Muzaffarnagar News: फाईनेंसर की हत्या के मामले में वांछित इनामी गौरव नेपाली मुठभेड में गिरफ्तार
मुजफ्फरनगर। (Muzaffarnagar News) मुजफ्फरनगर पुलिस ने फाईनेंसर के हत्यारोपित २५ हजार के ईनामी बदमाश गौरव नेपाली को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया। मुठभेड़ के दौरान पुलिस की गोली पैर में लगने से बदमाश घायल हो गया। जिसे जिला अस्पताल ले जाया गया। दबोचा गया बदमाश ६ जुलाई को मोरना में की गई फाईनेंसर की हत्या के मामले में वांछित चल रहा था।
पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी पर २५ हजार रुपये का ईनाम रखा था।एसपी देहात अतुल श्रीवास्तव ने बताया कि ६ जुलाई को छछरोली निवासी फाईनेंसर प्रवीण की मोरना में गोलियां बरसाकर हत्या कर दी गई थी। पुलिस ने ९ जुलाई को राजफाश करते हुए बताया था कि हत्याकांड प्रवीण की पत्नी ने अवैध संबंधों के चलते अंजाम दिलाया है।
इस मामले में दीपक उर्फ हनुमान पुत्र सोमपाल निवासी पट्टी मोहलू बाबली थाना बड़ात बागपत, शुभम पण्डित उर्फ विष्णु पुत्र रामधन निवासी टीकरी धीमान पट्टी थाना दोघट, बागपत, अंकित उर्फ सन्नी पुत्र प्रदीप, शेंकी उर्फ अमृत राठी पुत्र महीपाल, स्वीटी पत्नी प्रवीण कुमार निवासीगण ग्राम छछरौली थाना भोपा, मुजफ्फरनगर को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। जबकि मुख्य हत्यारोपित गौरव नेपाली पुत्र वीरेन्द्र निवासी शेरी थाना पंचेश्वर जनपद बेतड़ी, नेपाल हाल निवासी मोरना फरार हो गया था। पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी पर २५ हजार का ईनाम रखा था।
पुलिस के अनुसार मृतक फाईनेंसर प्रवीण की पत्नी स्वीटी के गौरव नेपाली से अवैध सम्बन्ध थे। जिसका विरोध प्रवीण करता था। पत्नी से परेशान होकर प्रवीण अपनी ०४ बीघा जमीन बेचकर ग्राम मोरना में किराये पर रहने लगा तथा शेष जमीन को भी वह बेचना या ट्रस्ट को देना चाहता था। जिसका स्वीटी द्वारा विरोध किया जाता था। जमीन और घर को बेचने से रोकने के लिए स्वीटी ने अपने प्रेमी गौरव नेपाली के साथ मिलकर हत्या की साजिश रची थी।
पुलिस के अनुसार गौरव नेपाली ने प्रवीण की हत्या के लिए राजीव फौजी से संपर्क किया था। राजीव फौजी ने दो शूटर दीपक व शुभम पंडित को प्रवीण की हत्या के लिए कहा। गांव छछरोली के ही रहने वाले अंकित व शेंकी ने प्रवीण की रेकी व मुखबिरी की तथा शूटर दीपक व शुभम को गांव के रास्तों के बारे में जानकारी दी थी।
प्रवीण की पत्नी स्वीटी ने शूटर दीपक, शुभम व राजीव फौजी को ०१-०१ लाख रुपये हत्या के बाद देने का वादा किया था। गौरव नेपाली ने ही हत्या में प्रयुक्त हथियार शूटर्स को दिये थे। जिसके बाद ६ जुलाई की रात को अंकित व शैंकी की सूचना पर दीपक व शुभम मोटरसाइकिल पर मोरना आये जिसे गौरव नैपाली चला रहा था, तथा प्रवीण की हत्या को अंजाम दिया।
एसपी देहात अतुल श्रीवास्तव तथा भोपा थाना प्रभारी निरीक्षक बिजेन्द्र रावत ने बताया कि हत्याकांड के बाद से मुख्य हत्यारोपित गौरव नेपाली फरार चल रहा था। उस पर पुलिस ने २५ हजार का ईनाम भी रखा था। मुखबिर से सूचना मिली थी कि कुछ बदमाश बड़ी अपराधिक वारदात को अंजाम देने के इरादे से जंगल बिहारगढ चौकी क्षेत्र शुक्रताल में घूम रहा है।
जिसके बाद बताए स्थान के आसपास थाना भोपा पुलिस ने जाल बिछाते हुए तलाशी अभियान शुरू किया। बताया कि देर रात चेकिंग के दौरान एक संदिग्ध बाइक पर आता नजर आया। पुलिस ने उसे रोकने का प्रयास किया तो उसने बाइक रोककर पुलिस पर फायरिंग की।
बताया कि जवाबी पुलिस फायरिंग में बदमाश को पैर में गोली लगी। जिसे घायल अवस्था में अस्पताल ले जाया गया। बदमाश ने अपना नाम गौरव नेपाली बताया। उससे एक तमंचा तथा बाइक बरामद की गई।

