भारत और UAE स्थानीय मुद्राओं में करोबारी लेन-देन करने पर सहमत, द्विपक्षीय व्यापार 85 अरब अमेरिकी डॉलर तक पहुंचा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपनी दो दिवसीय फ्रांस दौरा समाप्त करने के बाद UAEपहुंच गये हैं. जहां उनकी मुलाकात यूएई के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाह्यान के साथ हुई. इस दौरान दोनों के बीच बहुआयामी द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत बनाने को लेकर चर्चा हुई. पीएम मोदी के दौरे के बीच यूएई और भारत के बीच कई समझौते भी हुए.
UAE के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान के साथ मुलाकात के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने घोषणा की और बताया, भारत और संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) स्थानीय मुद्राओं में कारोबारी लेन-देन करने पर सहमत हुए हैं. पीएम मोदी ने कहा, हम अपनी साझेदारी को मजबूत करने के लिए नयी पहल कर रहे हैं. दोनों देशों की मुद्राओं में व्यापार समझौते पर आज का समझौता हमारे मजबूत आर्थिक सहयोग और विश्वास को दर्शाता है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यूएई के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान से कहा, भारत आपको सच्चा दोस्त मानता है. पीएम मोदी ने कहा, मुझे अबू धाबी आकर और आपसे मिलकर खुशी हुई है. गर्मजोशी से किए गए स्वागत के लिए और आपके द्वारा दिए गए सम्मान के लिए मैं आपका धन्यवाद करता हूं. हर भारतीय आपको एक सच्चे दोस्त के रूप में देखता है.
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, भारत-यूएई द्विपक्षीय व्यापार 85 अरब अमेरिकी डॉलर तक पहुंच गया और जल्द ही 100 अरब डॉलर का आंकड़ा पार कर जाएगा. उन्होंने कहा, स्थानीय मुद्राओं में व्यापार के संबंध में यूएई के साथ समझौते से द्विपक्षीय व्यापार और निवेश को बढ़ावा मिलेगा. पिछले साल सीईपीए पर हस्ताक्षर के बाद से भारत-यूएई व्यापार में 20 प्रतिशत की वृद्धि देखी गई.
#WATCH | “Our bilateral trade has grown by 20%. For the first time, we have achieved $85 billion trade and soon we will achieve the target of $100 billion. If we decide, we can cross this milestone before the G20,” says PM Modi, in Abu Dhabi pic.twitter.com/42O4RBpvk1
— ANI (@ANI) July 15, 2023
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने ‘कॉप-28’ की संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) की अध्यक्षता के दौरान भारत के पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया. प्रधानमंत्री मोदी ने यूएई में होने वाले संयुक्त राष्ट्र जलवायु सम्मेलन ‘कॉप28’ के नामित अध्यक्ष डॉ सुल्तान अल जाबेर के साथ शनिवार को सार्थक बातचीत की. विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अरिंदम बागची ने ट्वीट किया, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यूएई में होने वाले ‘कॉप28’ के नामित अध्यक्ष एवं अबू धाबी नेशनल ऑयल कंपनी के ग्रुप सीईओ डॉ. सुल्तान अल जाबेर के साथ सार्थक बैठक की. उन्होंने कहा, डॉ जाबेर ने प्रधानमंत्री को आगामी ‘कॉप-28’ के बारे में जानकारी दी. प्रधानमंत्री ने ‘कॉप-28’ की यूएई की अध्यक्षता के दौरान भारत के पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया.
वर्ष 2023 का संयुक्त राष्ट्र जलवायु परिवर्तन सम्मेलन या कॉन्फ्रेंस ऑफ पार्टीज ऑफ द यूएनएफसीसी को सामान्य तौर पर ‘कॉप-28’ के रूप में जाना जाता है, जिसका आयोजन 30 नवंबर से 12 दिसंबर तक दुबई में होगा. वर्ष 1992 में पहला संयुक्त राष्ट्र जलवायु समझौता होने के बाद से इस सम्मेलन का आयोजन वार्षिक रूप से होता है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का यूएई के राष्ट्रपति भवन ‘कसर अल वतन’ में पारंपरिक स्वागत किया गया जहां यूएई के राष्ट्रपति ने उनकी आगवानी की. प्रधानमंत्री ने सलामी गारद का निरीक्षण भी किया. इस दौरान बच्चे अपने हाथों में तिरंगा लिए हुए थे.
भारत और यूएई के बीच आर्थिक भागीदारी को नयी गति देने वाले वृहद आर्थिक साझेदारी समझौते (सीईपीए) पर कोविड-19 महामारी के दौरान हस्ताक्षर किए गए थे. भारत और यूएई व्यापार, निवेश, ऊर्जा, खाद्य सुरक्षा, विज्ञान और प्रौद्योगिकी, शिक्षा, फिनटेक, रक्षा, सुरक्षा और लोगों के बीच संपर्क जैसे क्षेत्रों में संबंधों को मजबूत बना रहे हैं. प्रधानमंत्री मोदी ने यूएई के राष्ट्रपति मोहम्मद बिन जायद से कहा, आपका दृष्टिकोण और स्पष्ट सोच भारत-यूएई संबंधों की सबसे बड़ी धरोहर है.

