Venezuela पर अमेरिका का अब तक का सबसे बड़ा हमला: ट्रम्प के दावे अनुसार राष्ट्रपति मादुरो गिरफ्तार, डेल्टा फोर्स की कार्रवाई से हिली दुनिया
News-Desk
| 5 min read
Breaking World News, Donald Trump news, Global Politics, Latin America Conflict, Nicolas Maduro, US military action, venezuela, Venezuela crisisUS Venezuela attack ने पूरी दुनिया को हिला कर रख दिया। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने दावा किया कि अमेरिका ने वेनेजुएला पर “बड़े पैमाने पर सैन्य हमला” किया है और इस ऑपरेशन में वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस को गिरफ्तार कर देश से बाहर ले जाया गया है।
ट्रम्प के मुताबिक यह कार्रवाई अमेरिकी सेना की सबसे गोपनीय और घातक यूनिट डेल्टा फोर्स द्वारा अंजाम दी गई। यह शीत युद्ध के बाद अमेरिका का अमेरिकी महाद्वीप में सबसे बड़ा सैन्य बिल्ड-अप माना जा रहा है।
🔴 व्हाइट हाउस का दावा: “ब्रिलियंट ऑपरेशन”
डोनाल्ड ट्रम्प ने अमेरिकी मीडिया से बातचीत में कहा,
“यह एक शानदार ऑपरेशन था। इसमें बहुत गहरी योजना बनाई गई थी।”
उनका कहना है कि मादुरो को “देश से बाहर फ्लाइट के जरिए ले जाया गया”, हालांकि यह स्पष्ट नहीं किया गया कि उन्हें कहां रखा गया है। अमेरिका के एक अधिकारी ने कहा कि इस पूरे ऑपरेशन में किसी भी अमेरिकी सैनिक को नुकसान नहीं हुआ और मिशन योजना के अनुसार ही पूरा हुआ।
🔴 वेनेजुएला में अफरा-तफरी, राष्ट्रीय आपातकाल घोषित
अमेरिकी हमलों के तुरंत बाद वेनेजुएला सरकार ने राष्ट्रीय आपातकाल घोषित कर दिया। सरकार ने इसे “सैन्य आक्रमण और आतंकवादी हमला” करार दिया।
वेनेजुएला के गृह मंत्री डियोसडाडो काबेलो ने राजधानी काराकास से बयान जारी कर कहा कि यह हमला आम नागरिकों, बिजली संयंत्रों और राष्ट्रीय ढांचे को निशाना बनाकर किया गया।
उन्होंने जनता से शांति बनाए रखने और सेना व पुलिस पर भरोसा रखने की अपील की।
🔴 “मादुरो जिंदा हैं या नहीं?” – वेनेजुएला की मांग
वेनेजुएला की उप-राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज ने कहा कि सरकार को अभी तक यह जानकारी नहीं है कि मादुरो और उनकी पत्नी कहां हैं।
उन्होंने अमेरिका से “तत्काल प्रूफ ऑफ लाइफ” की मांग की है। इसी बीच वेनेजुएला ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की आपात बैठक बुलाने का अनुरोध किया है।
🔴 अमेरिका का रुख: अब और कार्रवाई नहीं
अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो के हवाले से कहा गया है कि मादुरो को अमेरिका में आपराधिक मामलों में ट्रायल का सामना करना होगा।
रिपब्लिकन सीनेटर माइक ली के अनुसार, अमेरिका फिलहाल वेनेजुएला के खिलाफ अतिरिक्त सैन्य कार्रवाई की योजना नहीं बना रहा।
🔴 आंखों देखी: “पैर कांप रहे थे, दिल धड़क रहा था”
काराकास में मौजूद एक चश्मदीद ने BBC को बताया,
“धमाकों से पूरा शहर हिल गया। दिल जोर-जोर से धड़क रहा था और पैर कांप रहे थे।”
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में राजधानी के ऊपर धुएं के विशाल गुबार उठते दिखाई दे रहे हैं।
🔴 हमले से पहले चीन की एंट्री
इस घटनाक्रम से कुछ ही घंटे पहले मादुरो ने चीन के विशेष दूत किउ शियाओची के नेतृत्व में आए प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात की थी। यह मुलाकात राष्ट्रपति शी जिनपिंग के संदेश के साथ हुई थी, जिसने हालात को और संवेदनशील बना दिया।
🔴 रूस, यूरोप और दुनिया की प्रतिक्रिया
रूस ने अमेरिका की कार्रवाई को “सशस्त्र आक्रामकता” बताते हुए कड़ी निंदा की और UN सुरक्षा परिषद की बैठक का समर्थन किया।
वहीं स्पेन, जर्मनी और बेल्जियम ने हालात पर गहरी चिंता जताई और तनाव कम करने की अपील की।
इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी ने कहा कि वे वेनेजुएला में रह रहे करीब 1.6 लाख इटालियनों की सुरक्षा पर नजर बनाए हुए हैं।
🔴 हवाई क्षेत्र बंद, शरणार्थी संकट की आशंका
अमेरिकी फेडरल एविएशन एडमिनिस्ट्रेशन ने वेनेजुएला के हवाई क्षेत्र में अमेरिकी उड़ानों पर रोक लगा दी है।
कोलंबिया के राष्ट्रपति गुस्तावो पेट्रो ने सीमा पर सुरक्षा बल तैनात कर दिए हैं और बड़े पैमाने पर शरणार्थियों के आने की आशंका जताई है।
🔴 क्या अब भी अनसुलझा है
मादुरो और उनकी पत्नी कहां हैं
हमलों में कितने नागरिक मारे या घायल हुए
कितने ठिकानों पर हमला हुआ और कितना नुकसान हुआ
ट्रम्प ने यह फैसला क्यों लिया, इसकी पूरी वजह
इन सभी सवालों पर दुनिया की नजर अब ट्रम्प की आगामी प्रेस कॉन्फ्रेंस (16:00 GMT) पर टिकी है।

