Muzaffarnagar News: परिषदीय विद्यालयों का औचक निरीक्षण, एबीएसए ने बच्चों को किया जागरूक
Muzaffarnagar News:मुजफ्फरनगर। पुरकाजी खंड शिक्षा अधिकारी पवन कुमार ने ब्लॉक के परिषदीय विद्यालयों का औचक निरीक्षण। दो स्कूलों में बच्चों की उपस्थिति कम मिलने पर प्रधानाध्यापकों से स्पष्टीकरण मांगा। स्कूलों में संचारी रोगों को लेकर बच्चों को जरूरी जानकारी दी।
एबीएसए पवन कुमार भाटी ने कंपोजिट उच्च प्राथमिक विद्यालय जय भगवानपुर, कंपोजिट्स उच्च प्राथमिक विद्यालय बरला, प्राथमिक विद्यालय शेरपुर नंबर दो, धुम्मनपुरी, बढीवाला, रेता नगला, उदयावली, सेठपुरा आदि का औचक निरीक्षण किया। भाटी ने स्कूली बच्चों को संचारी रोग के बारे में जानकारी दी। बताया कि डेंगू बुखार चल रहा है, नालियों को साफ रखें तथा घर में टायर व बर्तन आदि में पानी इकट्ठा न होने दी। पानी भरने वाली जगहों पर रोऽाना सफाई करे।
उच्च प्राथमिक विद्यालय बरला में बच्चों की उपस्थिति ४०त्घ्घ्न से कम तथा उच्च प्राथमिक विद्यालय बढ़ीवाला में भी बच्चों के कम आने के चलते दोनों विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को नोटिस देकर स्पष्टीकरण मांगा गया है।
एबीएसए ने पढ़ाई के साथ बच्चों को खेलने के लिए उपलब्ध कराई गई खेल किट का भी प्रयोग कराने को कहा। विद्यालयों में स्वास्थ्य विभाग द्वारा भेजी गई आयरन और एल्बेंडाजोल टैबलेट का वितरण सुनिश्चित कराने को कहा।
सामूहिक विवाह योजना के अंतर्गत कराये पंजीकरण
मुजफ्फरनगर। खिण्ड विकास अधिकारी चरथावल ने बताया कि शासन के निर्देशानुसार वित्तीय वर्ष २०२१-२२ से समाज कल्याण विभाग द्वारा अनुसूचित जातिध्जनजाति, अन्य पिछड़ा वर्ग, अल्पसंख्यक वर्ग एवं सामान्य वर्ग के गरीब व्यक्तियों के पुत्रियों की शादी कराने हेतु च्च्मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजनाज्ज् के अन्तर्गत माह नवम्बर २०२१ में विकास खण्ड चरथावल में सामूहिक विवाह कार्यक्रम का आयोजन किया जायेगा।
जिसके लिए इच्छुक जोडें खण्ड विकास अधिकारी कार्यालय चरथावल से आवेदन पत्र प्राप्त कर दिनांक १० नवम्बर २०२१ तक अपना पंजीकरण करा सकते है। योजनान्तर्गत पात्रता की शर्तें निम्न प्रकार हैः- १. कन्या के अभिभावक उत्तर प्रदेश के मूल निवासी हो। २. कन्याध्कन्या के अभिभावक की वार्षिक आय रू० २ लाख से अधिक नहीं होनी चाहिए। ३. पुत्री की आयु शादी की तिथि को १८ वर्ष तथा वर की आयु २१ वर्ष या उससे अधिक होना अनिवार्य है। ४. निर्धन परिवारों की कन्या के विवाहध्विधवा, परित्यक्ताध्तलाकशुदा जिसका कानूनी रूप से तलाक हो गया हो, का पुनः विवाह। ५. अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति तथा अन्य पिछडा वर्ग के आवेदकों को जाति प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना अनिवार्य होगा। ६. विवाह हेतु निराश्रित कन्या, विधवा महिला की पुत्री, दिव्यागंजन अभिभावक की पुत्री, ऐसी कन्या जो स्वयं दिव्यांग हो, को प्राथमिकता दी जायेगी।
उक्त योजनान्तर्गत एक जोडे पर कुल रूपया-५१०००-(रू० इक्यावन हजार मात्र) की धनराशि का व्यय किये जाने का प्रावधान है। इस योजना की विस्तृत जानकारी के लिए श्री धर्मेन्द्र कुमार, प्रभारी सहायक विकास अधिकारी (स०क०) एवं खण्ड विकास अधिकारी कार्यालय से सम्पर्क किया जा सकता है।

