Muzaffarnagar News: ईंट निर्माता समिति द्वारा दूसरे दिन भी धरना जारी
Muzaffarnagar News:मुजफ्फरनगर। मुजफ्फरनगर ईंट निर्माता समिति के पदाधिकारियों ने कचहरी स्थित डीएम कार्यालय पर एकत्रित होकर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को सम्बोधित एक ज्ञापन जिला प्रशासन को सौपा। जिसमे मंाग की गई कि जी.एस.टी.काउंसिल की दिनांक 17 सितम्बर 2021 को लखनउ में सम्पन्न 45 वीं बैठक मे भटठे मे निर्मित लाल ईटो पर कर की दर मे 600 व 240 प्रतिशत वृद्धि का प्रस्ताव अव्यवहारिक होने के कारण वापस लिए जाने की मंाग की है।
ज्ञापन मे अवगत कराया कि जी.एस.टी.काउंसिल की 45 वीं बैठक में भटठो मे निर्मित लाल ईटो पर कर दर मे बिना आईटीसी क्लेम किए एक से बढाकर 6 प्रतिशत तथा आईटीसी क्लेम करने पर कर दर 5 प्रतिशत से बढाकर 12 प्रतिशत किए जानने का प्रस्ताव एक अप्रैल,2022 से पारित किया गया हे।
भटठे की ईंटो पर दो प्रकार के व्यवहारिक एवं अनुचित कर दर वृद्धि प्रस्ताव को वापस लिए जाने के औचित्य यह है कि सरकार भली प्रकार अवगत है कि ईंट भटठा एक ग्र्रामीण कुटीर सीजनल प्रकृति का उद्योग है। विगत दो वर्ष से कोरोना महामारी के कारण जहंा एक और ईट व्यवस्थाय पूरी तरह चैपट और घाटे मे है, वहीं दूसरी और जनसाधारण का भी काम-काज बुरी तरह प्रभावित होने के कारण वित्तिय स्थिती खराब है।
ऐसे हालात मे जनसाधारण के निर्णय की मूलभूत आवश्यक्ता ईटो पर कर दर बढाने का प्रस्ताव जनविरोधी है।यह है कि मैनलयुफैक्चर्स सेक्टर के 40 लाख तक सालाना टर्नओवर व्यवसाय जी.एस.टी. मे कर मुक्त है।
जबकि काउंसिल की 45 वीं बैठक मे ईट निर्माताओ के लिए 20 लाख रूपये सालाना टर्नओवर तक कर मुक्त का प्रस्ताव किया गया है जो कि ईट भटठा व्यापारियो के साथ घोर अन्याय है।
धरने के दौरान भटटा व्यवसाय से जुडी विभिन्न समस्याओ से अवगत कराया गया। इस दौरान संगठन के अध्यक्ष राजेन्द्र सिंह तोमर, महामन्त्री मौहम्मद शमशाद अली, कोषाध्यक्ष सतीश कंसल,संरक्षक लेखराज सिह, रणवीर सिह, लोकेन्द्र देशवाल, मनीष राठी,गुलफाम सहित दर्जनो भटटा मालिक मौजूद रहे।

