विवाहिता को लेने आए मायके वालों को पीटा, पांच घायल
मुजफ्पफरनगर। एक ओर जहां सरकार और समाजिक संस्थाएं महिला सशक्तीकरण, भ्रूण हत्या जैसे मामलों के खिलाफ अभियान चला रही हैं। वहीं, कुछ लोग अभी भी बेटियों को बोझ मानते हैं।
खतौली थाना क्षेत्र के ग्राम गालिबपुर में ससुरालियों ने एक विवाहिता को केवल इसलिए घर से निकाल दिया, क्योंकि उसने एक साथ दो बेटियों को जन्म दिया था। इस मामले में विवाहिता के परिजनों ने ससुरालियों के खिलाफ तहरीर दी है।
सहारनपुर के बड़गांव थाना क्षेत्र के ग्राम नूनागढ़ी निवासी मुर्सलीन ने पुलिस को तहरीर दी है। जिसमें बताया गया है कि उसकी बेटी शहजादी की शादी पांच वर्ष पहले खतौली थाने के गांव गलिबपुर निवासी आदिल से हुई थी। शहजादी के ससुराली उससे बेटा चाहते थे, लेकिन शहजादी ने दो जुड़वा बेटियों को जन्म दिया, जो उसके ससुरालियों को रास नहीं आया और उन्होंने शहजादी के साथ मारपीट करनी शुरू कर दी।
आरोप है कि शहजादी का पति, ननद, सास और ससुर ने उसके साथ लाठी डंडों से जमकर मारपीट की, जिसमें शहजादी गंभीर रूप से घायल हो गई। घटना की जानकारी पर शहजादी के परिजन उसकी ससुराल पहुंचे और ससुरालियों को समझाने का प्रयास किया तो ससुरालियों ने उन पर भी हमला कर दिया।

