भारत और चीन के बीच दौलत बेग ओल्डी में मेजर जनरल स्तर की वार्ता
भारत और चीन में पूर्वी लद्दाख क्षेत्र में सीमा विवाद जारी है। इस बीच शनिवार को दौलत बेग ओल्डी में दोनों देश मेजर जनरल स्तर की वार्ता करेंगे। दोनों सेनाएं वास्तविक नियंत्रण रेखा पर सेनाओं को पीछे हटाने को लेकर बातचीत करेंगी। यह जानकारी भारतीय सेना के सूत्रों ने दी।
रणनीतिक तौर से महत्वपूर्ण डेपसांग क्षेत्र में तनाव कम करने की योजना पर भारत और चीन के बीच बातचीत होने की संभावना है। आधिकारिक सूत्रों के अनुसार भारतीय प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व 3 माउंटेन डिवीजन के जनरल ऑफिसर कमांडिंग, मेजर जनरल अभिजीत बापट करेंगे।
सूत्रों ने कहा बैठक का एजेंडा डेपसांग पर तनाव को कम करना है, जहां दोनों पक्षों ने विवादित सीमा पर सैनिकों की बड़े पैमाने पर तैनाती की हुई है।
India and China to hold Major General-level talks today at Daulat Beg Oldi area to discuss disengagement by Chinese side along the Line of Actual Control (LAC) in Ladakh sector: Indian Army Sources pic.twitter.com/Bc8YZLOD3r
— ANI (@ANI) August 8, 2020
अनुमान है कि 15,000 से अधिक चीनी सैनिक डेपसांग के विपरीत तैनात हैं। वहीं भारत ने भी सैनिकों की तैनाती की है जिसमें एक बख्तरबंद ब्रिगेड भी शामिल है।
बैठक में दोनों सेनाओं द्वारा रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण माने जाने वाले क्षेत्रों के सेनाओं को पीछे हटाने को लेकर बातचीत की जाएगी। सूत्रों ने कहा कि उत्तरी लद्दाख में स्थित होने के कारण डेपसांग को सेना द्वारा सर्वोच्च प्राथमिकता वाला क्षेत्र माना जाता है।
इससे पहले बीते रविवार को भारतीय और चीनी सेना के शीर्ष कमांडरों के बीच पांचवें चरण की बातचीत हुई। यह बातचीत लगभग 11 घंटे तक चली।
इस दौरान भारत ने चीन को वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर गतिरोध वाले सभी स्थानों से अपनी सेना को पीछे हटाने के लिए कहा। सीमा पर तनाव कम करने के लिए दोनों देशों के बीच कूटनीतिक और सैन्य स्तर पर बातचीत की जा रही है।
वार्ता की जानकारी रखने वाले अधिकारियों ने कहा कि बातचीत के दौरान भारत ने पैंगोंग त्सो और पूर्वी लद्दाख में वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) के पास टकराव वाले सभी स्थानों से चीनी सैनिकों के जल्द से जल्द पूरी तरह पीछे हटने को लेकर जोर डाला।

