इस्राइली मिसाइल हमले में ईरान और सीरिया के 3 सैनिकों की मौत


इस्राइली सेना ने फिलहाल इन हमलों पर कोई टिप्पणी नहीं की है लेकिन माना जा रहा है कि इन हमलों के पीछे इस्राइल को अमेरिका से मौन सहमति मिली हुई है। युद्ध पर निगाह रखने वाली ब्रिटिश संस्था ने जानकारी दी कि ये हमले बेहद खतरनाक थे।
बता दें कि सीरिया में ईरान और कट्टरपंथी संगठन हिजबुल्लाह राष्ट्रपति बशर अल-असद के समर्थन में लड़ रहे हैं जिन्हें रूस का समर्थन हासिल है। जबकि ये सभी इस्राइल के खिलाफ हैं जिसके चलते सीमा पर टकराव होता रहता है। दरअसल, इस्राइल 2013 से ही सीरियाई सरकार के सैन्य अड्डों के विरुद्ध हवाई हमले जारी रखे हुए है।



