ग्रहों की शांति के लिए लाभकारी हैं ये पौधे
आपने कभी सोचा है कि घर के बड़े-बुजुर्ग घर की चारों दिशाओं में कोई न कोई पौधा क्यों लगाते थे। आपको जानकर हैरानी होगी कि इन पौधों में ग्रह दशाओं को ठीक करने की क्षमता होती है।
इसलिए बड़े-बुजुर्ग घर की चारों दिशाओं में अलग-अलग पौधे लगाते थे।
बृहस्पति का दोष
अगर कुंडली में बृहस्पति दोष हो तो घर के पिछले हिस्से में केले का पेड़ लगाएं।यह पौधा बृहस्पति देवता का स्वरुप होता है। इसलिए केले का पौधा लगाने से कुंडली में व्याप्त बृहस्पति का दोष भी समाप्त हो जाता है। साथ ही धन संबंधी परेशानियों से भी राहत मिलती है।
केले के पेड़ की पूजा करने से दांपत्य जीवन में भी बहुत अच्छा सुधार आता है
चंद्र दोष
अगर कुंडली में चंद्र दोष हो तो घर के बीचों-बीच आंगन में हरसिंगार का पौधा लगाना चाहिए।इस पौधे को घर के बीचों-बीच या पिछले हिस्से में लगाने से आर्थिक संपन्नता प्राप्त होती है।
लेकिन इसकी देखभाल में लापरवाही न बरतें क्योंकि इस पौधे के सूख जाने से मन-मस्तिष्क पर नकारात्मक प्रभाव पड़ता है।
शुक्र ग्रह दोष
अगर कुंडली में शुक्र दोष हो तो घर के आंगन में तुलसी का पौधा लगाएं।ऐसा करने से घर से नकारात्मक उर्जा दूर हो जाती है और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। साथ ही घर-परिवार के सभी सदस्यों के जीवन में सुख-समृद्धि का वास होता है।
ध्यान रखें जिनका शुक्र ग्रह कमजोर है उन्हें नियमित रूप से शाम को तुलसी के आगे दीप प्रज्वलित करना चाहिए।
राहु-केतु दोष
अगर कुंडली में राहु-केतु का दोष हो तो घर में अनार का पौधा लगाना चाहिए। इससे राहु-केतु के नकारात्मक प्रभाव को कम होता है।
वास्तुशास्त्र के अनुसार घर के सामने अनार का पेड़ लगाना शुभता लेकर आता है।
इसके अलावा अगर नियमित रूप से प्रत्येक सोमवार को अनार के फूल को शहद में डुबोकर भगवान शिव को समर्पित किया जाए तो इससे बड़ी से बड़ी मुश्किल आसानी से दूर हो जाती है।
शनि दोष
अगर कुंडली में शनि दोष हो तो घर में शमी का पेड़ लगाना चाहिए। मान्यता है कि शमी में सभी देवताओं का वास होता है और इस पेड़ का संबंध शनि महाराज से भी है।
इसलिए वास्तुशास्त्र के अनुसार शमी के पौधे को घर के मुख्य द्वार के बायीं ओर लगाना चाहिए। साथ ही नियमित रूप से शमी के नीचे सरसों के तेल का दीपक जलाएं।
इससे शनिदेव की कृपा बनी रहेगी और बिगड़ते कार्य भी बनने लगते हैं।
तीन ग्रहों का दोष
अगर कुंडली में बुध, शनि और बृहस्पति ग्रह का दोष हो तो पीपल लगाना चाहिए।मान्यता है कि पीपल की नियमित पूजा करने, जल चढ़ाने और परिक्रमा करने से संतान दोष नष्ट होता है और बीमारियों से निजात मिलता है।
लेकिन ध्यान रखें कि पीपल का बोनसाई पेड़ घर के पिछले हिस्से में लगाएं तो यह उन्नति एवं लोगों के स्वास्थ्य को बेहतर बनाए रखने में सहायक होता है।
सूर्य और मंगल का दोष
अगर कुंडली में सूर्य और मंगल का दोष हो तो घर में गुड़हल का पौधा लगाना चाहिए।यह पौधा सूर्य और मंगल ग्रह से जुड़ा हुआ है।
मान्यता है कि मंगल ग्रह को प्रसन्न करने के लिए पवनसुत को गुड़हल का फूल अर्पित करें। साथ ही सूर्यदेव को जल अर्पित करते समय उसमें गुड़हल का फूल डालकर अर्घ्य दें।
ऐसा करने से जातक को अत्यंत लाभ होता है और वास्तुदोष भी दूर होता है। गुड़हल का पौधा घर में कहीं भी लगा सकते हैं। यह अत्यंत लाभकारी होता है।

