Muzaffarnagar News-उत्तराखंड सरकार देगी उत्तराखंड में नये उद्योग लगाने वालो को सुविधाः पुष्कर सिंह धामी
मुजफ्फरनगर। (Muzaffarnagar News) उत्तराखंड के सीएम पुष्कर सिंह धामी ने रविवार को मुजफ्फरनगर के रामपुर तिराहा स्थित शहीद स्थल पहुंचकर उत्तराखंड गठन के दौरान हुए आंदोलन में शहीद हुए लोगो को श्रद्धांजलि दी। इससे पहले प्रदेश के राज्यमंत्री कपिल देव अग्रवाल तथा स्थानीय भाजपा नेताओ ंने उनका स्वागत किया। शहीद स्थल पर सीएम धामी ने कहा कि शहीदों को कभी भुलाया नहीं जा सकता।
उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार आंदोलन में शहीदों के स्वजन तथा अन्य आंदोलनकारियों के हित के लिए कृत संकल्पित है। इससे पहले उनको गार्ड आफ आनर दिया गया।
शहीद आंदोलनकारियों को वर्षों से दी जा रही श्रद्धांजलि-२८ साल पहले उत्तराखंड गठन की मांग के लिए दिल्ली जा रहे लोगों पर रामपुर तिराहा पर गोली चला दी थी। जिसमें ७ आंदोलनकारी शहीद हुए थे। रामपुर तिराहा पर ही उत्तराखंड शहीद स्थल का निर्माण कराया गया था। हर साल उत्तराखंड के मुख्यमंत्री वहां पहुंचकर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हैं।
रविवार को भी उत्तराखंड सीएम पुष्कर सिंह धामी शहीद स्थल पहुंचे। वहां उन्होंने शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान भाजपा जिलाध्यक्ष विजय शुक्ला, जिला मंत्री वैभव त्यागी, भाजपा नेता अचिन्त मित्तल, संजय गर्ग, डा. देशबंधु तोमर, रमेश खुराना सहित अनेक भाजपाई मौजूद रहे।
उत्तराखंड आंदोलन के शहीदों को उत्तराखंड सीएम ने दी श्रद्धांजलि

मुजफ्फरनगर। (Muzaffarnagar News) श्री दिगम्बर जैन मंदिर अतिशय क्षेत्र वहलना के वार्षिक यात्रा महोत्सव में बतौर मुख्य अतिथि शामिल होने आये उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि उत्तराखंड लगातार प्रगति के पथ पर बढ़ रहा है।
उन्होंने कहा कि उत्तराखंड में नये उद्योग लगने शुरू हो गये है। उत्तर प्रदेश के उद्यमी भी उत्तराखंड में अपने उद्योग स्थापित करे तो इसमे उत्तराखंड सरकार पूरी तरह से सहयोग करेगी।
मुख्यमंत्री पुष्कर िंसह धामी ने कहा कि उत्तराखंड में जहां सड़कों का जाल बिछा दिया गया है। ब्रदीनाथ और केदारनाथ धाम में फोरलेन मार्ग बनाये गये है वहीं, अनेक धार्मिक स्थलों का जीर्णोद्वार भी किया गया।
पर्यटन की दृष्टि से उत्तराखंड का देश में प्रथम स्थान है। इसके अलावा आयुष (औषधि) भी उत्तराखंड में बहुतायत में पाई जाती है। अब उत्तराखंड में विभिन्न स्थानों पर नये उद्येग लगने शुरू हो गये है। उन्होंने कहा कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश के व्यापारियें ने जहां रूद्रपुर, जसपुर आदि में अपने उद्योग लगा रखे है वहीं वे एक बार फिर अनुरोध करते है कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश के उद्यमी उत्तराखंड में अपने उद्योग स्थापित करे सरकार उन्हे सभी तरह की सुविधाएं उपलब्ध करायेगी। उन्होंने यह भी कहा कि उत्तराखंड का गौरवमयी इतिहास रहा है यहां के युवाओं ने जहां देश के लिए अनेक कुर्बानियां दी है।
देश के जाने माने अजित डोबाल देश के सर्वस्व पद पर है इसके अलावा पूर्व सीडीएस स्व. विपिन रावत भा उत्तराखंड के ही निवासी रहे है। मुख्यमंत्री ने कहा कि आज देश की दो महान विभूतियों मोहनदास कर्मचंद गांधी जिन्हे हम राष्ट्रपिता बापू के नाम से सम्बोधित करते हे उनका एवं देश के पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री जी का भी जन्मदिवस हे। ऐसी महान विभूतियों को हम श्रद्धासुमन अर्पित करते है।
उत्तराखंड में मुजफ्फरनगर को शामिल करने की उठाई मांग
मुजफ्फरनगर। (Muzaffarnagar News) संयुक्त समाजसेवी टीम ने मुजफ्फरनगर को उत्तराखंड में शामिल करने मांग को लेकर रामपुर तिराहा पर प्रदर्शन किया और उत्तराखंड सरकार के अधिकारियों को ज्ञापन पत्र देकर शीर्ष नेतृत्व से कार्यवाही की मांग की।
संयुक्त समाजसेवी टीम ने रामपुर तिराहा पर इंकलाब जिंदाबाद का नारा लगाया। इस अवसर पर रामपुर तिराहा शहीद स्मारक के गेट पर हुए प्रदर्शन में बोलते हुए प्रमुख समाजसेवी मनीष चौधरी ने कहा कि मुजफ्फरनगर का विकास सही तरीके से नहीं हो पा रहा है, इसका कारण यह है कि मुजफ्फरनगर न तो सही तरीके से उतर प्रदेश में ही है और न ही एनसीआर में है
इसलिए मुजफ्फरनगर को उत्तराखंड में शामिल किया जाए, क्योंकि एनसीआर में होने से मुजफ्फरनगर का नुकसान हो रहा है। इस अवसर पर केपी चौधरी ने कहा कि मुजफ्फरनगर को उत्तराखंड में शामिल करने की मांग को लेकर आगामी आज २ अक्टूबर को रामपुर तिराहा पर शहीद स्मारक पर एक विशाल प्रदर्शन किया और उत्तराखंड सरकार के जनप्रतिनिधि को मांगपत्र भी सौंपा गया। उन्होंने मांगपत्र में कहा कि निजी वाहन मालिको को दस वर्ष में ही अपने वाहन नहीं चलाने दिया जा रहा है
जबकि उत्तराखंड में बीस साल तक वाहन चला सकते हैं, इसी कारण एनसीआर में शामिल होने से वाहन चलाने में भी दिक्कत हो रही है। इस अवसर पर भारतवीर प्रधान ने कहा कि यदि मुजफ्फरनगर को उत्तराखंड में शामिल नहीं किया जाता है तो शहीद स्मारक को भी रामपुर तिराहा पर नहीं रहने दिया जाएगा। प्रदर्शन में नवीन कश्यप ने कहा कि इस मुहिम को सफल बनाने के लिए गांवों में भी प्रचार किया जाएगा। प्रदर्शन में केपी चौधरी, भारतवीर प्रधान, नवीन कश्यप, हंसराज कश्यप, शांतनु प्रताप, मुन्नू कश्यप, राजेंद्र कश्यप, युवराज सक्षम चौधरी, सौरभ चौधरी, आयुष धीमान, सुनील शर्मा, रोबिन कुमार आदि मौजूद रहे।

