दिल्ली मुख्यालय: पुलिसकर्मियों का धरना-प्रदर्शन जारी
दिल्ली की तीस हजारी कोर्ट के बाहर बीते शनिवार (2 नवंबर) को पुलिस और वकीलों के बीच हुई हिंसक झड़प के मामले में दिल्ली पुलिस के जवान लगभग साढ़े सात घंटे से प्रदर्शन कर रहे हैं। बीते तीन दिनों से जहां देशभर में वकील इस घटना का विरोध कर रहे थे, वहीं आज दिल्ली पुलिस मुख्यालय के बाहर पुलिसकर्मी प्रदर्शन कर रहे हैं।ज्वाइंट सीपी राजेश खुराना भी प्रदर्शनकारियों को समझाने में नाकाम रहे। वह पुलिसवालों को अपनी ड्यूटी की याद दिला रहे थे तभी प्रदर्शनकारियों ने ‘हमें न्याय चाहिए’, ‘गो बैक’ और ‘मुद्दे की बात करो’ के नारे लगाने लगे। इस बीच माइक खराब होने से ज्वाइंट सीपी को वापस जाना पड़ा। पुलिसकर्मियों का एलान है कि कोई भी पुलिसकर्मी पुलिस मुख्यालय के बाद घर नहीं जाएगा। उनका कहना है कि उनके परिवार की महिलाएं और बच्चे भी इंडिया गेट पहुंच रहे हैं। इसी के तहत इंडिया और आसपास के इलाकों की सुरक्षा बढ़ा दी गई है।दिल्ली के पुलिस कमिश्नर अमूल्य पटनायक नाराज पुलिसकर्मियों से मिलने पहुंचे। उन्होंने प्रदर्शनकारियों से शांति बनाए रखने की अपील की है।
Rajesh Khurana, Joint Commissioner of Police, Delhi addresses the police personnel protesting at the Police Head Quarters (PHQ) in ITO: We are the one who enforce the law and we have to continue with our work. #DelhiPolice pic.twitter.com/Jkd61QkFi5
— ANI (@ANI) November 5, 2019
उन्होंने कहा, पिछले कुछ दिनों से परीक्षा की घड़ी है लेकिन ये हमेशा से रही हैं। हमने तरह-तरह की परिस्थिति को हैंडल किया। परिस्थिति उस दिन के हिसाब से सुधर रही है। तो इस स्थिति को हम परीक्षा की तरह माने और जो जिम्मेदारी हमें दी गई है उसे हम संभाले और कानूनी की रखवाली करें।हमारे लिए ये अपेक्षा की भी घड़ी है। हमसे सरकार और जनता अपेक्षा करती है और हमने उसे हमेशा पूरा किया वैसे आगे भी करें। ये हमारे लिए प्रतीक्षा की भी घड़ी है। प्रतीक्षा की घड़ी इसलिए भी कि हाईकोर्ट ने जो जांच कमेटी बैठाई है वह न्याय करेगी।उन्होंने प्रदर्शन कर रहे पुलिसवालों से ड्यूटी पर लौटने की अपील की। उन्होंने कहा कि जिस तरह दिल्ली पुलिस को उनके पूरे भाषण के दौरान जबरदस्त नारेबाजी जारी रही। पुलिसवालों ने नारेबाजी की कि, पुलिस कमिश्नर कैसा हो किरण बेदी जैसा हो। इन नारों के बीच पुलिस कमिश्नर को वापस लौटना पड़ा।
सीपी देवेश श्रीवास्तव- दिया आश्वासन
घायल पुलिसकर्मियों का ध्यान रखा जाएगा और रखा जा रहा है, उनका सर्वोत्तम इलाज चल रहा है
पुलिस वेलफेयर एसोसिएशन पूरे भारत में होगी
ये सभी कदम आपके लिए उठाए जा रहे हैं
आपकी मांगों को माना जाएगा हम पर भरोसा रखें
ज्वाइंट सीपी की बात सुनने के बाद पुलिसवाले फिर से गो बैक के नारे लगाने लगे और उन्हें बोलने भी नहीं दिया।दिल्ली पुलिस के इतिहास में इस तरह का प्रदर्शन पहली बार हो रहा है। इसी पर कांग्रेस ने मोदी सरकार को आड़े हाथों लिया है। कांग्रेस प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने ट्वीट कर लिखा, ’72 साल में पहली बार – पुलिस प्रदर्शन पर! क्या ये है भाजपा का ‘न्यू इंडिया’? देश को कहां और ले जाएगी भाजपा? कहां गुम हैं गृह मंत्री, श्री अमित शाह? मोदी है तो ही ये मुमकिन है!’
72 साल में पहली बार – पुलिस प्रदर्शन पर!
क्या ये है भाजपा का ‘न्यू इंडिया’?
देश को कहाँ और ले जाएगी भाजपा?
कहाँ गुम हैं गृह मंत्री, श्री अमित शाह?
मोदी है तो ही ये मुमकिन है!!! pic.twitter.com/SXNNF6vcYI
— Randeep Singh Surjewala (@rssurjewala) November 5, 2019
पुलिसकर्मियों को समझाने के लिए आला अधिकारी डीसीपी ईश सिंघल उनके बीच पहुंचे और कार्रवाई करने का भरोसा भी दिलाया लेकिन प्रदर्शनकारियों ने उनकी बात मानने के बजाय, ‘हमें न्याय चाहिए'(वी वांट जस्टिस) के नारे लगाए।
ईश सिंघल ने उनसे कहा कि आप लोगों की मंशा जायज है, आपका आना विफल नहीं जाएगा, हमलोग बैठकर बात करेंगे। यह सुनते ही प्रदर्शनरत पुलिसवाले शोर मचाने लगे।
