पैग़ाम ए इश्क़
अब और कहा तक, ये रिश्ता निभाया जाए, ये मसला ए इश्क़, अब तो सुलझाया जाए, फैसला चाहे जो
Read more...अब और कहा तक, ये रिश्ता निभाया जाए, ये मसला ए इश्क़, अब तो सुलझाया जाए, फैसला चाहे जो
Read more...क्या सरहद पर जाकर लड़ना है या आग में तुमको जलना है देशभक्ति के नाते केवल घर में ही
Read more...बेवजह घर से निकलने की ज़रुरत क्या है? मौत से आँख मिलाने की ज़रुरत क्या है? सबको मालूम है
Read more...पड़ा भयावह रूप सहित वह पृथ्वी के हर कोने में हिला दिया जग वह सूक्ष्म जीव भीड़ सिमटी घरों
Read more...धर्म इस संसार को जानने व समझने वाले मार्ग की ओर ले जाता है। व्यक्ति की पहचान उसके धर्म
Read more...अस्त से उदय होते देखना मुझे
देना नई विवेचना!
चढ़ते सूरज को सलाम
करते है लोग ,कहते है
जीवन है प्रारंभ से अंत
हो जाता हूं मै अंत से फिर प्रारंभ
नए अर्थ मैं देखना, मेरे इस रुप को
Read more...बहुत विडंबना है हम आज भी एक ऐसे समाज का हिस्सा है जहां पर रंग का महत्व बहुत देखने
Read more...महत्वपूर्ण बात यह है कि कलाकार आशावादी होते हैं उनके लिए निराशा का कोई स्थान नहीं है आधुनिक समाज में कलाकार इसलिए भी दुखी है क्योंकि इस समाज में कलाकारी का अर्थ ही बदल गया है। आधुनिक समाज में नैतिकता के पैमाने बदले हैं इस समाज का एक रूप भारी दिखावा भी है।-Akshay
Read more...हाल ही में डॉ रेड्डी के साथ हुए हादसे से विहवल हो छात्र स्वास्तिक ने अपनी कलम से अपने
Read more...मां वो है जिसने भगवान को जना है मां वो है जिसके दम पर संसार बना है। मां वो
Read more...इंडी-सुपरस्टार राधिका आप्टे को हाल ही में एक लीडिंग मैगज़ीन के कवर पर ’डिजिटल क्वीन’ के टाइटल से संबोधित
Read more...