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Muzaffarnagar News: जाट समाज के महापुरूषों को स्मरण करने की आवश्यकता- पलसानिया

Muzaffarnagar News: मुजफ्फरनगर। गांधी कालोनी स्थित चौ. चरण िंसह भवन में आयोजित कार्यक्रम में अंतर्राष्ट्रीय जाट संसद के पदाधिकारी रामअवतार पलसानिया ने कहा कि जाट समाज के महापुरूषों को स्मरण करने की आवश्यकता है। आज देशभर में जाट समाज के विरूद्ध राजनीतिक षडयंत्र रचे जा रहे है जिनको हम समझ नहीं पा रहे है।

उनक षडयंत्रों को समझने की आवश्कयता है। जाट समाज के इतिहास को उजागर करना होगा। हमारा इतिहास बहुत ही गौरवशाली इतिहास है। जाट समाज को अंधविश्वासों व कुरीतियों को दूर कर दशा और दिशा को बदलने की जरूरत है। उन्होंने सामूहिक एकता की आवश्यकता पर बल दिया। देश व समाज के सही इतिहास को पढ़ने व पढ़ाने की आवश्यकता है।

उन्होंने कहा कि चौ. चरण सिंह ने कहा था कि जाट समाज को बोलने सीखना आना चाहिए और अपने दुश्मन के पहचानने की समझ होनी चाहिए तभी तरक्की का रास्ता खुलेगा। रामअवतार कलसानिया ने कहा कि जाट समाज से चौ. चरण सिंह देश के प्रधानमंत्री, चौ. देवीलाल उपप्रधानमंत्री, अनेक गर्वनर व किसानों की आवाज चौ0 महेंद्र सिंह टिकैत हमारे गौरव रहे है।

आज समाज की धमक खत्म हो गयी है। उन्होंने कहा कि जाट समाज के लोग दुनियानभर के देशों में अपने वजूद का डंका मनवा रहे है लेकिन सामूहिक एकता की आवश्यकता है। आज समाज कमजोर हो गया है इस पर चिंतन करने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि जो सरकार जाट समाज को नजर अंदाज कर रही है उसको अपनी ताकत का अहसास कराने की आवश्यकता है।

उन्होंने कहा कि जाटों का गौरवशाली अतीत रहा है उसको दोहराने की आवश्यकता है। पिछले दिनों दिल्ली में अंतरार्ष्ट्रीय जाट संसद का आयोजन कर चर्चा में आये रामअवतार कलसानिया और पीएस कलवानिया ने दुनियाभर में जाट समाज के लेगों को एक मंच पर लाने की मुहिम शुरू की है। उसी संदर्भ में अंतर्राष्ट्रीय जाट संसद के संयोजक पीएस कलवानिया ने अपने संबोधन में कहा कि जाट समाज में एकता का अभाव है। जाटों ने दुनिया पर शासन किया है।

महाराजा सूरजमल ने दिल्ली को फतेह किया था लेकिन आज इतिहास में महाराजा सूरजमल को भूला दिया गया है। उन्होंने दिल्ली में बन रही नई संसद में जाट समाज की महान विभूतियों महाराजा सूरजमल, चौ. चरण सिंह और चौ. महेंद्र सिंह टिकैत की मूर्तियां लगाये जाने की मांग की। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय संग्रहालयों में भी जाटों की उपलब्धी से संबंधित चित्र व सामग्री होनी चाहिए।

देश व समाज को जोड़ने की आवश्यकता पर बल दिया। कार्यक्रम में जाट समाज के पूर्व अध्यक्ष रामपाल सिंह, देवी सिंह सिम्भालका पूर्व अध्यक्ष, जिला जाट सभा के अध्यक्ष जगदीश बालियान, सुंदरपाल सिंह महामंत्री सहित रविन्द्र चौधरी, अनिल चौधरी मुन्नू, मदनपाल सिंह, युद्धवीर सिंह (मिट्ठू), धर्मवीर सिंह मलिक, यशपाल सिंह, जगदीश सिंह, देशपाल तोमर, डा. रविंद्र सिंह, अनूप सिंह वर्मा, अनंगपाल राठी, मदनपाल सिंह चेयरमैन भोकरहेडी, संतोष वर्मा, मनोज नम्बरदार करहेडा, बिजेंद्र सहरावत भोकरहेडी, भोपाल सिंह, देवेंद्र सिंह अहलावत, रिषीपाल सिंह आदि मौजूद रहे।

 

News-Desk

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