Muzaffarnagar News: आशा सम्मेलन का हुआ भव्य आयोजन
Muzaffarnagar News:मुजफ्फरनगर। चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग द्वारा आज नुमाइश पंडाल में आशा सम्मेलन का आयोजन किया गया सम्मेलन का शुभारंभ माननीय मुख्य अतिथि राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार श्री कपिल देव अग्रवाल एवं बुढ़ाना विधायक उमेश मलिक जी द्वारा किया गया।
आशा सम्मेलन में आशाओं को संबोधित करते हुए माननीय मंत्री श्री कपिल देव अग्रवाल जी ने कहा कि आशा बहनों द्वारा स्वास्थ्य योजनाओं का लाभ प्रत्येक आम जनमानस को उनकी चौखट पर पहुंचकर दिलवा कर स्वास्थ्य के क्षेत्र में एक मिसाल कायम कर रही हैं। माननीय विधायक श्री उमेश मलिक जी द्वारा आशाओं को संबोधित करते हुए कहा कि आशाओं द्वारा कोरोना काल में किया गया कार्य अतुलनीय एवं अत्यंत प्रशंसनीय है।
आशा सम्मेलन में आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रम में खतौली ब्लॉक की आशाओं को समूह नृत्य- मैंने पढ़े-लिखे के ब्हाईये मेरी मां को प्रथम, मोरना ब्लॉक की आशाओं को कोरोना टीकाकरण नाटक पर द्वितीय तथा जानसठ से ब्लॉक की आशाओं को आयो रे शुभ दिन आयो रे समूह नृत्य में तृतीय पुरस्कार दिया गया।
इसके साथ ही प्रत्येक ब्लॉक की तीन आशाओं को सर्वात्तम कार्य करने पर प्रोत्साहन राशि देकर पुरस्कृत किया गया प्रथम स्थान प्राप्त करने वाली आशाओं को घ्५००० द्वितीय स्थान प्राप्त करने वाली आशाओं को घ्३००० तथा तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले आशाओं को घ्२००० की प्रोत्साहन राशि प्रदान की गई।
कार्यक्रम में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ महावीर सिंह फौजदार ,अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ अरविंद पवार, डॉक्टर शरण सिंह, डॉक्टर प्रशांत कुमार ,सिटी मजिस्ट्रेट सहित समस्त ब्लॉकों के चिकित्सा अधीक्षक एवं प्रभारी चिकित्सा अधिकारी उपस्थित रहे कार्यक्रम का संचालन जिला स्वास्थ्य शिक्षा अधिकारी द्वारा किया गया। कार्यक्रम का संचालन डा. गीताजंलि वर्मा ने किया।
प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर विशेष शिविरों का आयोजन किया जाएगा
मुजफ्फरनगर। नए साल में सरकार बीमार नहीं बल्कि स्वस्थ बच्चों की सेहत पर अधिक ध्यान देगी। ०-६ वर्ष तक के बच्चों के पोषण स्तर में सुधार के लिए महिला एवं बाल विकास मंत्रालय के आदेश पर जनपद में स्वस्थ बालक-बालिका स्पर्द्धा कार्यक्रम चलेगा। पोषण अभियान के तहत आठ से १४ जनवरी तक चलने वाले इस कार्यक्रम में जिले के प्रत्येक आंगनबाड़ी केंद्र, पंचायत, स्कूल, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर विशेष शिविरों का आयोजन किया जाएगा।
छोटे बच्चों की सेहत सुधार के प्रति सरकार गंभीर है। महिला एवं बाल विकास मंत्रालय ने इस संबंध में गंभीर कदम उठाने का निर्णय लिया है। बच्चों में पोषण के मामले में जन जागरूकता और जन भागीदारी बढ़ाई जाएगी। इसके साथ ही पोषण स्तर में सुधार, व्यवहार परिवर्तन करते हुए पोषण के अभियान को जन आंदोलन बनाने की तैयारी है।
जिसके लिये आठ से १४ जनवरी के बीच स्वस्थ बालक-बालिका स्पर्द्धा कार्यक्रम का आयोजन होगा। स्वस्थ बच्चे की पहचान कर उसको और उसके परिवार को सम्मानित भी किया जाएगा। नोडल अधिकारी डीएम सीबी सिंह रहेंगे। जो जिला पोषण समिति की बैठक में कार्यक्रम क्रियान्वयन योजना बनाते हुए संबंधित विभाग को निर्देशित करेंगे।
स्वस्थ बच्चों पर कुपोषित की तुलना में अधिक ध्यान-महिला एवं बाल विकास मंत्रालय भारत सरकार से जारी गाइड लाइन के मुताबिक पोषण अभियान के तहत ८ से १४ जनवरी तक आयोजित स्वस्थ बालक-बालिका स्पर्द्धा कार्यक्रम में स्वस्थ बच्चों पर कुपोषित की तुलना में अधिक ध्यान दिया जाएगा।
स्वास्थ्य एवं पोषण से समुदाय को जोड़ना उद्देश्य-समुदाय को बच्चे के स्वास्थ्य एवं पोषण से भावनात्मक स्तर से जोड़ना और स्वास्थ्य एवं पोषण के बारे में जागरूक करना कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य रहेगा। अभिभावकों में बच्चों के स्वास्थ्य को सुपोषित रखने के लिए प्रतिस्पर्द्धात्मक माहौल तैयार करना भी उद्देश्य रहेगा।
ऑनलाइन जारी हो सकेगा सेहत का सर्टिफिकेट-गाइडलाइन के मुताबिक २-६ वर्ष तक के बच्चों के माप की व्यवस्था घर पर ही की जा सकती है। ऐसे बच्चों के अभिभावक उनकी लंबाई, ऊंचाई और वजन लेते हुए एप्लीकेशन पर फीड करेंगे। यदि बच्चा स्वस्थ हुआ तो प्रमाण पत्र स्वतः जेनरेट हो जाएगा। जिसको अभिभावक अपलोड कर सकेंगे।

