नशे में टेकऑफ की तैयारी! कनाडा में Air India पायलट पर गंभीर आरोप, ट्रांसपोर्ट कनाडा ने मांगा जवाब, सुरक्षा नियमों के उल्लंघन की जांच तेज
कनाडा में एक अंतरराष्ट्रीय उड़ान से ठीक पहले नशे में पाए गए Air India के पायलट को लेकर अब कनाडाई एविएशन अथॉरिटी ने सख्त रुख अपनाया है। यह मामला 23 दिसंबर, 2025 का है, जिसकी आधिकारिक जानकारी 1 जनवरी, 2026 को सार्वजनिक हुई। घटना के बाद कनाडा ने इसे यात्री सुरक्षा से जुड़ा अत्यंत गंभीर मामला बताते हुए एअर इंडिया से औपचारिक जवाब और विस्तृत जांच रिपोर्ट मांगी है।
🔴 कनाडा की एजेंसियों की सख्त कार्रवाई, एयरलाइन से जवाब तलब
इस प्रकरण में रॉयल कैनेडियन माउंटेड पुलिस (RCMP) की शिकायत के आधार पर ट्रांसपोर्ट कनाडा ने 24 दिसंबर, 2025 को एअर इंडिया को आधिकारिक पत्र जारी किया। पत्र में स्पष्ट रूप से कहा गया कि ड्यूटी से पहले शराब सेवन करना कनाडियन एविएशन रेगुलेशंस (CARs) का सीधा उल्लंघन है।
ट्रांसपोर्ट कनाडा ने इस मामले को महज अनुशासनहीनता नहीं, बल्कि फ्लाइट सेफ्टी रिस्क करार दिया है।
🔴 कौन-कौन से नियमों का उल्लंघन बताया गया
कनाडाई एविएशन अथॉरिटी के अनुसार, इस घटना में—
CARs 602.02
CARs 602.03
और एअर इंडिया के फॉरेन एयर ऑपरेटर सर्टिफिकेट (FAOC)
की शर्तों का उल्लंघन हुआ है।
ट्रांसपोर्ट कनाडा ने साफ कहा है कि इस मामले में RCMP और TCCA दोनों द्वारा प्रवर्तन (Enforcement) कार्रवाई की जा सकती है।
एअर इंडिया को निर्देश दिया गया है कि वह 26 जनवरी, 2026 तक जांच के निष्कर्ष और उठाए गए कदमों की पूरी जानकारी प्रस्तुत करे।
🔴 वैंकूवर से वियना जाने वाली फ्लाइट से जुड़ा मामला
पूरा मामला एअर इंडिया की अंतरराष्ट्रीय उड़ान AI186 से जुड़ा है, जो वैंकूवर से वियना के लिए रवाना होने वाली थी।
कनाडाई पुलिस के अनुसार, फ्लाइट के कैप्टन सौरभ कुमार 23 दिसंबर, 2025 को ड्यूटी पर पहुंचे, लेकिन वे शराब के नशे में थे और उड़ान भरने की स्थिति में नहीं थे।
🔴 स्टाफ ने वाइन पीते देखा, फिर हुआ खुलासा
घटना का खुलासा तब हुआ जब एयरलाइन के एक स्टाफ सदस्य ने पायलट को वाइन पीते हुए देखा। तत्काल इसकी सूचना अधिकारियों को दी गई। इसके बाद—
पायलट को विमान से उतारा गया
वैंकूवर इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर
पायलट के दो बार ब्रेथ एनालाइजर टेस्ट कराए गए
दोनों टेस्ट में यह पुष्टि हुई कि पायलट उड़ान के लिए फिट नहीं थे।
🔴 टेकऑफ से पहले टली बड़ी अनहोनी
Air India pilot drunk case में सबसे चिंताजनक पहलू यह रहा कि पायलट टेकऑफ से ठीक पहले नशे की हालत में पाए गए। यदि समय रहते जांच न होती, तो यह मामला यात्रियों की जान के लिए गंभीर खतरा बन सकता था।
कनाडाई अधिकारियों ने इस त्वरित कार्रवाई को संभावित विमानन हादसे की रोकथाम बताया है।
🔴 एअर इंडिया की प्रतिक्रिया: पायलट ड्यूटी से हटाया गया
घटना सामने आने के बाद एअर इंडिया ने आधिकारिक बयान जारी कर बताया कि—
पायलट को तत्काल फ्लाइट ड्यूटी से हटा दिया गया है
कनाडाई अधिकारियों की फिटनेस संबंधी चिंताओं के बाद आंतरिक जांच शुरू कर दी गई है
सुरक्षा प्रोटोकॉल के तहत दूसरे पायलट को तैनात किया गया
एअर इंडिया ने यह भी स्वीकार किया कि पायलट को हटाने के कारण फ्लाइट AI186 के रवाना होने में देरी हुई। यात्रियों से असुविधा के लिए माफी भी मांगी गई।
🔴 DGCA ने एक और पायलट को जारी किया नोटिस
इस घटना से एक दिन पहले ही एअर इंडिया से जुड़ा एक और सुरक्षा मामला सामने आया था। भारत के नागरिक विमानन महानिदेशालय (DGCA) ने एअर इंडिया के एक अन्य पायलट को कारण बताओ नोटिस जारी किया था।
यह नोटिस फ्लाइट AI-358 और AI-357 से संबंधित था, जिसमें—
एयरक्राफ्ट डिस्पैच
मिनिमम इक्विपमेंट लिस्ट (MEL)
और क्रू के निर्णयों
पर गंभीर सवाल उठाए गए थे।
🔴 तकनीकी खामियों के बावजूद उड़ान का आरोप
DGCA के अनुसार, बार-बार तकनीकी खराबी और सिस्टम डिग्रेडेशन के बावजूद फ्लाइट का संचालन किया गया। फ्लाइट AI-358 में एक दरवाजे के पास धुएं जैसी गंध की सूचना भी दी गई थी, जिसे गंभीर सुरक्षा संकेत माना गया।
DGCA ने कहा कि इन मामलों में विमान सुरक्षा से जुड़े महत्वपूर्ण मानकों का पालन नहीं हुआ।
🔴 अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एयरलाइन की साख पर असर
Air India pilot drunk case ने न केवल यात्रियों की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े किए हैं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एयर इंडिया की साख और सुरक्षा संस्कृति पर भी असर डाला है। लगातार सामने आ रही घटनाओं से यह स्पष्ट है कि एयरलाइन और नियामक एजेंसियों—दोनों के लिए यह एक चेतावनी है।

