वैश्विक

Varanasi news: अखिलेश यादव, असदुद्दीन,अकबरुद्दीन समेत सात लोगों केस खिलाफ नामजद मुकदमा दायर करने की गुहार

Varanasi news: ज्ञानवापी मामला में नेताओं की भी एंट्री हो गई है। सोमवार को एक एडवोकेट ने बनारस के सीजेएम की अदालत में याचिका दायर की है। इसमें सपा प्रमुख अखिलेश यादव, एआईएमआईएम अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी व उनके छोटे भाई अकबरुद्दीन समेत सात लोगों केस खिलाफ नामजद मुकदमा दायर करने की गुहार कोर्ट से लगाई गई है। याचिका में दो सौ अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने की अपील की गई है।

एडवोकेट हरिशंकर पांडेय ने अपनी याचिका में अखिलेश व ओवैसी के अलावा मुफ्ती ए बनारस अब्दुल बातिन नोमानी, ज्ञानवापी मस्जिद के अंजुमन इंतेजामिया कमेटी के अध्यक्ष मौलाना अब्दुल वाकी, संयुक्त सचिव सैय्यद मोहम्मद यासीन को भी आरोपी बनाया है। उनका कहना है कि अखिलेश, ओवैसी समेत इन सात लोगों ने ज्ञानवापी विवाद पर बयान देकर हिंदुओं की भावनाओं को ठेस पहुंचाई है। जबकि अज्ञात लोगों पर कोर्ट कमीशन कार्यवाही के दौरान विरोध, बाधा पहुंचाने और वुजूखाने में गंदगी फैलाने का आरोप है। अदालत इस अर्जी पर मंगलवार को सुनवाई करेगी।

पांडेय का कहना है कि छह मई को सर्वे टीम ज्ञानवापी मस्जिद के अंदर कमीशन की कार्यवाही करने गई थी। वहां जुमे की नमाज के लिए बड़ी संख्या में मुस्लिम पक्ष के लोग मौजूद थे। नमाजियों ने वुजूखाने में हाथ-पैर धोए और गंदगी फैलाई। जबकि वो हमारे आराध्य भगवान शिव का स्थान है। यह हिंदू समाज के लिए अपमानजनक है। इन पर एक्शन जरूरी है।

 वाराणसी स्थित ज्ञानवापी परिसर में वीडियोग्राफी-सर्वे के दौरान वजूखाने में कथित रूप से शिवलिंग मिलने के बाद मंदिर मस्जिद को लेकर चल रहे विवाद ने तूल पकड़ लिया है। सुप्रीम कोर्ट के मामले में दखल देने के बाद ये विवाद और तूल पकड़ गया है। हिंदू पक्ष दावा कर रहा है कि दरअसल मस्जिद के भीतर से शिवलिंग मिला है। वहीं मुस्लिम पक्ष इसे फव्वारा बता रहा है।

AIMIM चीफ ओवैसी लगातार खुलकर अपनी राय रख रहे हैं। वो मुस्लिम पक्ष को सही बता रहे हैं। उनका दावा है कि ज्ञानवापी मस्जिद के वजूखाने में जो आकृति मिली है, वो शिवलिंग नहीं फव्वारा है।

ओवौसी ने न्यू यॉर्क टाइम्स का एक पुराना आर्टिकल शेयर कर 2700 साल पुराने फव्वारे की कहानी बताई गई है। उनका कहना है कि संघी जीनियस पूछ रहे हैं कि बिना बिजली के फव्वारा कैसे था? इसे ग्रेविटी कहते हैं। ओवैसी ने शिवलिंग मिलने के हिंदू पक्ष के दावे के बीच कहा था कि बनारस की ज्ञानवापी कयामत तक मस्जिद ही रहेगी।

Courtesy: This article is extracted with thanks & zero benefits from:

Source link

News-Desk

News Desk एक समर्पित टीम है, जिसका उद्देश्य उन खबरों को सामने लाना है जो मुख्यधारा के मीडिया में अक्सर नजरअंदाज हो जाती हैं। हम निष्पक्षता, सटीकता, और पारदर्शिता के साथ समाचारों को प्रस्तुत करते हैं, ताकि पाठकों को हर महत्वपूर्ण विषय पर सटीक जानकारी मिल सके। आपके विश्वास के साथ, हम खबरों को बिना किसी पूर्वाग्रह के आप तक पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध हैं। किसी भी सवाल या जानकारी के लिए, हमें संपर्क करें: info@poojanews.com

News-Desk has 21406 posts and counting. See all posts by News-Desk

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

seventeen − 11 =