक्रिय हैं—
सहज
व्योमटेक
BLS
VLE/एजेंट
विद्युत सखी
सरकार इन एजेंटों को उपभोक्ताओं को योजना का लाभ दिलाने पर प्रोत्साहन राशि भी दे रही है।
गांव-गांव जानकारी पहुंचाने के लिए—
ई-रिक्शा प्रचार
मुनादी
विशेष जागरूकता अभियान
भी चलाए जा रहे हैं।
बकायेदारों की अलग सूची तैयार कर उन्हें व्यक्तिगत रूप से जानकारी दी जा रही है ताकि कोई भी उपभोक्ता योजना से वंचित न रहे।

